सीएम बोले— लोगों की सुरक्षा में संसाधनों की कमी नहीं होने देंगे, विशेषज्ञों की राय भी ली जाएगी
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पौड़ी जनपद में वन्य जीवों के हमलों में स्थानीय लोगों के मारे जाने या घायल होने की दु:खद घटनाओं का संज्ञान लेते हुए, सचिव एसएन पांडेय को पौड़ी जनपद में कैम्प करते हुए, स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर वन्य जीवों से आम लोगों के बचाव की रणनीति तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कैम्प कार्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक में, हाल के दिनों में प्रदेश के भीतर वन्य जीवों के हमले में आम लोगों के मारे जाने या घायल होने की घटनाओं पर चिंता जताई। उन्होंने विशेषकर पौड़ी जनपद की घटनाओं का संज्ञान लेते हुए, सचिव राजस्व और सचिव मुख्यमंत्री एसएन पांडेय को पौड़ी पहुंच दो दिन तक कैम्प करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने सचिव राजस्व को निर्देश दिए कि, जिला प्रशासन, वन अधिकारियों और स्थानीय लोगों के साथ विचार- विमर्श कर, वन्य जीवों के हमलों से बचाव की रणनीति तय की जाए। उन्होंने कहा कि सरकार वन्य जीवों से आम लोगों को सुरक्षित रखने के लिए संसाधनों की कमी नहीं होने देगी। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि इस काम में विशेषज्ञों की राय ली जाए, साथ ही लोगों को जागरुक भी किया जाए। मुख्यमंत्री वन्य जीवों के हमलों में मारे गए लोगों के परिजनों का तत्काल राहत राशि विवरण के साथ ही घायलों का भी समुचित उपचार के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने युवा खिलाड़ियों से बातचीत कर सुविधाओं का लिया जायजा
बागेश्वर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जनपद बागेश्वर के दो दिवसीय दौरे पर हैं। मुख्यमंत्री ने आज प्रातः काल भ्रमण के दौरान सरयू नदी के तट पर पहुंचकर वहाँ चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने स्थानीय नागरिकों से भेंट कर उनका हालचाल जाना तथा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को लेकर उनसे फीडबैक भी प्राप्त किया।
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री धामी इंडोर स्टेडियम पहुंचे, जहां उन्होंने नवोदित खिलाड़ियों के साथ बैडमिंटन खेलकर उनका उत्साहवर्धन किया। इस दौरान उन्होंने युवा खिलाड़ियों से बातचीत कर उन्हें उपलब्ध खेल सुविधाओं और आवश्यकताओं की जानकारी भी ली।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेल इंफ्रास्ट्रक्चर को विश्व स्तरीय बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है, ताकि उत्तराखंड के उभरते खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें।
सैलानियों को भा रहा सिटी फॉरेस्ट पार्क, पर्यटकों ने की एमडीडीए द्वारा दी जा रही सुविधाओं की तारीफ
पार्क की हर दिन बढ़ती जा रही है लोकप्रियता, बड़ी संख्या में प्रतिदिन पहुंच रहें है लोग, पार्क से सहस्त्रधारा क्षेत्र में बढ़ी पर्यटन की संभावनाएँ- बंशीधर तिवारी
देहरादून – मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दूरदर्शी सोच और हरित-शहरीकरण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता का परिणाम सिटी फॉरेस्ट पार्क आज देहरादून की नई जीवनधारा बन चुका है। उद्घाटन के बाद से ही यह पार्क न केवल स्थानीय निवासियों की पहली पसंद बनकर उभरा है, बल्कि राज्य के विभिन्न हिस्सों से आने वाले सैलानियों के लिए भी आकर्षण का प्रमुख केंद्र बन गया है। बच्चों, युवाओं, वरिष्ठ नागरिकों और पर्यटकों से भरपूर इस पार्क ने शहर को एक नई ऊर्जा, नई पहचान और प्रकृति से जुड़ने का स्वच्छ वातावरण प्रदान किया है। एमडीडीए द्वारा विकसित यह पार्क आधुनिक हरित अवसंरचना और प्राकृतिक सौंदर्य का दुर्लभ संगम प्रस्तुत करता है।
सिटी फॉरेस्ट पार्क में लगातार बढ़ रही आवाजाही
आज सुबह उपाध्यक्ष एमडीडीए बंशीधर तिवारी सिटी फारेस्ट पार्क के निरीक्षण पर पहुंचे। जहां उन्होंने एमडीडीए द्वारा दी जा रही तमाम सुविधाओं का निरीक्षण किया व पार्क में हो रहे कार्यों को लेकर अधिकारियों से फीड बैक लिया। इस दौरान उन्होंने पार्क भ्रमण के लिए आये लगभग 1 हजार से अधिक स्कूली बच्चों, छात्र-छात्राओं और उनके परिजनों तथा विभिन्न राज्यों से आए पर्यटकों से भी विस्तार से बातचीत की। और पार्क को लेकर फीडबैक लेने के साथ ही एमडीडीए द्वारा दी जा रही सुविधाओं को लेकर भी बातचीत की। इस दौरान सभी ने एक स्वर में एमडीडीए द्वारा विकसित सुविधाओं, स्वच्छता, सुरक्षा और पार्क के प्राकृतिक माहौल की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
मुख्यमंत्री धामी की दूरदृष्टि का साकार रूप
उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि सहस्त्रधारा रोड स्थित सिटी फॉरेस्ट पार्क, जो लगभग 12.45 हेक्टेयर क्षेत्र में विकसित किया गया है, देहरादून की नई पहचान बन रहा है। यह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का ड्रीम प्रोजेक्ट है, जिसे आधुनिक हरित विकास, पर्यावरण संरक्षण और शहरी स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि यह पार्क प्रकृति, योग, आयुर्वेद, फिटनेस, बच्चों के खेल, पर्यटन और शांत वातावरण इन सभी का अनूठा मिश्रण है। यहां आते ही शहर का शोर पीछे छूट जाता है और एक प्राकृतिक वन जैसी अनुभूति मिलती है, जो देहरादून जैसे तेजी से विकसित होते शहर के लिए अत्यंत आवश्यक है।
उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा सिटी फॉरेस्ट पार्क के शुभारंभ के बाद से हर दिन बड़ी संख्या में लोग यहाँ पहुंच रहे हैं। स्थानीय परिवारों के साथ-साथ राज्य के अलग-अलग जिलों से आए सैलानी भी यहां की प्राकृतिक सुंदरता और आधुनिक सुविधाओं का अनुभव लेने आ रहे हैं। खास बात यह है कि पार्क बच्चों की पहली पंसद बन चुका है। प्रतिदिन माता-पिता के साथ ही जनपद व अन्य शहरों से भी बड़ी संख्या में स्कूलों के बच्चे और छात्र-छात्रायें यहां एजुकेशन व पर्यावरण टूर के लिए पहुंच रहे हैं। सभी पार्क में एक नए तरह का शिक्षाप्रद वातावरण पाकर बेहद उत्साहित दिखाई देते हैं। प्राकृतिक रास्तों पर टहलना, ट्री हाउस में खेलना और खुले वातावरण में सीखना बच्चों को अत्यंत पसंद आ रहा है।
शिक्षा, मनोरंजन और प्रकृति का संगम
आज पार्क में बच्चों की असाधारण भीड़ रही। स्कूलों से आए छात्र प्राकृतिक पगडंडियों पर घूमे, बांस के बने गज़ेबो में बैठे, ट्री हाउस और बच्चों के भूलभुलैया क्षेत्र (डं्रम) में खूब खेलते दिखे। शिक्षकों ने बताया कि देहरादून में बच्चों के लिए इतना सुरक्षित और विशाल प्राकृतिक ओपन स्पेस मिलना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है।
वन जैसी शांति, शहर जैसी सुविधा
इस पार्क का विकास इस तरह किया गया है कि प्राकृतिक ढलान, पेड़-पौधों का आवरण, मौसमी नाले और मिट्टी की बनावट को यथावत रखा जा सके। इस कारण यहां का हर कोना जंगल जैसा सौम्य और शांत अनुभव प्रदान करता है।
पार्क की मुख्य विशेषताएँ–
1.2 किमी वन-वॉक फिटनेस ट्रेल
3.5 मीटर चौड़ा प्राकृतिक परिधि मार्ग
आधुनिक साइकिल ट्रैक
प्राकृतिक ढलानों में बना डं्रम (बच्चों की भूलभुलैया)
झूला पुल, ध्यान एवं योग स्थल
एक्यूपंक्चर ज़ोन
रंग-बिरंगे फूलों की क्यारियाँ
खुले में सांस्कृतिक कार्यक्रमों हेतु ओपन एयर थिएटर
आकर्षक ट्री हाउस, बांस गज़ेबो
स्केटिंग रिंक, पठन क्षेत्र, पेबल वॉक, कैफेटेरिया
जैव विविधता को समर्पित वेटलैंड रिस्टोरेशन ज़ोन
इन सुविधाओं के कारण यह पार्क स्वस्थ जीवनशैली, मनोरंजन, शिक्षा और पर्यटन चारों को एक साथ समाहित करता है।
देहरादून का सबसे बड़ा आधुनिक हरित ढांचा
एमडीडीए ने लगभग 40.07 करोड़ रुपये की लागत से इस पार्क को आधुनिक हरित अवसंरचना का उत्कृष्ट मॉडल बनाने का लक्ष्य रखा है। पार्क का प्रवेश द्वार महासू देवता मंदिर की शैली में तैयार किया गया है, जो सांस्कृतिक सौंदर्य को आधुनिकता के साथ जोड़ता है। सुव्यवस्थित पार्किंग, टिकट घर, सूचना केंद्र, स्वच्छ शौचालय, पेयजल फव्वारे, आरामदायक बेंच, मुख्य पथ, जल पौधों वाला एक्वाटिक एरिया, परिदृश्य-आधारित वॉकवे और पूरे क्षेत्र में सफाई के उचित प्रबंध ये सब एमडीडीए की गुणवत्तापूर्ण कार्यप्रणाली को दर्शाते हैं।
सैकड़ो की संख्या में प्रतिदिन पहुंच रहे पर्यटक व स्थानीय लोग
उद्घाटन के बाद से रोजाना बड़ी संख्या में लोग पार्क में सैर, जॉगिंग, योग, फोटोग्राफी और पारिवारिक समय बिताने के लिए आ रहे हैं। बुजुर्गों के लिए सुरक्षित बैठने की व्यवस्था, महिलाओं के लिए फिटनेस ट्रैक और बच्चों के लिए सुरक्षित ओपन-प्ले एरिया इसे परिवारों का सबसे पसंदीदा गंतव्य बना रहा है।
पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई दिशा
सिटी फॉरेस्ट पार्क से सहस्त्रधारा क्षेत्र में पर्यटन की संभावनाएँ और बढ़ी हैं। इससे स्थानीय दुकानदारों, कैफे, छोटे व्यवसायों, गाइडों और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी। एमडीडीए का मानना है कि यह पार्क आने वाले समय में देहरादून की पर्यटन-छवि को नई ऊंचाई देगा।
हरित-पर्यटन पहचान का प्रमुख स्तंभ होगा पार्क – बंशीधर तिवारी
उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि बच्चों की भारी उपस्थिति ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह पार्क नई पीढ़ी के लिए अत्यंत उपयोगी और प्रेरणादायक बनेगा। उन्होंने कहा, “यह पार्क बच्चों की मुस्कान, युवाओं की ऊर्जा और परिवारों की खुशी को प्रकृति के बीच जोड़ने वाला एक जीवंत केंद्र बनेगा। आने वाले समय में यह देहरादून का धड़कता दिल और राज्य की हरित-पर्यटन पहचान का प्रमुख स्तंभ होगा।”
पार्क देहरादून की हरित धरोहर है- मोहन सिंह बर्निया
सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि सिटी फॉरेस्ट पार्क केवल एक पार्क नहीं, बल्कि राजधानी का हरित भविष्य है। यहाँ प्रकृति, स्वास्थ्य, योग, आयुर्वेद, बच्चों का खेल, पर्यटन और आधुनिक शहरी सौंदर्य सभी एक साथ मौजूद हैं। आने वाले वर्षों में यह पार्क देहरादून की पहचान और गौरव बनेगा।
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वर्ष 2027 में हरिद्वार में आयोजित होने वाले कुम्भ मेले में उत्तराखंड की देवडोलियों, लोक देवताओं के प्रतीकों और चल विग्रहों के स्नान एवं शोभायात्रा के लिए भव्य एवं सुव्यवस्थित व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुम्भ मेला हमारी महान धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत का महापर्व है। हरिद्वार कुम्भ में देवडोलियों के दिव्य स्नान और शोभायात्रा के आयोजन से देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालु देवभूमि उत्तराखंड की धार्मिक गरिमा और समृद्ध लोक परंपरा के दर्शन कर सकेंगे।
इस संबंध में मुख्यमंत्री धामी से मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में देवभूमि लोक संस्कृति विरासतीय शोभा यात्रा समिति के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात कर कुम्भ मेला 2027 में देवडोलियों की शोभायात्रा हेतु आवश्यक व्यवस्थाएं किए जाने का अनुरोध किया। प्रतिनिधिमंडल में समिति के कार्यकारी अध्यक्ष हर्षमणी व्यास सहित अन्य पदाधिकारी शामिल थे।
देहरादून – एचडीएफसी आर्गो इंश्योरेंस लिमिटेड जिला प्रशासन के नाम 8,92000 का चेक जमा कराया गया है। जिलाधिकारी सविन बंसल के सख्त रुख से जहां उपभोक्ताओं से ऋण बीमा धोखाधड़ी करने वाली कंपनियां बैक फुट पर है। वहीं जिला प्रशासन के कड़े और निडर फैसलों से असहाय प्रताड़ित महिला, बुजुर्ग, बच्चों को न्यायमिल रहा मिल रहा है। जिला प्रशासन ने नव वर्षीय बालिका की विधवा मां सुप्रिया को प्रताड़ित करने वाली बीमा कंपनी एचडीएफसी आरगो का इलाज कर दिया, बीमा कंपनी के सिर पर कुर्की की तलवार लटक रही है।
विगत दिवस फरियादी सुप्रिया नौटियाल पत्नी स्व० प्रदीप रतूड़ी द्वारा एक जिलाधिकारी सविन बसंल के समक्ष 15 नवम्बर 2025 गुहार लगाई कि उनके पति प्रदीप रतूड़ी द्वारा वाहन कय किये जाने हेतु प्रबन्धक, एचडीएफसी आरगो जीआईसी लि० से मु० 8,11,709/- का ऋण लिया गया था। सम्बंधित बैंक के द्वारा बताया गया कि लोन के पश्चात् बीमा एक अनिवार्य प्रक्रिया है, जो आईआरडीए के दिशा निर्देशों के अनुसार किसी भी ऋण को सुरक्षित करने के लिए आवश्यक है तथा एचडीएफसी अरगो जीआईसी लि० से पॉलिसी संख्या सीआई 24-14680 और सर्व सुरक्षा प्लस क्लेम नं० आरआर-सीआई 24-14680891 के माध्यम से बीमा कराया गया था। बीमा सम्बंधी दस्तावेज कभी भी डाक या कुरियर के माध्यम से भौतिक रूप से उपलब्ध नहीं कराये गये थे। उनके पति की मृत्यु के पश्चात् सुप्रियाय द्वारा बैंक से अपने पति द्वारा लिए गये लोन मु0 8,11,709/- को चुकाने हेतु दबाव बनाया जा रहा है तथा लोन न चुकाने की स्थिति में वाहन को उठा लेने की धमकी दी जा रही है, जिसके लिए सुप्रिया द्वारा सम्बंधित इंश्योरेंस कम्पनी के विरूद्ध कार्यवाही किये जाने का अनुरोध जिलाधिकारी से किया गया।
बीमित ऋण होने के बाद भी 09 वर्षीय मासूम बेटी की विधवा मॉ सुप्रिया को किया प्रताड़ित करने पर वाले एचडीएफसी आरगो जीआईसी लि० की डीएम ने 8.11 लाख की आरसी काटते हुए फरमान सुनाया है कि 05 दिन में ऋण माफी करें नही तो सम्पति कुर्क कर निलाम की जाएगी। जिलाधिकारी की चेतावनी और सख्त रूप से एचडीएफसी आरगो जीआईसी लि० ने 892000 का चेक तहसील सदर के नाम जमा कर दिया है।
इस प्रकार उपभोक्ताओं से धोखाधड़ी करने वाले अन्य बैंक एवं इंश्योरेंस कंपनियां भी डीएम के रडार पर हैं जिनके द्वारा बीमित ऋण होने के उपरान्त भी जनमानस को प्रताड़ित किया जा रहा है। ऋण बीमा धोखाधड़ी मामला डीएम तक पंहुच रहे हैं जिनका अंजाम सर्वव्यापी, सम्पति कुर्क; नीलामी; शाखा पर लगेगा ताला ऐसे की प्रकरणों पर कई मामालों में बैंक इंश्योरंश कम्पनियों की कुर्की हो चुकी है।
देहरादून। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने आज लोक भवन जाकर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) से शिष्टाचार भेंट की। इस मुलाकात के दौरान मंत्री जोशी ने राज्यपाल को राजभवन का नया नाम “लोक भवन” होने पर बधाई देते हुए आभार व्यक्त किया।
मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि राजभवन का नाम बदलकर लोक भवन किया जाना जनता की भावना और स्थानीय संस्कृति के अनुरूप एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने राज्यपाल का भी इस निर्णय को आगे बढ़ाने के लिए धन्यवाद प्रकट किया।
गौरतलब है कि वर्ष 2023 में उत्तरांचल महिला एसोसिएशन (उमा) की अध्यक्ष साधना शर्मा के नेतृत्व में महिलाओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी से कैंप कार्यालय में भेंट की थी। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को इस संबंध में एक पत्र मंत्री जोशी के माध्यम से भेजकर राजपथ की तर्ज पर ब्रिटिशकालीन ‘‘राजभवन’’ नाम को बदलने का आग्रह किया था।
देहरादून – यूकेएसएसएससी पेपर लीक मामले में गिरफ्तार असिस्टेंट प्रोफेसर सुमन चौहान को राहत नहीं मिली। सीबीआई की विशेष अदालत ने उनकी जमानत याचिका पर सुनवाई के बाद इसे खारिज कर दिया। जांच एजेंसी ने अदालत को बताया कि परीक्षा से ठीक पहले सुमन और आरोपी खालिद के बीच हुई बातचीत में महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं।
जांच रिपोर्ट के अनुसार, परीक्षा की सुबह 7:55 बजे खालिद ने सुमन को संदेश भेजा था, जिसमें उसने कहा—
“मैडम, थोड़ा समय निकाल लीजिए, मेरी बहन का एग्जाम है, MCQ सॉल्व करा दीजिए।”
सुमन ने 8:02 बजे इसका “ओके” लिखकर जवाब दिया। सीबीआई के मुताबिक यह चैट पेपर लीक की साज़िश में सुमन की संलिप्तता को मजबूत संकेत देती है।
जांच के दायरे में आए बेरोजगार संघ के नेता बॉबी पंवार से भी सीबीआई पहले ही लगभग नौ घंटे तक पूछताछ कर चुकी है। उनसे सुमन चौहान के साथ संपर्क, बातचीत और कथित पेपर उपलब्ध कराने से जुड़ी जानकारियों पर सवाल पूछे गए।
सीबीआई पहले ही 28 नवंबर को सुमन चौहान को गिरफ्तार कर चुकी है। एजेंसी का कहना है कि इसी पेपर को बॉबी पंवार तक पहुंचाया गया था, जिसके बाद पंवार ने प्रेस कांफ्रेंस कर भर्ती परीक्षा का पेपर लीक होने का दावा किया था।
एजेंसी अब इस पूरे नेटवर्क और इससे जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की गहराई से जांच कर रही है।
देहरादून- भारत निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तराखण्ड, देहरादून के निर्देशानुसार जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी सविन बंसल ने रायपुर ब्लॉक के आवासीय परिसर, तपोवन रोड स्थित EVM–VVPAT वेयरहाउस का निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप त्रैमासिक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने वेयरहाउस में रखी सभी EVM एवं VVPAT मशीनों के भौतिक सत्यापन, सुरक्षा प्रोटोकॉल, द्विस्तरीय लॉकिंग सिस्टम, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था, अग्नि सुरक्षा प्रबंधन तथा रख-रखाव की स्थिति का विस्तृत परीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने तथा किसी भी प्रकार की तकनीकी या भौतिक त्रुटि पाए जाने पर तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आयोजित निरीक्षण के समय राजनैतिक दलों के पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। उन्होंने निरीक्षण की पारदर्शिता एवं आयोग द्वारा निर्धारित मानकों के पालन को प्रत्यक्ष रूप से देखा।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी / उप जिला निर्वाचन अधिकारी अभिनव शाह, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी भी उपस्थित रहे।
देहरादून । बीते दिनों मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के देहरादून आईएसबीटी के औचक निरीक्षण के बाद बस अड्डे की व्यवस्थाओं में काफी सुधार देखने को मिला है।
मुख्यमंत्री के सख्त निर्देशों के बाद आईएसबीटी बस अड्डें में सफाई व्यवस्था, यात्री सुविधा, टिकट काउंटर और बसों के रूट संचालन और सुरक्षा प्रबंधन की बदली तस्वीर सामने आई है।
बस अड्डे पर कई व्यवस्थाएँ बेहतर हुई हैं और यात्रियों को सहुलियत मिल रही है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हाल ही में आईएसबीटी का औचक निरीक्षण किया था। उन्होंने बस स्टेशन पर यात्री सुविधाओं और सफाई व्यवस्थाओं को लेकर कड़े निर्देश दिए दिए। जिसके मद्देनजर बस स्टैंड परिसर में सफाई व्यवस्था बेहतर हुई।
वहीं, यात्री सूचना बोर्ड और अनाउंसमेंट सिस्टम को ठीक कराया गया है। पेयजल और शौचालय के बाहर बैठने की पर्याप्त व्यवस्था के साथ यात्रियों की सुरक्षा की दृष्टि से सभी सीसीटीवी कैमरे क्रियाशील कर दिए गए है।
बस अड्डे में तैनात सिक्योरिटी गार्ड नियमित रूप से प्लेटफार्म में चेकिंग करते नजर आ रहे हैं। बस स्टैंड के अंदर पार्किंग व्यवस्था को सुनियोजित तरीके से चलाया जा रहा है। इससे यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलने लगी है।
आईएसबीटी में बसों और सफाई कर्मचारियों की भी नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है।
आईएसबीटी को सुविधाजनक बनाने के एिल यहां पर बड़े-बड़े साइन बोर्ड, प्लेटफार्म में लगे पत्थरों का पुनर्निर्माण और परिसर में रोड निर्माण हेतु टेंडर जारी कर दिए हैं। आगामी दिनों में नये प्लेटफार्म की सुविधा भी यात्रियों को मिल सकेगी।
आईएसबीटी के स्थानीय दुकानदार सचिन रतूड़ी ने कहा कि जब से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी ने बस स्टैंड का औचक निरीक्षण किया है तब से यहां की सफाई व्यवस्था से लेकर यात्री सुविधाएं बेहतर हो चुकी है। उन्होंने कहा कि यात्रियों को यहां स्वच्छ पेयजल से लेकर शौचालय में साफ सफाई की उचित व्यवस्था मिल रही है।
बस स्टेशन में आगरा से आए यात्री मोहित बघेल ने कहा कि जिस तरह से उत्तराखंड का नाम धार्मिक स्थलों में गिना जाता है। वैसे ही यहां की व्यवस्थाएं भी चाक चौबंद नजर आ रही है। बस स्टेशन में भोजन, पेयजल, शौचालय एवं एटीएम की प्रॉपर सुविधा है।
आईएसबीटी के चीफ सिक्योरिटी ऑफिसर केशवानंद गुवाडी ने कहा कि मुख्यमंत्री के औचक निरीक्षण के बाद बस स्टेशन के अंदर परिसर की रोड का टेंडर हो चुका है। मुख्यमंत्री की स्वच्छ और शुभ यात्रा का संकल्प आईएसबीटी की बदलती तस्वीर में स्पष्ट झलक रहा है।
फरासू में लिफ्ट सिंचाई योजना का करेंगे शिलान्यास
बूंखाल-कालिंका मंदिर में आयोजित मेले में भी करेंगे प्रतिभाग
देहरादून- सूबे के कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत अपने विधानसभा क्षेत्र श्रीनगर के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह फरासू में लिफ्ट सिंचाई योजना के कार्यों का शिलान्यास करेंगे, साथ ही स्वीत गांव में रेल लाईन परियोजना प्रभावितों को मुआवजा राशि के चैक वितरित करेंगे। डॉ. रावत प्रत्येक वर्ष आयोजित होने वाले बूंखाल मेले में प्रतिभाग कर कालिंका मंदिर के भी दर्शन करेंगे। इसके साथ ही वह विधानसभा क्षेत्र में जनसम्पर्क कर आम लोगों की समस्याओं को भी सुनेंगे।
कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि वह 6 दिसम्बर से विधानसभा क्षेत्र श्रीनगर के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। अपने भ्रमण कार्यक्रम के दौरान वह शनिवार को बूंखाल में प्रत्येक वर्ष आयोजित होने वाले मेले में प्रतिभाग करेंगे। इस दौरान वह बूंखाल-कालिंका मंदिर का दर्शन कर क्षेत्रवासियों से भेंट करेंगे। इसके बाद डॉ. रावत क्षेत्र के विभिन्न गांवों में जनसम्पर्क कर आम लोगों की समस्याओं को सुनेंगे, दौरे के दौरान वह विभिन्न विद्यालयों, महाविद्यालयों व चिकित्सा इकाईयों का औचक निरीक्षण करेंगे। साथ ह ीवह क्षेत्र में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति की समीक्षा करेंगे।
डॉ. रावत फरासू में लिफ्ट सिंचाई योजना के कार्यों का शिलान्यास करेंगे। इसके उपरांत वह फरासू व चमधार में भूस्खलन जोन का स्थलीय निरीक्षण करेंगे तथा राष्ट्रीय राजमार्ग पर चल रहे कार्यों का जायजा लेंगे। हाल ही में डॉ. रावत के प्रयासों से दोनों भूस्खलन जोनों के ट्रीटमेंट के लिये 90 करोड़ की धनराशि स्वीकृत हुई। इसके उपंरात डॉ. रावत स्वीत गांव में आयोजित एक कार्यक्रम में रेल लाईन परियोजना के टनल निर्माण से प्रभावित भू-स्वामियों को मुआवजा राशि के चैक वितरित करेंगे। इसके बाद डॉ. रावत उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर में आयोजित कार्यक्रम में नवनिर्मित टाईप-5 आवासीय भवनों का लोकार्पण करेंगे।
