बॉक्स ऑफिस पर शनिवार का दिन कई फिल्मों के लिए अलग-अलग नतीजे लेकर आया। जहां धनुष की नई रिलीज़ ‘तेरे इश्क में’ दर्शकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है, वहीं ‘गुस्ताख इश्क’ दूसरे ही दिन कमजोर पड़ गई। इस बीच ‘जूटोपिया 2’ जैसी एनिमेटेड हॉलीवुड फिल्म ने भारत में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया है। आइए जानते हैं वीकेंड पर किस फिल्म की कमाई कहां पहुंची।
‘तेरे इश्क में’ ने गियर बढ़ाया, दो दिन में 33 करोड़ के पार
धनुष स्टारर इस रोमांटिक ड्रामा ने बॉक्स ऑफिस पर मजबूत पकड़ बना ली है।
सैकनिल्क के शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक—
शनिवार की कमाई: 17 करोड़ रुपये
ओपनिंग डे कलेक्शन: 16 करोड़ रुपये
कुल दो दिन की कमाई: 33 करोड़ रुपये
लगभग 85 करोड़ रुपये के बजट में बनी इस फिल्म के शुरुआती प्रदर्शन से अनुमान है कि यह अपना लागत मूल्य जल्द ही वसूल कर सकती है।
‘गुस्ताख इश्क’ दूसरे दिन ही फीकी, बॉक्स ऑफिस पर संघर्ष जारी
विजय वर्मा और फातिमा सना शेख की यह फिल्म दर्शकों को आकर्षित करने में नाकाम दिख रही है।
दूसरे दिन की कमाई: केवल 45 लाख रुपये
दो दिन का कुल कलेक्शन: 95 लाख रुपये
अनुमानित बजट: 25–30 करोड़ रुपये
कमज़ोर प्रदर्शन को देखते हुए फिल्म के लिए बजट निकाल पाना बेहद मुश्किल माना जा रहा है।
‘जूटोपिया 2’ ने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर दिखाई धमक
हॉलीवुड की एनिमेटेड फिल्म ‘जूटोपिया 2’, जिसमें श्रद्धा कपूर ने हिंदी वर्ज़न में अपनी आवाज दी है, भारतीय दर्शकों को लुभा रही है।
दिन 2 (शनिवार): 3.25 करोड़ रुपये
ओपनिंग डे: 1.6 करोड़ रुपये
दो दिन का कुल कलेक्शन: 4.85 करोड़ रुपये
एनिमेटेड फिल्म होने के बावजूद इसकी कमाई लगातार ऊपर की ओर बढ़ रही है।
पुरानी रिलीज़: ‘120 बहादुर’ और ‘मस्ती 4’ की रफ्तार धीमी
रिलीज़ के नौ दिन बाद इन फिल्मों का प्रदर्शन काफी कमजोर हो चुका है।
‘120 बहादुर’ (फरहान अख्तर): नौवें दिन 75 लाख रुपये
‘मस्ती 4’: नौवें दिन केवल 15 लाख रुपये
दोनों फिल्मों की कमाई अब बेहद सीमित रह गई है।
देहरादून- भूकंप के खतरे को लेकर उत्तराखंड के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। भारतीय मानक ब्यूरो ने अपनी नई रीति संहिता–2025 के तहत भूकंपीय क्षेत्रीकरण मानचित्र को अपडेट करते हुए राज्य को जोन-6 में शामिल कर दिया है। यह देश का सबसे संवेदनशील भूकंप जोन माना जा रहा है। अब तक राज्य के हिस्सों को जोन-4 और जोन-5 में बांटा गया था, लेकिन नए वर्गीकरण के अनुसार पूरा उत्तराखंड अत्यधिक संवेदनशील श्रेणी में आ गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस बदलाव से राज्य में भविष्य के निर्माण मानकों में बड़ा परिवर्तन होगा। भवनों, सड़कों और बड़े बांधों जैसी संरचनाओं के लिए अधिक मजबूत भूकंपरोधी तकनीक को अनिवार्य करना पड़ेगा।
विशेषज्ञों की राय: सभी पहाड़ी राज्य समान खतरे की श्रेणी में
वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जियोलॉजी के निदेशक डॉ. विनीत गहलोत ने बताया कि नया भूकंपीय मानचित्र करीब नौ साल बाद जारी किया गया है। वर्ष 2016 में पिछली बार जोनिंग की गई थी।
उन्होंने कहा कि “अब सभी हिमालयी राज्यों को समान संवेदनशीलता वाले जोन-6 में शामिल करने का मतलब है कि जम्मू-कश्मीर से लेकर उत्तराखंड तक भूकंप का खतरा समान स्तर का माना जाएगा।”
गहलोत के अनुसार, पहले जोन-5 में आने वाले रुद्रप्रयाग, चमोली, पिथौरागढ़ और बागेश्वर सबसे अधिक संवेदनशील माने जाते थे, लेकिन अब पूरे राज्य को यह श्रेणी प्राप्त हो गई है। इससे सभी निर्माण परियोजनाओं में एक समान मानक लागू होंगे।
श्रीनगर गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के भूगर्भ विभागाध्यक्ष प्रो. एम.पी.एस. बिष्ट ने कहा कि हिमालय की भू-भौतिक स्थितियां सभी राज्यों में लगभग समान हैं—चट्टानें, प्लेट सीमाएं और भू-आकृतिक संरचनाएं एक जैसी हैं। इसी वजह से जोनिंग को एक श्रेणी में समाहित किया गया है। उन्होंने कहा कि यह निर्णय भूतकाल के भूकंपों, उनकी तीव्रता और वैज्ञानिक डेटा के आधार पर लिया गया है।
राज्य में बढ़ेगी चेतावनी प्रणाली की क्षमता
उत्तराखंड भारतीय और यूरेशियन टेक्टोनिक प्लेटों के मिलन-बिंदु पर स्थित है, जिसके कारण यहां भूकंप की आशंका हमेशा बनी रहती है।
रिकॉर्ड के अनुसार, 1911 से अब तक प्रदेश में 6 से अधिक तीव्रता के 11 बड़े भूकंप दर्ज किए गए हैं।
अब सरकार भूकंप चेतावनी प्रणाली को और मजबूत करने की तैयारी में है।
आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास सचिव विनोद कुमार सुमन के अनुसार—
राज्य में सेंसर और सायरनों की संख्या बढ़ाई जाएगी,
हाल ही में मॉक ड्रिल आयोजित की गई है,
और जन-जागरूकता कार्यक्रमों को और आगे बढ़ाया जाएगा।
ऐतिहासिक भूकंपों का रिकॉर्ड
28 अगस्त 1916 — उत्तराखंड में सबसे बड़ा भूकंप, तीव्रता 6.96
1975 से 2024 तक
3–4 तीव्रता वाले भूकंप: 320
4–5 तीव्रता वाले: 90
5–6 तीव्रता वाले: 34
6–7 तीव्रता वाले: 3
7 से अधिक तीव्रता वाला कोई भूकंप दर्ज नहीं
पहले जोन-4 और जोन-5 में बंटा था राज्य
पुराने मानचित्र में—
जोन-5 (अति संवेदनशील):
रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़
जोन-4:
उत्तरकाशी, टिहरी, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल
अब पूरा प्रदेश जोन-6 में शामिल किया जा चुका है।
इन शहरों को पहले भी सबसे संवेदनशील बताया गया था
लोकसभा में 2021 में दिए गए एक जवाब में सरकार ने 38 अत्यधिक संवेदनशील शहरों की सूची जारी की थी, जिनमें उत्तराखंड के—
अल्मोड़ा, नैनीताल, देहरादून और रुड़की प्रमुख रूप से शामिल थे।
देहरादून- मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माण और गैरकानूनी प्लाटिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए प्राधिकरण क्षेत्र में कई स्थानों पर ध्वस्तीकरण और सीलिंग अभियान चलाया। लगातार बढ़ रहे अनधिकृत निर्माणों पर रोक लगाने के उद्देश्य से एमडीडीए की टीम सुबह से ही मैदान में उतरी और बिना स्वीकृत मानचित्र के किए जा रहे निर्माणों को चिन्हित कर कार्रवाई की।
सबसे बड़ी कार्रवाई जस्सोवाल, चकराता रोड क्षेत्र में की गई, जहां रोशन नेगी द्वारा लगभग 22 बिघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग की जा रही थी। एमडीडीए की टीम ने मौके पर पहुंचकर पूरी प्लाटिंग व्यवस्था को ध्वस्त कर दिया। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि अवैध प्लाटिंग, अवैध कॉलोनी विकसित करना और बिना अनुमति संरचनाएँ खड़ी करना किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कार्रवाई के दौरान अवर अभियंता मनीष नोटियाल, प्रीतम चौहान, सुपरवाइजरों की टीम तथा पुलिस बल मौके पर मौजूद रहे।
उपाध्यक्ष एमडीडीए बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण की ज़िम्मेदारी है कि शहर का नियोजित विकास सुनिश्चित किया जाए। “प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण और अनधिकृत प्लाटिंग करने वालों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। किसी भी व्यक्ति को कानून तोड़कर अव्यवस्थित बसावट बनाने की अनुमति नहीं दी जाएगी,” तिवारी ने कहा।
सचिव एमडीडीए मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि कार्रवाई प्राधिकरण की शून्य-सहिष्णुता नीति का हिस्सा है। “जो भी लोग बिना स्वीकृति प्लाटिंग कर रहे हैं, नियमों को नजरअंदाज कर निर्माण कर रहे हैं, उन्हें चेतावनी है, ऐसी गतिविधियाँ तुरंत बंद करें, नहीं तो कठोर कार्रवाई होगी,” उन्होंने कहा।एमडीडीए का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
हरिद्वार कुंभ 2027 के लिए सीएम धामी ने संत समाज को दिया औपचारिक निमंत्रण
देहरादून/कुरुक्षेत्र। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शनिवार को हरियाणा के कुरुक्षेत्र में आयोजित इंटरनेशनल गीता महोत्सव के तहत विराट संत सम्मेलन में शामिल हुए। उन्होंने देशभर से पधारे पूज्य साधु-संतों की गरिमामयी उपस्थिति में आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान सीएम धामी ने वर्ष 2027 में हरिद्वार में आयोजित होने वाले भव्य कुंभ महोत्सव के लिए संत समाज को औपचारिक निमंत्रण भी दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवद्गीता जीवन का सच्चा मार्गदर्शन देने वाली ग्रंथ है, जो सत्य, धर्म और कर्तव्य के पथ पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार सनातन धर्म एवं भारतीय संस्कृति के संरक्षण, संवर्धन और पुनर्जीवन के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
उन्होंने प्रदेश में मंदिरों के जीर्णोद्धार, धार्मिक स्थलों के विकास, घाटों के सौंदर्यीकरण सहित कई धार्मिक परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि यह सब ‘आस्था और संस्कृति के सम्मान’ के लिए सरकार की प्रतिबद्धता का हिस्सा है। साथ ही उन्होंने बताया कि स्कूलों में गीता श्लोक वाचन की पहल भी इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, मध्य प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी, सहित अनेक संत-महात्मा व गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
देहरादून। आमजन की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए एसएसपी देहरादून के निर्देश पर जनपद भर में व्यापक स्तर पर सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। सभी थाना क्षेत्रों को संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की विशेष जांच करने के निर्देश दिए गए थे, जिसके तहत शहरी और ग्रामीण दोनों इलाकों में पुलिस की कई टीमों ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की।
अभियान के दौरान दून पुलिस ने धार्मिक स्थलों, भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों और अन्य संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा जांच को मजबूत बनाया। सभी संबंधित क्षेत्राधिकारियों के नेतृत्व में सीमावर्ती नाकों और आंतरिक मार्गों पर भी कड़ी निगरानी रखी गई।

पुलिस के मुताबिक, 29 नवंबर को चलाए गए सघन चेकिंग अभियान में 1400 से अधिक वाहनों की जांच की गई, जबकि 2700 से ज्यादा व्यक्तियों से पूछताछ कर आवश्यक सत्यापन किया गया। इस दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई भी की गई।
एसएसपी देहरादून ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनाए रखने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि को पहले ही चिन्हित कर कार्रवाई की जा सके।
शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने लंबित माँगों पर सकारात्मक कार्रवाई का दिया आश्वासन
देहरादून। राज्य के अशासकीय (राज्य सहायता प्राप्त) विद्यालयों के शिक्षकों-कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर उत्तराखण्ड माध्यमिक शिक्षक संघ का एक प्रतिनिधिमंडल शनिवार को यमुना कॉलोनी में शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत से मिला। संघ ने शिक्षक-कर्मचारियों से जुड़ी विभिन्न लंबित माँगों को मंत्री के समक्ष रखकर शीघ्र समाधान की अपेक्षा जताई, जिस पर शिक्षा मंत्री ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
संघ के प्रांतीय महामंत्री डॉ. महावीर सिंह बिष्ट ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल की मुख्य माँगों में प्रदेश के 417 तदर्थ शिक्षकों का शीघ्र विनियमतीकरण, अशासकीय विद्यालयों में चतुर्थ श्रेणी नियुक्ति आउटसोर्सिंग के माध्यम से राजकीय विद्यालयों की तर्ज पर किए जाने, उपार्जित अवकाश (Earned Leave) का नगदीकरण राजकीय विद्यालयों की भाँति उपलब्ध कराने, अशासकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को भी भारत दर्शन योजना का लाभ दिए जाने जैसे मुद्दे शामिल थे।
उन्होंने कहा कि 417 तदर्थ शिक्षक पिछले लंबे समय से विनियमतीकरण की माँग कर रहे हैं। वर्तमान में उन्हें पूर्ण वेतन प्राप्त हो रहा है, ऐसे में विनियमतीकरण से राज्य सरकार पर कोई अतिरिक्त वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा, बल्कि शिक्षकों को सामाजिक सुरक्षा भी प्राप्त होगी।
प्रतिनिधिमंडल में डॉ. महावीर सिंह बिष्ट के साथ प्रांतीय उपाध्यक्ष अजय बिष्ट, प्रांतीय प्रवक्ता कैलाश थपलियाल, पौड़ी जिलाध्यक्ष भारत बिष्ट, जिला मंत्री संदीप रावत तथा प्रांतीय मंत्री संदीप मैंदौला आदि शामिल रहे।
मोहन भागवत बोले— झगड़ा भारत का स्वभाव नहीं, समरसता हमारी संस्कृति की पहचान
नागपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने शनिवार को आयोजित एक कार्यक्रम में कहा कि भारत की मूल पहचान सदैव भाईचारे, सहअस्तित्व और सामाजिक सद्भाव की रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विवाद और टकराव भारतीय संस्कृति का हिस्सा नहीं रहे हैं, बल्कि संवाद और आपसी समझ हमारी परंपरा की आधारशिला हैं।
“भारत की परंपरा संघर्ष नहीं, समरसता की रही है” – भागवत
अपने संबोधन में भागवत ने कहा कि भारतीय समाज किसी से टकराव की भावना नहीं रखता। उन्होंने कहा, “हमारी किसी से बहस नहीं होती। हम विवादों से दूर रहते हैं। झगड़ा करना हमारे देश का स्वभाव ही नहीं है। मिल-जुलकर रहना और भाईचारे को बढ़ावा देना ही हमारी परंपरा है।”
आरएसएस प्रमुख ने यह भी कहा कि दुनिया के कई क्षेत्रों में संघर्ष की परिस्थितियों से समाज विकसित हुआ, जहां एक विचार हावी होने पर अन्य विचारों को पूरी तरह नकार दिया जाता है। उन्होंने कहा कि ऐसे स्थानों पर विविध सोच के लिए जगह नहीं होती और उन्हें अक्सर ‘…इज्म’ कहकर सीमित कर दिया जाता है।
“भारतीय राष्ट्र का विचार पश्चिमी सोच से भिन्न है”
मोहन भागवत ने अपने भाषण में भारतीय राष्ट्रीयता की अवधारणा पर भी विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि पश्चिमी दुनिया अक्सर भारत के राष्ट्र संबंधी विचार को समझ नहीं पाती, इसलिए उसे ‘राष्ट्रवाद’ कहकर परिभाषित कर देती है।
भागवत ने कहा, “भारत प्राचीन काल से एक राष्ट्र रहा है। हमारे यहाँ राष्ट्र का भाव गर्व या अहंकार से नहीं, बल्कि आत्मचिंतन, संस्कृति और प्रकृति के साथ सहअस्तित्व से उपजा है। हम ‘राष्ट्रीयता’ शब्द का उपयोग करते हैं, ‘राष्ट्रवाद’ का नहीं।”
उन्होंने कहा कि अत्यधिक राष्ट्रवादी गौरव से दुनिया दो विश्वयुद्ध झेल चुकी है, इसलिए कुछ लोग इस शब्द को लेकर आशंकित रहते हैं। वहीं भारत का राष्ट्रीय बोध शांत, समावेशी और संतुलित विचारों पर आधारित है।
बहुचर्चित फिल्म ‘धुरंधर’ को लेकर दर्शकों में उत्सुकता लगातार बढ़ रही है। इसी बीच मेकर्स ने फिल्म का नया रोमांटिक गाना ‘गहरा हुआ’ जारी कर दिया, जिसे रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर शानदार प्रतिक्रिया मिल रही है। गाने में रणवीर सिंह और सारा अर्जुन की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री दर्शकों को खूब पसंद आ रही है।
रणवीर–सारा की फ्रेश केमिस्ट्री ने खींचा ध्यान
लगभग 3 मिनट 50 सेकंड के गाने में दोनों कलाकारों का रोमांटिक सफर दिखाया गया है। वीडियो में दोनों पहले बाइक पर सैर करते दिखाई देते हैं, जिसके बाद मॉल में उनकी क्यूट केमिस्ट्री और क्लोज मोमेंट्स दर्शकों का ध्यान खींच रहे हैं। विजुअल्स, लोकेशंस और म्यूजिक के कारण यह ट्रैक युवा दर्शकों के बीच तेज़ी से वायरल हो रहा है।
गाने की सिंगिंग और म्यूजिक की जमकर हो रही तारीफ
‘गहरा हुआ’ को अरिजीत सिंह और अरमान खान ने अपनी आवाज़ दी है, जबकि इसके लिरिक्स इरशाद कामिल ने लिखे हैं। संगीत शाश्वत सचदेव ने कंपोज किया है। रिलीज के तुरंत बाद ही नेटिज़न्स ने अरिजीत की सिंगिंग की तारीफ करते हुए लिखा— “उनका दौर कभी खत्म नहीं होगा।”
5 दिसंबर को सिनेमाघरों में उतरेगी ‘धुरंधर’
आदित्य धर के निर्देशन में बनी ‘धुरंधर’ में एक मजबूत स्टारकास्ट नज़र आएगी, जिसमें रणवीर सिंह, संजय दत्त, अर्जुन रामपाल, अक्षय खन्ना, आर. माधवन और सारा अर्जुन प्रमुख भूमिकाओं में शामिल हैं।
फिल्म की कहानी आधिकारिक रूप से सामने नहीं आई है, लेकिन माना जा रहा है कि यह एक हाई-ऑक्टेन स्पाई-थ्रिलर एक्शन फिल्म होगी।
‘धुरंधर’ 5 दिसंबर को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी।
(साभार)
एनएच, लोनिवि और पीएमजीएसवाई की संयुक्त बैठक में 2024–25 के स्वीकृत मोटर मार्गों पर हुई विस्तृत चर्चा
देहरादून। कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने अपने शासकीय आवास पर एनएच, लोक निर्माण विभाग और पीएमजीएसवाई अधिकारियों की संयुक्त बैठक की। बैठक में वित्तीय वर्ष 2024–25 में स्वीकृत मोटर मार्गों की प्रगति, शासन स्तर पर लंबित डीपीआर की वर्तमान स्थिति और पीएमजीएसवाई द्वारा निर्मित सड़कों के लोक निर्माण विभाग को हस्तांतरण से जुड़े मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई।
मंत्री रावत ने अधिकारियों से भारत सरकार को भेजे गए नव-निर्माण, डामरीकरण और सुधारीकरण से संबंधित प्रस्तावों की अद्यतन जानकारी ली। साथ ही आपदाग्रस्त सड़कों के लिए मिली स्वीकृत धनराशि के उपयोग एवं एनएच बुआखाल–पाबों–पैठाणी मार्ग के चौड़ीकरण कार्य की प्रगति रिपोर्ट भी प्रस्तुत की गई।

बैठक में माण्डाखाल–ग्वड़ख्या–सरणा–चोपड़ियू मोटर मार्ग की स्वीकृति पर चर्चा हुई, जबकि श्रीनगर के पंचपीपल से स्वीत तक एलिवेटेड रोड की डीपीआर जल्द तैयार करने के निर्देश दिए गए।
राष्ट्रीय राजमार्ग 07 पर फरासू और चामधार के समीप बार-बार हो रहे यातायात अवरोध को ध्यान में रखते हुए ट्रीटमेंट कार्य के लिए 90 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। विभाग के अनुसार, इस परियोजना पर निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा।
भारत का अगला मुकाबला अब ओमान से
चेन्नई। जूनियर पुरुष हॉकी विश्व कप में भारत ने अपने अभियान की धमाकेदार शुरुआत करते हुए चिली को 7-0 से करारी शिकस्त दी। मैच की शुरुआत से ही भारतीय खिलाड़ियों ने आक्रामक खेल दिखाया और पूरे मुकाबले पर दबदबा बनाए रखा। टीम के रोशन खुजुर और दिलराज सिंह ने शानदार प्रदर्शन करते हुए दो-दो गोल दागकर भारत की बड़ी जीत की नींव रखी।
भारतीय टीम की ओर से रोशन ने 16वें और 21वें मिनट में लगातार दो मैदानी गोल किए, जबकि दिलराज ने 25वें और 34वें मिनट में गोल कर बढ़त को और मजबूत किया। दूसरे हाफ में भी भारत का दबदबा जारी रहा और अजीत यादव (35वें मिनट), अनमोल एक्का (48वें मिनट) और कप्तान रोहित (60वें मिनट) ने गोल कर स्कोर 7-0 कर दिया।
भारत का अगला मुकाबला ओमान से
पूल-बी में शामिल भारतीय टीम अब ओमान के खिलाफ अपना दूसरा मुकाबला खेलेगी। यह टूर्नामेंट चेन्नई और मदुरै में संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है। प्रतियोगिता की शुरुआत शुक्रवार से हुई है, जबकि फाइनल 10 दिसंबर को खेला जाएगा।
अन्य मुकाबलों में जर्मनी और स्पेन की बड़ी जीत
टूर्नामेंट के अन्य मैचों में गत चैंपियन जर्मनी ने दक्षिण अफ्रीका को 4-0 से हराते हुए विजयी शुरुआत की। जर्मनी के जस्टस वारवेग ने 19वें और 56वें मिनट में दो मैदानी गोल करते हुए टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। बेन हैशबैक (43वां मिनट) और पॉल ग्लेंडर (44वां मिनट) ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल दागे।
पूल-ए के पहले मुकाबले में आयरलैंड ने रोमांचक खेल दिखाते हुए कनाडा को 4-3 से मात दी। वहीं, पूल-डी के एकतरफा मैचों में स्पेन ने मिस्र को 8-0 से हराया, जबकि बेल्जियम ने नामीबिया पर 12-1 से बड़ी जीत दर्ज की।
