संभावित हमले को सुरक्षा बलों ने किया नाकाम, कोई हताहत नहीं
दुबई। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच दुबई में शुक्रवार को तेज धमाकों की आवाज से हड़कंप मच गया। शहर के मध्य क्षेत्र में हुए इन धमाकों के बाद आसमान में काले धुएं का गुबार देखा गया, जिससे इलाके में कुछ समय के लिए दहशत का माहौल बन गया। हालांकि प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में बताया है और किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार दुबई के केंद्रीय इलाके में शुक्रवार को अचानक दो तेज धमाकों की आवाज सुनाई दी, जिससे आसपास की कई इमारतों में कंपन महसूस किया गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि धमाकों के बाद आसमान में काले धुएं का घना गुबार उठता दिखाई दिया, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं।
घटना के संबंध में दुबई मीडिया ऑफिस ने जानकारी देते हुए बताया कि सुरक्षा बलों ने संभावित हमले को समय रहते विफल कर दिया। कार्रवाई के दौरान हमले से जुड़ा कुछ मलबा पास की एक इमारत के बाहरी हिस्से पर गिर गया, जिससे भवन को आंशिक नुकसान पहुंचा है। अधिकारियों ने बताया कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि या घायल होने की खबर नहीं है।
धमाकों के तुरंत बाद शहर की प्रमुख सड़क शेख जायद रोड पर पुलिस और आपातकालीन वाहनों के सायरन सुनाई देने लगे। सुरक्षा एजेंसियों ने एहतियातन आसपास के क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू कर दी। यह घटना दुबई इंटरनेशनल फाइनेंशियल सेंटर के नजदीक बताई जा रही है।
गौरतलब है कि दुबई में लगातार दूसरे दिन इस तरह की घटना सामने आई है। इससे पहले गुरुवार को भी शहर के अल बदा इलाके में ड्रोन से जुड़ी एक संदिग्ध गतिविधि की खबर सामने आई थी, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया था।
क्षेत्र में बढ़ते तनाव को देखते हुए प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और शहर में सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया गया है।
देहरादून। राज्य में कानून व्यवस्था को लेकर सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्त कार्रवाई की गई है। हरिद्वार में अवैध खनन पर राज्य की पुष्कर सिंह धामी सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है। साथ ही सीएम धामी के निर्देश पर इकबालपुर चौकी प्रभारी समेत पूरा स्टाफ सस्पेंड कर दिया गया है।
अवैध खनन से संबंधित एक ऑडियो सामने आने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर हरिद्वार जनपद की इकबालपुर पुलिस चौकी में तैनात पूरे स्टाफ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार इकबालपुर क्षेत्र में अवैध खनन से जुड़े मामले में पुलिसकर्मियों की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर यह कार्रवाई की गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार द्वारा तत्काल निर्णय लेते हुए चौकी प्रभारी सहित पूरी चौकी के छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है तथा मामले की विस्तृत जांच एसपी देहात को सौंप दी गई है।
निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों में उपनिरीक्षक नवीन सिंह चौहान (चौकी प्रभारी इकबालपुर), हेड कांस्टेबल विरेन्द्र शर्मा, हेड कांस्टेबल हरेन्द्र, कांस्टेबल विपिन कुमार, कांस्टेबल देवेश सिंह तथा कांस्टेबल प्रदीप शामिल हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट कहा है कि राज्य में अवैध खनन, भ्रष्टाचार या किसी भी प्रकार की अनियमितता को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी जिन अधिकारियों पर है, यदि वही अपने कर्तव्यों में लापरवाही या अनुचित गतिविधियों में संलिप्त पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि मामले की निष्पक्ष और त्वरित जांच सुनिश्चित की जाए तथा दोषी पाए जाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
आज की तेज़ रफ्तार जिंदगी में लोग क्या खा रहे हैं इस पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन कैसे खा रहे हैं, इस पर कम ध्यान दिया जाता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि भोजन का तरीका और बैठने की मुद्रा भी पाचन और संपूर्ण स्वास्थ्य पर गहरा असर डालती है। सही पोस्चर में भोजन करना न केवल पाचन तंत्र को बेहतर बनाता है, बल्कि कई स्वास्थ्य समस्याओं से भी बचाव कर सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार आजकल कई लोग सोफे, बिस्तर या आरामदायक मुद्रा में लेटकर या झुककर भोजन करने की आदत रखते हैं, जो पाचन तंत्र के लिए सही नहीं मानी जाती। गलत पोस्चर में भोजन करने से पेट पर दबाव बढ़ता है और शरीर को भोजन पचाने में अधिक मेहनत करनी पड़ती है। इसके कारण बदहजमी, गैस, एसिडिटी और ओवरईटिंग जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि भोजन करते समय रीढ़ की हड्डी को सीधा रखकर बैठना सबसे बेहतर माना जाता है। पारंपरिक तरीके से पालथी मारकर यानी सुखासन में बैठकर भोजन करना पाचन के लिए लाभकारी माना जाता है। इससे पेट की मांसपेशियों को पर्याप्त जगह मिलती है और पाचन प्रक्रिया सुचारू रूप से काम करती है। यदि जमीन पर बैठना संभव न हो तो डाइनिंग टेबल पर भी सीधे बैठकर आराम से भोजन किया जा सकता है।
विशेषज्ञ यह भी सलाह देते हैं कि भोजन को धीरे-धीरे और अच्छी तरह चबाकर खाना चाहिए। जल्दबाजी में भोजन करने से हवा भी पेट में चली जाती है, जिससे गैस और भारीपन की समस्या बढ़ सकती है। इसके साथ ही पेट को पूरी तरह भरने के बजाय लगभग 70 से 80 प्रतिशत तक ही भोजन करना स्वास्थ्य के लिए बेहतर माना जाता है।
खाना खत्म करने के तुरंत बाद उठने के बजाय कुछ देर शांत बैठना भी फायदेमंद बताया जाता है। विशेषज्ञों के अनुसार भोजन के बाद कुछ मिनट आराम से बैठने से शरीर पाचन प्रक्रिया के लिए तैयार होता है और भोजन बेहतर तरीके से पचता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि खानपान की सही आदतों के साथ-साथ भोजन करने का सही तरीका अपनाना भी जरूरी है। यह छोटा सा बदलाव पाचन संबंधी समस्याओं को कम करने के साथ-साथ शरीर को अधिक ऊर्जावान और स्वस्थ बनाए रखने में मदद कर सकता है।
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रुद्रप्रयाग। जनपद में सड़क सुरक्षा और आपदा प्रबंधन के प्रति सतर्कता का उदाहरण पेश करते हुए रुद्रप्रयाग पुलिस ने एक सड़क दुर्घटना में त्वरित कार्रवाई कर वाहन चालक की जान बचा ली। पुलिस की तत्परता से चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और बड़ा हादसा टल गया।
जानकारी के अनुसार, चौकी घोलतीर क्षेत्र के राष्ट्रीय राजमार्ग पर शुक्रवार को एक टाटा टियागो कार (संख्या UK07 FK 5694) अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई। दुर्घटना की सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी घोलतीर जयवीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए वाहन में फंसे चालक को सुरक्षित बाहर निकाला। चालक की पहचान राजेन्द्र सिंह बिष्ट पुत्र स्वर्गीय भगवान सिंह बिष्ट, निवासी सिलोडी, नारायणबगड़ (जिला चमोली) के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि वह ऋषिकेश से नारायणबगड़ की ओर जा रहे थे, तभी रास्ते में वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया। पुलिस की त्वरित कार्रवाई के कारण चालक पूरी तरह सुरक्षित हैं।
पुलिस प्रशासन ने सभी वाहन चालकों से अपील की है कि पर्वतीय मार्गों पर वाहन चलाते समय गति सीमा का विशेष ध्यान रखें और पूरी सावधानी बरतें, ताकि दुर्घटनाओं से बचा जा सके।
पौड़ी। चारधाम यात्रा पर आने वाले लाखों श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों को बेहतर अनुभव उपलब्ध कराने तथा धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से श्रीनगर स्थित प्रसिद्ध धारी देवी मंदिर परिसर को आकर्षक वॉल वॉशर लाइटिंग से सजाया गया है। आधुनिक तकनीक से स्थापित की गई रंग-बिरंगी रोशनी से मंदिर परिसर रात के समय अत्यंत भव्य और मनमोहक दिखाई दे रहा है। शाम ढलते ही मंदिर परिसर में जगमगाती रोशनी का दृश्य श्रद्धालुओं और पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है और मंदिर की आध्यात्मिक गरिमा के साथ-साथ उसकी सौंदर्यात्मक भव्यता भी और अधिक निखर कर सामने आ रही है।
जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने बताया कि धारी देवी मंदिर एक पौराणिक एवं आस्था का प्रमुख केंद्र है, जहां प्रतिवर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं पर्यटक दर्शन के लिए पहुंचते हैं। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं तथा एक यादगार अनुभव प्रदान करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि पूर्व में उपजिलाधिकारी तथा पर्यटन विभाग को निर्देश दिए गए थे कि चारधाम यात्रा मार्ग पर स्थित प्रमुख धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों को और अधिक आकर्षक बनाया जाए, ताकि यहां आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर वातावरण और सुविधाएं उपलब्ध हो सकें। इसी क्रम में धारी देवी मंदिर परिसर में आधुनिक एवं प्रोग्रामिंग आधारित लाइटिंग व्यवस्था स्थापित की गई है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और जिला प्रशासन चारधाम यात्रा को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और आकर्षक बनाने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। इसी दिशा में यात्रा मार्ग के प्रमुख धार्मिक स्थलों का सौंदर्यीकरण तथा सुविधाओं के विस्तार से जुड़े कार्य भी किए जा रहे हैं।
जिला पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार लाइटिंग व्यवस्था का कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराया गया है। उन्होंने बताया कि यह अत्याधुनिक प्रोग्रामिंग आधारित लाइटिंग सिस्टम है, जिसका संचालन कंप्यूटर के माध्यम से किया जाता है। इस प्रणाली के माध्यम से विभिन्न रंगों और पैटर्न की रोशनी मंदिर परिसर में प्रदर्शित होती है, जिससे रात के समय मंदिर की भव्यता और अधिक आकर्षक दिखायी देती है। उन्होंने बताया कि कंपनी द्वारा 2 मार्च को यह कार्य सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया था। उन्होंने कहा कि इस पहल में मंदिर समिति, स्थानीय नागरिकों तथा संबंधित विभागों का भी सक्रिय सहयोग रहा, जिससे मंदिर परिसर के सौंदर्यीकरण का कार्य समयबद्ध रूप से पूरा हो सका।
मंदिर के पुजारी लक्ष्मी प्रसाद पाण्डेय ने जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि धारी देवी मंदिर चारधाम यात्रा मार्ग पर स्थित एक प्रमुख आस्था केंद्र है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं और यात्रा के दौरान यह संख्या और भी बढ़ जाती है। ऐसे में मंदिर परिसर में स्थापित आधुनिक लाइटिंग व्यवस्था से श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक वातावरण के साथ एक सुंदर और आकर्षक अनुभव भी प्राप्त होगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि रंग-बिरंगी रोशनी से सजा मंदिर परिसर अब रात के समय अत्यंत आकर्षक दिखाई दे रहा है, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए यह एक नया आकर्षण बनेगा तथा क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के तहत जन सुविधाओं के विकास, आपदा न्यूनीकरण के प्रयासों, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के अवस्थापना सुविधाओं के विकास के साथ पार्किंग, सामुदायिक भवनों के निर्माण, विकासखंड स्तर पर स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास आदि के लिए 44.64 करोड़ की धनराशि की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय आपदा प्रबन्धन प्राधिकरण द्वारा नेशनल लैंडस्लाइड रिस्क मिटीगेशन प्रोग्राम (एनएलआरएमपी) विषयक कार्यशाला में एनडीएमए द्वारा सम्भावित जोखिम संवेदनशील भू-स्खलन क्षेत्रों के न्यूनीकरण हेतु प्रथम किश्त के रूप में ₹ 1.00 करोड़ की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न जनपदों के राजकीय औद्योगिक आस्थानों की मरम्मत/सुदृढीकरण कार्य हेतु एम०एस०एम०ई० अवस्थापना विकास मद के अन्तर्गत कुल धनराशि ₹ 1.99 करोड़, राजकीय जनजाति छात्रावास खटीमा, ऊधम सिंह नगर में विभिन्न (02) मरम्मत एवं निर्माण कार्यों हेतु ₹ 46.14 लाख एवं राजकीय जनजाति छात्रावास काशीपुर, ऊधम सिंह नगर में विभिन्न (02) मरम्मत एवं निर्माण कार्य हेतु ₹ 37.71 लाख की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।
मुख्यमंत्री द्वारा जनपद देहरादून के विधानसभा क्षेत्र धर्मपुर के अन्तर्गत गोर्खासंध धर्मशाला, चन्द्रबनी के जीर्णाेद्धार एवं पार्किंग का निर्माण किये जाने हेतु ₹ 38.97 लाख, जनपद देहरादून के विधानसभा क्षेत्र मसूरी के गुनियाल गांव सामुदायिक भवन का जीर्णाेद्धार व सौन्दर्यीकरण किये जाने हेतु ₹ 65.93 लाख के साथ ही जिला कारागार, सितारगंज के विस्तारीकरण संबंधी कार्य हेतु ₹ 38.15 करोड की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।
मुख्यमंत्री द्वारा 15वें वित्त आयोग की संस्तुतियों के क्रम में स्थानीय शासनों के माध्यम से स्वास्थ्य क्षेत्र हेतु संस्तुत अनुदान के अन्तर्गत ब्लॉक स्तर पर लोक स्वास्थ्य इकाईयों की वित्तीय वर्ष 2024-25 हेतु अनुमोदित कार्ययोजना के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 मे ₹ 1.62 करोड़ की धनराशि अवमुक्त किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।
टेलीविजन इंडस्ट्री की नौवें हफ्ते की टीआरपी रेटिंग सामने आ गई है, जिसमें इस बार भी कुछ दिलचस्प बदलाव देखने को मिले हैं। कई लोकप्रिय धारावाहिकों के बीच कड़ी टक्कर रही, लेकिन दर्शकों की पसंद के आधार पर कुछ शो ने अपनी मजबूत पकड़ बनाए रखी। खास बात यह है कि ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ लगातार शीर्ष स्थान पर बना हुआ है, जबकि अन्य सीरियल्स की रैंकिंग में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
टीआरपी की ताजा सूची में पहले स्थान पर एक बार फिर ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी 2’ ने कब्जा जमाया है। नौवें हफ्ते में इस शो को 2.1 की रेटिंग मिली है, जो पिछले हफ्ते के मुकाबले थोड़ी बढ़ी है। धारावाहिक में आ रहे नए मोड़ और ड्रामा दर्शकों को बांधे हुए हैं। शो में मुख्य भूमिका में स्मृति ईरानी नजर आ रही हैं, जिनकी वापसी को दर्शकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है।
दूसरे स्थान पर लोकप्रिय शो ‘अनुपमा’ रहा है। इस हफ्ते इस सीरियल की टीआरपी 1.9 दर्ज की गई है। पिछले हफ्ते के मुकाबले इसमें बढ़ोतरी देखने को मिली है। हाल ही में शो की कहानी में आए लीप और नए ट्रैक ने दर्शकों की दिलचस्पी को फिर से बढ़ा दिया है।
वहीं टीआरपी लिस्ट में तीसरे नंबर पर ‘तुम से तुम तक’ ने जगह बनाई है, जिसे 1.7 की रेटिंग मिली है। चौथे स्थान पर ‘उड़ने की आशा’ रहा, जिसकी टीआरपी 1.6 दर्ज की गई। इसके अलावा ‘नागिन 7’ भी टॉप 5 में शामिल रहा, हालांकि इस बार इसकी रेटिंग में थोड़ी गिरावट देखने को मिली और इसे 1.6 की टीआरपी के साथ पांचवां स्थान मिला।
(साभार)
विधानसभा में उठा गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी और जमाखोरी का मुद्दा
भराड़ीसैंण। उत्तराखंड विधानसभा के बजट सत्र 2026 के चतुर्थ दिवस की द्वितीय पाली (भोजनावकाश के उपरांत) में विपक्ष द्वारा प्रदेश में गैस सिलिंडरों की कालाबाजारी और जमाखोरी का मुद्दा सदन में उठाया गया।
इस पर संज्ञान लेते हुए विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने पीठ से कहा कि “गैस एक बहुत एसेंशियल कमोडिटी है इसलिए सरकार और प्रशासन को किसी प्रकार की जमाखोरी , डायवर्जन और ब्लैक मार्केटिंग के विरुद्ध सख्ती से कार्यवाही करनी चाहिए, इसका सरकार ध्यान रखें।”
अध्यक्ष ने कहा कि आम जनता को आवश्यक वस्तुओं की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करना सरकार और प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है, इसलिए इस विषय पर विशेष सतर्कता बरती जाए।
कहा प्रदेश की जनता कांग्रेस के चरित्र को जानती है
गैरसैंण। प्रदेश के पर्यटन, धर्मस्व, संस्कृति, लोक निर्माण, सिंचाई, पंचायतीराज, ग्रामीण निर्माण एवं जलागम मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि भराड़ीसैंण (गैरसैंण) पर उनके बयान को लेकर लेकर विपक्ष जानबूझ कर हो हल्ला कर रहा है। उन्होंने कहा कि भराड़ीसैंण से मेरा आशय यह था कि भराड़ीसैंण ग्रीष्मकालीन राजधानी है लेकिन लेकिन उससे नीचे गैरसैंण और आसपास के क्षेत्रों को विकसित करने के लिए पर्यटन डेस्टिनेशन के साथ-साथ अन्य अवस्थापना सुविधाओं का निर्माण किया जाये। जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार के पर्याप्त अवसर उपलब्ध हो सकें।
महाराज ने कहा कि गैरसैंण के विकास को लेकर उनके द्वारा दिए गए बयान को तोड़-मरोड़कर कर पेश किया गया। जबकि उनका बयान ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण के अलावा गैरसैंण के पूरे क्षेत्र के समग्र विकास के दृष्टिगत रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल को आरोप लगाने से पूर्व इस बात की भी जानकारी होनी चाहिए कि भराड़ीसैंण में विधानसभा भवन को बनवाने में मेरी क्या भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि मेरे बयान को अनावश्यक तूल देकर कांग्रेस गैरसैंण के विकास में अवरोध उत्पन्न कर अपना राजनीति उल्लू सीधा करना चाहती है।
उन्होंने कहा कि भराड़ीसैंण (गैरसैंण) के विकास को लेकर वह लंबे समय से अपना विचार रखते आये हैं। उनके प्रयासों से ही 2013 में तत्कालीन मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने गैरसैंण में विधानसभा भवन का शिलान्यास किया था। इसलिए मेरे बयान को को तोड़-मरोड़कर पेश करके कांग्रेस जनता को बर्गलाने की कतई कोशिश न करें क्योंकि प्रदेश की जनता कांग्रेस के चरित्र को भली-भांति जानती है।
गौरतलब है कि गैरसैंण को वेडिंग डेस्टिनेशन बनाने सम्बन्धी बयान पर महाराज पर विपक्ष ने खूब हमला बोला। साथ ही सोशल मीडिया पर भी महाराज बहुत ट्रोल हो रहे हैं।
जन–जन की सरकार, जन–जन के द्वार”- बड़ोलीबड़ी में बहुउद्देशीय शिविर सम्पन्न, 106 ग्रामीण हुए लाभान्वित
बहुउद्देशीय शिविर में 29 शिकायतें दर्ज, 02 का मौके पर निस्तारण, 09 ग्रामीणों के विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्र हेतु भरवाए गए आवेदन
पौड़ी। राज्य सरकार द्वारा संचालित “जन–जन की सरकार, जन–जन के द्वार” कार्यक्रम के तहत विकासखंड यमकेश्वर की न्याय पंचायत बड़ोलीबड़ी के अंतर्गत विकास खंड सभागार में बहुउद्देशीय शिविर आयोजित किया गया। शिविर की अध्यक्षता तहसीलदार वैभव जोशी ने की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन पर जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार अभियान के तहत आयोजित शिविर में ग्रामीणों ने 29 शिकायतें दर्ज कीं, जिनमें से 02 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। वहीं विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों के माध्यम से 106 लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिया गया जबकि 09 ग्रामीणों के विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्र बनाए जाने हेतु आवेदन पत्र भरवाए गए।
तहसीलदार ने कहा कि इन शिविरों के माध्यम से विभाग जनता के बीच जाकर उनकी समस्याएं सुन रहे हैं। विभागीय स्टॉलों के जरिये लोगों को न केवल सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जा रही है, बल्कि पात्र लाभार्थियों को तत्काल लाभ भी पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को प्राप्त हुई शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए।
नोडल अधिकारी/पर्यटन विकास अधिकारी खुशाल सिंह नेगी ने बताया कि शिविर में स्वास्थ्य, समाज कल्याण, जिला सहकारिता, पंचायतीराज, कृषि, उद्यान, खाद्य पूर्ति, राजस्व विभाग सहित 23 विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए थे। जिनमें विभिन्न योजनाओं से 106 लोगों को योजनाओं से लाभान्वित किया गया।
इस अवसर पर ब्लॉक प्रमुख सीता चौहान, जिला पंचायत सदस्य बचन सिंह बिष्ट, कविता डबराल, खंड विकास अधिकारी आकाश बेलवाल, खंड शिक्षा अधिकारी मास्टर आदर्श, सहायक समाज कल्याण अधिकारी महेश प्रताप सिंह सहित अन्य जन प्रतिनिधि, संबंधित अधिकारी और स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
