सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में खिताब बचाने उतरेगी टीम इंडिया
नई दिल्ली। गत चैंपियन भारतीय टीम टी20 विश्व कप में अपने अभियान की शुरुआत आज यानि शनिवार को अमेरिका के खिलाफ करेगी। यह मुकाबला मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाएगा। 2024 में रोहित शर्मा की कप्तानी में खिताब जीतने वाली भारतीय टीम इस बार सूर्यकुमार यादव के नेतृत्व में ट्रॉफी बचाने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
ओपनिंग जोड़ी पर सस्पेंस, बाएं हाथ के बल्लेबाजों की भरमार
मैच से पहले कप्तान सूर्यकुमार यादव ने बल्लेबाजी संयोजन को लेकर बड़ा संकेत दिया है। अभिषेक शर्मा के साथ ईशान किशन के पारी की शुरुआत करने की संभावना जताई जा रही है। टीम में बाएं हाथ के बल्लेबाजों की संख्या अधिक होने पर सूर्यकुमार ने इसे “अच्छी परेशानी” बताया। उन्होंने कहा कि आधुनिक क्रिकेट में बल्लेबाजों को हर तरह की गेंदबाजी के खिलाफ तैयार रहना होता है और अंतिम फैसला टीम के हित को देखते हुए लिया जाएगा।
विश्व कप से पहले झटका, हर्षित राणा बाहर
टूर्नामेंट शुरू होने से पहले भारतीय टीम को बड़ा झटका लगा है। स्टार तेज गेंदबाज हर्षित राणा चोट के कारण टी20 विश्व कप से बाहर हो गए हैं। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने इसकी पुष्टि करते हुए उनकी जगह अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को टीम में शामिल किया है।
खिताब का प्रबल दावेदार भारत
भारत और श्रीलंका की संयुक्त मेजबानी में शुरू हो रहे टी20 विश्व कप में भारतीय टीम को खिताब का प्रबल दावेदार माना जा रहा है। टीम शानदार फॉर्म में है और हाल ही में न्यूजीलैंड को पांच मैचों की टी20 सीरीज में 4-1 से हराया है। लगभग सभी खिलाड़ी लय में नजर आ रहे हैं, जो टीम के लिए सकारात्मक संकेत है।
मैच से जुड़ी अहम जानकारी
भारत बनाम अमेरिका टी20 विश्व कप मैच कब होगा?
07 फरवरी, शनिवार
मैच कहां खेला जाएगा?
वानखेड़े स्टेडियम, मुंबई
मैच का समय क्या है?
शाम 7:00 बजे से (टॉस शाम 6:30 बजे)
मैच कहां देखें?
टी20 विश्व कप का सीधा प्रसारण स्टार स्पोर्ट्स चैनलों पर होगा। वहीं, लाइव स्ट्रीमिंग जियोहॉटस्टार एप पर उपलब्ध रहेगी।
स्मृति मंधाना बनीं दो WPL खिताब जीतने वाली दूसरी कप्तान
नई दिल्ली। महिला प्रीमियर लीग (WPL) 2026 के फाइनल मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए दिल्ली कैपिटल्स को छह विकेट से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। जीत के बाद आरसीबी खेमे में जश्न का माहौल रहा, वहीं दिल्ली कैपिटल्स की कप्तान जेमिमा रोड्रिग्स ने हार से सीख लेकर आगे मजबूत वापसी की बात कही।
मैच के बाद आरसीबी ने अपनी टीम के साथ-साथ प्रशंसकों की भी जमकर सराहना की। कप्तान स्मृति मंधाना ने कहा कि आरसीबी जो कुछ भी करती है, वह अपने फैंस के लिए करती है और उनके प्रशंसक दुनिया के सबसे बेहतरीन फैंस हैं, जो हर जगह टीम का समर्थन करते हैं।
फाइनल में दिल्ली ने बनाए 203 रन
गुरुवार को वडोदरा के कोतांबी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी दिल्ली कैपिटल्स ने 20 ओवर में चार विकेट के नुकसान पर 203 रन बनाए। दिल्ली की ओर से कप्तान जेमिमा रोड्रिग्स ने 37 गेंदों में आठ चौकों की मदद से 57 रन की अहम पारी खेली। इसके अलावा वोल्वार्ड्ट ने 44 रन, लिजेल ली ने 37 रन और शेफाली वर्मा ने 20 रन बनाए। चिनेल हेनरी ने 15 गेंदों में 35 रन की नाबाद तूफानी पारी खेलकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया।
आरसीबी की ओर से लॉरेन बेल ने कसी हुई गेंदबाजी करते हुए चार ओवर में सिर्फ 19 रन दिए। सयाली सतघरे, अरुंधति रेड्डी और नदिन डी क्लर्क को एक-एक विकेट मिला।
मंधाना-वॉल की साझेदारी ने दिलाई जीत
203 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी आरसीबी को नौ रन के स्कोर पर पहला झटका लगा, जब ग्रेस हैरिस आउट हो गईं। इसके बाद कप्तान स्मृति मंधाना और जॉर्जिया वॉल ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 92 गेंदों में 165 रन की निर्णायक साझेदारी की। जॉर्जिया वॉल ने 54 गेंदों में 14 चौकों की मदद से 79 रन बनाए, जबकि मंधाना ने संयमित कप्तानी पारी खेली।
आरसीबी ने 19.4 ओवर में चार विकेट गंवाकर 204 रन बनाते हुए मुकाबला जीत लिया। दिल्ली की ओर से चिनेल हेनरी ने दो विकेट झटके, जबकि नंदिनी और मिन्नू को एक-एक सफलता मिली।
दूसरी बार चैंपियन बनी आरसीबी
इस जीत के साथ आरसीबी ने दूसरी बार महिला प्रीमियर लीग का खिताब अपने नाम किया। इससे पहले टीम 2024 में भी दिल्ली कैपिटल्स को फाइनल में हराकर चैंपियन बनी थी। कप्तान स्मृति मंधाना बतौर कप्तान दो डब्ल्यूपीएल खिताब जीतने वाली दूसरी खिलाड़ी बन गई हैं। इस मामले में उन्होंने मुंबई इंडियंस की कप्तान हरमनप्रीत कौर की बराबरी कर ली है, जिन्होंने 2023 और 2025 में खिताब जीता था।
मंधाना ने कहा कि फाइनल मुकाबले में 200 से अधिक रन का लक्ष्य हमेशा चुनौतीपूर्ण होता है, लेकिन टीम ने शांत रहकर आखिरी ओवरों में बेहतर गेंदबाजी और शानदार बल्लेबाजी से मैच अपने पक्ष में कर लिया।
दिल्ली चौथी बार फाइनल में, पहली ट्रॉफी की तलाश में उतरेगी कैपिटल्स
नई दिल्ली। महिला प्रीमियर लीग (WPL) 2026 अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुकी है। आज टूर्नामेंट का बहुप्रतीक्षित फाइनल मुकाबला रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और दिल्ली कैपिटल्स के बीच खेला जाएगा। यह खिताबी मैच वडोदरा के कोतांबी स्टेडियम में आयोजित होगा, जिस पर क्रिकेट प्रेमियों की निगाहें टिकी हैं।
स्मृति मंधाना की कप्तानी में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु दूसरी बार ट्रॉफी जीतने के इरादे से मैदान में उतरेगी। आरसीबी ने लीग चरण में शानदार प्रदर्शन करते हुए आठ में से छह मैच जीते और अंक तालिका में शीर्ष स्थान हासिल कर सीधे फाइनल में प्रवेश किया। टीम ने 2024 में अपना पहला खिताब जीता था और इस बार भी उसे खिताब का प्रबल दावेदार माना जा रहा है।
वहीं, दिल्ली कैपिटल्स महिला टीम लगातार चौथी बार फाइनल में पहुंची है, लेकिन अब तक खिताब जीतने में नाकाम रही है। इस बार टीम की कमान भारतीय ऑलराउंडर जेमिमा रोड्रिग्स के हाथों में है। दिल्ली की नजरें पहली बार ट्रॉफी उठाने पर टिकी हैं। टूर्नामेंट की शुरुआत में उतार-चढ़ाव के बावजूद दिल्ली ने शानदार वापसी करते हुए प्लेऑफ में जगह बनाई और फाइनल तक का सफर तय किया।
दिल्ली की गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों पर भरोसा
दिल्ली कैपिटल्स की गेंदबाजी इस सत्र में उसकी ताकत रही है। चिनेल हेनरी और नंदनी शर्मा ने नई गेंद से प्रभावशाली प्रदर्शन किया है। नंदनी शर्मा इस सीजन अब तक 16 विकेट चटका चुकी हैं। बल्लेबाजी में शेफाली वर्मा, लिजेल ली और एलिसा वोलवार्ड्ट से टीम को बड़ी उम्मीदें हैं।
आरसीबी की मजबूती संतुलित टीम संयोजन
आरसीबी ने इस सीजन लगातार पांच जीत के साथ अभियान की शुरुआत कर इतिहास रचा। टीम की खासियत यह रही है कि अलग-अलग मुकाबलों में अलग खिलाड़ी ने जिम्मेदारी संभाली है। स्पिन विभाग में श्रेयंका पाटिल और बल्लेबाजी में स्मृति मंधाना व ऋचा घोष टीम की प्रमुख ताकत हैं।
मैच का समय और लाइव प्रसारण
आरसीबी और दिल्ली कैपिटल्स के बीच WPL 2026 का फाइनल मुकाबला आज शाम 7:30 बजे शुरू होगा। टॉस शाम 7 बजे होगा, जबकि 6:30 बजे से प्री-मैच एंटरटेनमेंट आयोजित किया जाएगा।
मैच का सीधा प्रसारण स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क पर किया जाएगा। वहीं, ऑनलाइन लाइव स्ट्रीमिंग जियो हॉटस्टार ऐप पर उपलब्ध रहेगी।
हेड टू हेड रिकॉर्ड
WPL इतिहास में अब तक आरसीबी और दिल्ली के बीच 9 मुकाबले खेले गए हैं, जिसमें दिल्ली ने 6 और आरसीबी ने 3 मैच जीते हैं। हालांकि, 2024 के फाइनल में आरसीबी ने दिल्ली को हराकर खिताब अपने नाम किया था।
अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या आरसीबी दूसरी बार चैंपियन बनती है या फिर दिल्ली कैपिटल्स अपने लंबे इंतजार को खत्म करते हुए पहली बार WPL ट्रॉफी पर कब्जा जमाती है।
खिताबी मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु से भिड़ेगी दिल्ली कैपिटल्स
नई दिल्ली। महिला प्रीमियर लीग (WPL) के एलिमिनेटर मुकाबले में दिल्ली कैपिटल्स ने दमदार प्रदर्शन करते हुए गुजरात जाएंट्स को सात विकेट से हराकर फाइनल में जगह बना ली। इस जीत के साथ दिल्ली की टीम लगातार चौथी बार खिताबी मुकाबले में पहुंचने में सफल रही। अब दिल्ली का सामना 5 फरवरी को होने वाले फाइनल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) से होगा। अब तक ट्रॉफी से दूर रही दिल्ली के पास पहली बार खिताब जीतने का सुनहरा मौका होगा।
गुजरात ने दिया 169 रन का लक्ष्य
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी गुजरात जाएंट्स की शुरुआत बेहद खराब रही। टीम ने शुरुआती ओवरों में ही अपने चार अहम विकेट गंवा दिए। हालांकि एक छोर पर बेथ मूनी ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए पारी को संभाले रखा। मूनी ने नाबाद अर्धशतक जड़ते हुए टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। गुजरात ने निर्धारित 20 ओवर में सात विकेट के नुकसान पर 168 रन बनाए।
गुजरात के लिए बेथ मूनी ने 51 गेंदों में छह चौकों की मदद से नाबाद 62 रन बनाए। जॉर्जिया वारेहम ने 35 रन का योगदान दिया, जबकि काश्वी गौतम ने तेज 18 रन जोड़े। दिल्ली की ओर से चिनेली हेनरी ने तीन विकेट झटके, जबकि नंदिनी शर्मा को दो और मिनू मणि को एक सफलता मिली।
शेफाली-लिजेली की विस्फोटक शुरुआत
169 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दिल्ली कैपिटल्स को शेफाली वर्मा और लिजेली ली ने आक्रामक शुरुआत दिलाई। दोनों बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 89 रन की साझेदारी कर जीत की नींव रख दी। लिजेली ली ने 24 गेंदों पर 43 रन बनाए, जबकि शेफाली वर्मा ने 31 रन की तेज पारी खेली।
जेमिमा-वोलवार्ट ने दिलाई जीत
शुरुआती झटकों के बाद कप्तान जेमिमा रॉड्रिग्स और लाउरा वोलवार्ट ने पारी को संभालते हुए तीसरे विकेट के लिए 68 रन जोड़े। जेमिमा ने 41 रन की अहम पारी खेली, जबकि वोलवार्ट अंत तक नाबाद रहीं। मारिजाने काप ने विजयी रन बनाकर दिल्ली को 15.4 ओवर में जीत दिला दी।
टॉस जीतकर गेंदबाजी का फैसला सही साबित
इस अहम मुकाबले में दिल्ली ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया, जो पूरी तरह सही साबित हुआ। दोनों टीमों ने अपनी प्लेइंग-11 में कोई बदलाव नहीं किया था।
अब सभी की निगाहें 5 फरवरी को होने वाले फाइनल पर टिकी हैं, जहां दिल्ली कैपिटल्स पहली बार WPL ट्रॉफी उठाने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
अमेरिका और नामीबिया के खिलाफ अभ्यास मैच खेलेगी भारत ए टीम
नई दिल्ली। टी20 विश्व कप से पहले भारतीय टीम की तैयारियों ने रफ्तार पकड़ ली है। इसी क्रम में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने अमेरिका और नामीबिया के खिलाफ होने वाले अभ्यास मुकाबलों के लिए भारत ए टीम की घोषणा कर दी है। इन मुकाबलों में भारत ए की कप्तानी युवा बल्लेबाज आयुष बदोनी करेंगे। टीम चयन में सबसे खास नाम तिलक वर्मा का है, जो चोट से उबरने की प्रक्रिया में हैं और लंबे समय बाद मैदान पर वापसी के करीब माने जा रहे हैं।
टी20 विश्व कप का आगाज सात फरवरी से होने जा रहा है, जिसमें कुल 20 टीमें खिताब के लिए मैदान में उतरेंगी। भारत ने पिछला टी20 विश्व कप 2024 में दक्षिण अफ्रीका को हराकर जीता था। इस बार सूर्यकुमार यादव की अगुआई में भारतीय टीम खिताब बचाने के इरादे से उतरेगी, जबकि अभ्यास मैचों के जरिए खिलाड़ियों की फिटनेस और फॉर्म को परखा जाएगा।
तिलक वर्मा की वापसी पर सबकी नजर
बीसीसीआई के अनुसार, तिलक वर्मा भारतीय सीनियर टीम से जुड़ने से पहले भारत ए के लिए केवल एक अभ्यास मैच खेलेंगे। पेट की सर्जरी के कारण वह हाल ही में न्यूजीलैंड के खिलाफ सीमित ओवरों की सीरीज से बाहर रहे थे। फिलहाल तिलक बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैब कर रहे हैं। भारत ए टीम में उनका चयन इस बात का संकेत माना जा रहा है कि वह टी20 विश्व कप से पहले पूरी तरह फिट हो सकते हैं।
युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का मिश्रण
भारत ए टीम में युवा प्रतिभाओं के साथ-साथ अनुभवी खिलाड़ियों को भी मौका दिया गया है, जिससे अभ्यास मैचों में टीम संयोजन को परखने में मदद मिलेगी। चयनकर्ताओं की नजर खास तौर पर तेज गेंदबाजों और ऑलराउंडरों के प्रदर्शन पर रहेगी।
टी20 विश्व कप अभ्यास मैचों के लिए भारत ए टीम
आयुष बदोनी (कप्तान), नमन धीर, आशुतोष शर्मा, प्रियांश आर्या, एन. जगदीशन (विकेटकीपर), तिलक वर्मा, रियान पराग, मानव सुथार, अशोक शर्मा, उर्विल पटेल (विकेटकीपर), गुरजपनीत सिंह, विपराज निगम, रवि बिश्नोई, खलील अहमद और मयंक यादव।
डब्ल्यूपीएल के इतिहास में मुंबई के खिलाफ गुजरात की यह पहली जीत
हरमनप्रीत कौर की नाबाद 82 रन की पारी भी मुंबई को नहीं दिला सकी जीत
नई दिल्ली। महिला प्रीमियर लीग (WPL) में गुजरात जाएंट्स ने इतिहास रचते हुए मुंबई इंडियंस को 11 रन से शिकस्त दी और प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली। यह जीत इसलिए भी खास रही क्योंकि डब्ल्यूपीएल के इतिहास में मुंबई के खिलाफ गुजरात की यह पहली जीत है। इससे पहले खेले गए आठों मुकाबलों में मुंबई इंडियंस ने गुजरात को हराया था। वडोदरा में खेले गए इस मुकाबले में गुजरात ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 167 रन का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा, जिसके जवाब में मुंबई की टीम 156 रन तक ही पहुंच सकी।
गार्डनर–वेयरहम की साझेदारी से संभली गुजरात
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी गुजरात जाएंट्स की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। अनुष्का शर्मा (33) और सोफी डिवाइन (25) अच्छी शुरुआत के बाद पवेलियन लौट गईं, जिससे रन गति पर ब्रेक लग गया। अमेलिया केर और शबनिम इस्माइल की कसी हुई गेंदबाजी के चलते गुजरात दबाव में दिखी।
ऐसे समय पर कप्तान एश्ले गार्डनर और जॉर्जिया वेयरहम ने जिम्मेदारी संभाली। दोनों के बीच 71 रन की अहम साझेदारी हुई, जिसने पारी को नई दिशा दी। गार्डनर ने 28 गेंदों पर 46 रन की तेज पारी खेली, जबकि वेयरहम ने 26 गेंदों में 44 रन जोड़े। खासकर 16वें और 17वें ओवर में गार्डनर के आक्रामक शॉट्स ने मैच का रुख गुजरात की ओर मोड़ दिया। अंत में गुजरात ने 20 ओवर में 4 विकेट पर 167 रन बनाए।
हरमनप्रीत की जुझारू पारी भी नहीं दिला सकी जीत
168 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी मुंबई इंडियंस की शुरुआत बेहद खराब रही। सोफी डिवाइन ने शुरुआती ओवरों में हीली मैथ्यूज और नेट शीवर-ब्रंट को आउट कर मुंबई को झटके दिए। इसके बाद कप्तान हरमनप्रीत कौर ने एक छोर संभालते हुए शानदार बल्लेबाजी की।
हरमनप्रीत ने 48 गेंदों पर नाबाद 82 रन बनाए, जिसमें आठ चौके और चार छक्के शामिल थे। सजीवन सजना (26) ने उनका साथ दिया, लेकिन मध्य ओवरों में जॉर्जिया वेयरहम की सधी हुई गेंदबाजी ने मुंबई की मुश्किलें बढ़ा दीं। अंतिम दो ओवरों में मुंबई को 37 रन की जरूरत थी। आखिरी ओवर में हरमनप्रीत ने एश्ले गार्डनर पर दो छक्के जरूर लगाए, लेकिन टीम लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी। मुंबई इंडियंस 7 विकेट पर 156 रन ही बना सकी और 11 रन से मुकाबला हार गई।
आरसीबी ने यूपी वॉरियर्स को 8 विकेट से रौंदा, मंधाना की टीम खिताब से एक कदम दूर
नई दिल्ली। महिला प्रीमियर लीग (WPL) 2026 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने दमदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। गुरुवार को खेले गए अहम मुकाबले में स्मृति मंधाना की कप्तानी वाली आरसीबी ने यूपी वॉरियर्स को 8 विकेट से करारी शिकस्त दी। इस जीत के साथ ही आरसीबी लगातार दूसरी बार खिताब जीतने की दहलीज पर पहुंच गई है।
पहले बल्लेबाजी करते हुए यूपी वॉरियर्स की टीम निर्धारित 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 143 रन ही बना सकी। यूपी की ओर से ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने संघर्षपूर्ण पारी खेलते हुए 43 गेंदों में 55 रन बनाए। कप्तान मेग लैनिंग ने भी 41 रन का योगदान दिया। दोनों के बीच 72 रन की साझेदारी जरूर हुई, लेकिन मध्य ओवरों में आरसीबी के गेंदबाजों ने मैच पर पकड़ बना ली।
आरसीबी की ओर से नादिन डी क्लर्क ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके, जबकि ग्रेस हैरिस ने 2 विकेट लेकर यूपी की रन गति पर लगाम लगाई। एक समय बिना विकेट गंवाए 74 रन बना चुकी यूपी की टीम नियमित अंतराल पर विकेट गंवाती रही और बड़ा स्कोर खड़ा करने में नाकाम रही।
144 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी आरसीबी ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। कप्तान स्मृति मंधाना और ग्रेस हैरिस ने पहले विकेट के लिए 108 रनों की तूफानी साझेदारी कर मैच को पूरी तरह एकतरफा बना दिया। शिखा पांडे ने ग्रेस हैरिस को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा, लेकिन तब तक मुकाबला आरसीबी के पक्ष में जा चुका था।
ग्रेस हैरिस ने 37 गेंदों में 75 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 13 चौके और 2 छक्के शामिल रहे। इस शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुना गया। कप्तान स्मृति मंधाना 27 गेंदों पर 54 रन बनाकर नाबाद रहीं और टीम को जीत दिलाई। आरसीबी ने 13.1 ओवर में ही 2 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया।
महिला प्रीमियर लीग 2026 का फाइनल मुकाबला 5 फरवरी को खेला जाएगा, जहां आरसीबी दूसरी बार खिताब जीतने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
ईशान–सूर्या का तूफान, 15.2 ओवर में भारत ने हासिल किया 209 रन का लक्ष्य
रायपुर। भारतीय क्रिकेट टीम ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए दूसरा मुकाबला सात विकेट से अपने नाम कर लिया। रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में खेले गए इस हाई-स्कोरिंग मैच में भारत ने 200 से अधिक रनों के लक्ष्य को रिकॉर्ड समय में हासिल कर इतिहास रच दिया। इस जीत के साथ ही भारत ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 2-0 की बढ़त बना ली।
पहले बल्लेबाजी करते हुए न्यूजीलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में छह विकेट खोकर 208 रन बनाए। टीम की ओर से कप्तान मिचेल सैंटनर ने नाबाद 47 रन की अहम पारी खेली, जबकि रचिन रवींद्र ने 44 रनों का योगदान दिया। जवाब में भारतीय बल्लेबाजों ने आक्रामक अंदाज में लक्ष्य का पीछा किया और महज 15.2 ओवर में ही मुकाबला अपने नाम कर लिया।
भारतीय पारी के हीरो ईशान किशन और कप्तान सूर्यकुमार यादव रहे। ईशान किशन ने 32 गेंदों में 76 रन की तूफानी पारी खेलते हुए अपने टी20 करियर का सातवां अर्धशतक पूरा किया और न्यूजीलैंड के खिलाफ सबसे तेज अर्धशतक जड़ने वाले भारतीय बल्लेबाज बन गए। वहीं कप्तान सूर्यकुमार यादव ने शानदार फॉर्म में वापसी करते हुए 37 गेंदों पर नाबाद 82 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने नौ चौके और चार छक्के लगाए।
सूर्यकुमार यादव का यह अर्धशतक अक्तूबर 2024 के बाद आया पहला 50+ स्कोर रहा। उन्होंने 24 पारियों के लंबे अंतराल के बाद यह उपलब्धि हासिल की। यह उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर का 22वां अर्धशतक भी रहा। सूर्या अब उन बल्लेबाजों में शामिल हो गए हैं, जिन्होंने 25 या उससे कम गेंदों में सबसे ज्यादा बार टी20 अर्धशतक लगाए हैं।
इस मुकाबले में भारत ने 28 गेंद शेष रहते लक्ष्य हासिल किया, जो टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 200 से अधिक रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए किसी फुल मेंबर टीम की सबसे बड़ी जीत है। इसके साथ ही भारत ने ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज के पुराने रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।
टी20 विश्व कप 2026 की शुरुआत में अब ज्यादा समय नहीं बचा है। ऐसे में कप्तान सूर्यकुमार यादव और युवा बल्लेबाजों का यह फॉर्म भारतीय टीम के लिए शुभ संकेत माना जा रहा है। न्यूजीलैंड के खिलाफ यह जीत न केवल सीरीज में बढ़त दिलाने वाली रही, बल्कि टीम इंडिया के आत्मविश्वास को भी नई ऊंचाई पर ले गई।
वनडे हार का बदला लेने उतरेगी टीम इंडिया, सूर्यकुमार यादव करेंगे कप्तानी
नागपुर। भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का आगाज आज नागपुर से होने जा रहा है। विदर्भ क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में खेले जाने वाले इस मुकाबले के साथ ही दोनों टीमें छोटे प्रारूप में नई रणनीति और बदले हुए संयोजन के साथ उतरेंगी। वनडे सीरीज में मिली हार के बाद भारतीय टीम टी20 में दमदार वापसी करने के इरादे से मैदान पर उतरेगी। टीम इंडिया की कमान सूर्यकुमार यादव के हाथों में होगी, जबकि न्यूजीलैंड की अगुआई मिचेल सैंटनर करेंगे।
पिच से गेंदबाजों को मिल सकती है मदद
नागपुर के विदर्भ क्रिकेट स्टेडियम की काली मिट्टी की पिच गेंदबाजों के लिए मददगार मानी जाती है। यहां खेले गए टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में बड़े स्कोर कम ही देखने को मिले हैं। इस मैदान पर अब तक 13 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले जा चुके हैं। भारतीय टीम ने यहां चार मुकाबले खेले हैं, जिनमें दो में जीत और दो में हार का सामना करना पड़ा है। इसी मैदान पर 2016 टी20 विश्व कप में न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत का न्यूनतम टी20 स्कोर 79 रन रहा था, जो आज भी चर्चा में है।
चोटों से जूझ रही टीम इंडिया
विश्व कप से पहले भारतीय टीम को चोटों ने चिंता में डाल दिया है। तिलक वर्मा और वाशिंगटन सुंदर के चोटिल होने से टीम संतुलन प्रभावित हुआ है। तिलक शुरुआती मैचों से बाहर हैं, जबकि वाशिंगटन सुंदर पूरी टी20 सीरीज नहीं खेल पाएंगे। चयनकर्ताओं ने तिलक की जगह श्रेयस अय्यर और वाशिंगटन की जगह रवि बिश्नोई को टीम में शामिल किया है। दोनों चोटिल खिलाड़ी कब तक फिट होंगे, इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है, जिससे टीम प्रबंधन के सामने संयोजन को लेकर मुश्किलें बढ़ गई हैं।
ईशान किशन को मिल सकता है बड़ा मौका
टी20 विश्व कप टीम का हिस्सा होने के कारण ईशान किशन का इस सीरीज में खेलना लगभग तय माना जा रहा है। पहले तिलक वर्मा तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी कर रहे थे, जिससे कप्तान सूर्यकुमार यादव चौथे नंबर पर उतरते थे। तिलक की गैरमौजूदगी में टीम के पास ईशान किशन और श्रेयस अय्यर के विकल्प हैं। चूंकि श्रेयस विश्व कप टीम में शामिल नहीं हैं और लंबे समय से टी20 नहीं खेले हैं, ऐसे में ईशान का पलड़ा भारी नजर आ रहा है। कप्तान सूर्यकुमार यादव ने भी संकेत दिए हैं कि ईशान किशन तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करेंगे।
सूर्यकुमार यादव पर होंगी निगाहें
हाल के मुकाबलों में खराब फॉर्म से गुजर रहे सूर्यकुमार यादव के लिए यह सीरीज बेहद अहम है। टीम के हित में उन्होंने खुद को बल्लेबाजी क्रम में एक स्थान नीचे खिसकाया था, लेकिन अब उनसे जिम्मेदार पारी की उम्मीद होगी। विश्व कप से पहले अगर सूर्यकुमार लय में लौटते हैं, तो यह टीम इंडिया के लिए बड़ी राहत साबित होगी।
बुमराह और हार्दिक की वापसी से बढ़ेगी मजबूती
टी20 सीरीज में जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पांड्या की वापसी से भारतीय टीम को मजबूती मिलेगी। दोनों खिलाड़ियों को वनडे सीरीज से आराम दिया गया था। हार्दिक की मौजूदगी टीम को संतुलन प्रदान करती है, वहीं बुमराह गेंदबाजी आक्रमण की धार बढ़ाएंगे। इसके अलावा वरुण चक्रवर्ती से भी टीम को खास उम्मीदें होंगी, क्योंकि न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों को उनके खिलाफ खेलने का ज्यादा अनुभव नहीं है। कुल मिलाकर यह सीरीज भारतीय टीम के लिए विश्व कप से पहले खुद को परखने और सही राह चुनने का बड़ा मौका होगी।
मुकाबला कहां होगा?
विदर्भ क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम, नागपुर
मैच कितने बजे होगा?
मुकाबला शाम 7:00 बजे (IST) से शुरू होगा
टॉस शाम 6:30 बजे होगा
मैच कहां देख सकते हैं?
टीवी पर लाइव प्रसारण: Star Sports नेटवर्क
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साइना नेहवाल ने 2023 में खेला था आखिरी मुकाबला
नई दिल्ली। भारतीय बैडमिंटन को वैश्विक मंच पर नई पहचान दिलाने वाली दिग्गज खिलाड़ी और ओलंपिक पदक विजेता साइना नेहवाल ने प्रतिस्पर्धी खेल से संन्यास की औपचारिक घोषणा कर दी है। लंबे समय से गंभीर घुटने की समस्या से जूझ रहीं साइना ने साफ किया कि अब उनका शरीर अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल की कठोर शारीरिक चुनौतियों के लिए तैयार नहीं है।
साइना ने आखिरी बार वर्ष 2023 में सिंगापुर ओपन में प्रतिस्पर्धी मुकाबला खेला था। हालांकि, उस समय उन्होंने संन्यास की घोषणा नहीं की थी। हाल ही में एक पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान उन्होंने अपने फैसले को लेकर खुलकर बात की। उन्होंने कहा कि वह दो साल पहले ही खेल से दूर हो चुकी थीं और उन्हें लगा कि अलग से संन्यास का ऐलान करना जरूरी नहीं है।
पूर्व विश्व नंबर एक खिलाड़ी ने बताया कि उनके घुटने की कार्टिलेज पूरी तरह घिस चुकी है और उन्हें आर्थराइटिस की समस्या हो गई है। डॉक्टरों की सलाह के बाद उन्होंने यह समझ लिया था कि अब लंबे समय तक कड़ी ट्रेनिंग और तेज मुकाबले खेल पाना संभव नहीं है। साइना के अनुसार, पहले जहां वह दिन में आठ से नौ घंटे तक अभ्यास कर लेती थीं, वहीं बाद में एक-दो घंटे की ट्रेनिंग में ही घुटनों में सूजन आ जाती थी।
साइना ने यह भी कहा कि खिलाड़ी को खुद यह समझना चाहिए कि कब रुकना है। अगर शरीर साथ न दे, तो खेल से सम्मानजनक विदाई लेना ही बेहतर होता है। उन्होंने अपने माता-पिता और कोच को भी पहले ही इस फैसले से अवगत करा दिया था।
गौरतलब है कि साइना के करियर पर रियो ओलंपिक 2016 के दौरान लगी घुटने की चोट का गहरा असर पड़ा। इसके बावजूद उन्होंने जबरदस्त वापसी करते हुए 2017 विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक और 2018 राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीता। हालांकि, लगातार उभरती चोटों ने उनके करियर को सीमित कर दिया। वर्ष 2024 में साइना ने सार्वजनिक रूप से घुटनों में आर्थराइटिस और कार्टिलेज खत्म होने की जानकारी साझा की थी, जिसके बाद शीर्ष स्तर पर खेलना लगभग असंभव हो गया।
भारतीय खेल जगत में साइना नेहवाल का योगदान हमेशा याद किया जाएगा और उनका नाम देश की महान खिलाड़ियों की सूची में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज रहेगा।
