मुख्यमंत्री ने शहीदों को नमन कर आपदा पीड़ितों के पुनर्वास का दिया भरोसा
देहरादून। 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में ध्वजारोहण कर प्रदेशवासियों को राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की शपथ दिलाई। इस अवसर पर उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों और देश की रक्षा में प्राण न्यौछावर करने वाले वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने धराली सहित अन्य आपदा प्रभावित क्षेत्रों में जान गंवाने वालों को याद करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और भरोसा दिलाया कि प्रभावित क्षेत्रों में जल्द पुनर्वास एवं राहत कार्य पूरे किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा लगातार बढ़ी है और राष्ट्रहित में ऐतिहासिक निर्णय लिए जा रहे हैं। उत्तराखंड में भी नवनिर्माण और पुनर्निर्माण के कार्य तेजी से हो रहे हैं तथा आगामी 25 वर्षों की विकास योजनाओं पर प्रतिबद्धता के साथ कार्य किया जा रहा है।
भाजपा कार्यालय में भी मनाया गया पर्व
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने बलवीर रोड स्थित भाजपा कार्यालय में भी ध्वजारोहण किया। कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी सहित पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मुख्य सचिव ने देश की आजादी के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले ज्ञात-अज्ञात स्वतंत्रता सेनानियों को किया नमन
देहरादून। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने शुक्रवार को भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम में ध्वजारोहण किया। कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख सचिव, सचिव, अपर सचिव, सचिवालय प्रशासन के अधिकारी एवं कर्मचारी सहित बच्चों को राष्ट्रीय पर्व की शुभकामनाएं दी। मुख्य सचिव ने देश की आजादी के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले ज्ञात-अज्ञात स्वतंत्रता सेनानियों को नमन किया और कहा कि यह देश उनका ऋणी है। उन्होंने कहा कि यह दिन हमें उन असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान, साहस और समर्पण को याद करने का अवसर देता है, जिन्होंने हमें आज़ादी का अनमोल उपहार दिया।
मुख्य सचिव ने कहा कि उत्तराखण्ड, विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है, ये केवल संकल्पना नहीं हैं, बल्कि उत्तराखण्ड इस लक्ष्य को हासिल करने के लिये कठोर परिश्रम कर रहा है। उन्होंने कहा कि आप सभी के सहयोग से समृद्ध और सशक्त उत्तराखण्ड की संकल्पना तेजी से साकार हो रही है। उत्तराखण्ड ने विगत वर्षाे में विभिन्न क्षेत्रों में कई महत्त्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की है, जिसके फलस्वरुप हम सशक्त उत्तराखण्ड के लक्ष्यों को प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की मातृशक्ति और युवा शक्ति की अहम् भागीदारी से हमारा प्रदेश सर्वश्रेष्ठ राज्यों की श्रेणी की ओर अग्रसर है।
मुख्य सचिव ने कहा कि प्रधानमंत्री की अपेक्षा के अनुरूप वर्ष 2047 तक देश को विकसित बनाने के लिए उत्तराखण्ड को मैन्युफैक्चरिंग हब, स्किल हब, आयुष प्रदेश और वैश्विक पर्यटन डेस्टिनेशन बनाने के विजन को साकार करने के लिये हमें कठोर परिश्रम करने की आवश्यकता हैं। पहाड़ी फसलें, मोटे अनाज और स्थानीय उत्पादों के माध्यम से उत्तराखण्ड की आजीविका को भी बल दिया जा सकता है। उन्होंने कहा कि राज्य की प्रगति के लिए यहाँ के छोटे और मझोले किसानों को भी मजबूती देनी आवश्यक है। उन्होंने राज्य के विकास के लिए गर्वनेंस के रिफॉर्म्स और प्रशासनिक सुधारों पर जोर देते हुए इसकी शुरूवात राज्य सचिवालय और जनपदों से ही किए जाने पर जोर दिया। साथ ही, उन्होंने बढ़ती हुई प्राकृतिक आपदाओं के बीच शासन-प्रशासन में कैपेसिटी बिल्डिंग के लिए एक अभियान चलाने की भी आवश्यकता पर बल दिया।
मुख्य सचिव ने कहा कि ऑन-लाइन अनुश्रवण-मूल्यांकन हेतु राज्य में पी0एम0 गति शक्ति पोर्टल (स्टेट) तैयार कर परियोजनाओं यथा कैपिटल असिस्टेंस योजना, मिसिंग लिंक योजना, डैशबोर्ड, सीएम कॉन्क्लेव पीएमजी, प्रगति, ई-समीक्षा, ई-आंकलन, मुख्यमंत्री घोषणा आदि कार्यक्रमों की समीक्षा एवं मूल्यांकन कार्य सम्पादित किया जा रहा है। आवास विभाग के ऑनलाईन एप्लीकेशन सिस्टम ऐप को प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग, भारत सरकार द्वारा स्टेट बेस्ड सर्विस डिलीवरी प्लेटफार्म के लिये बेस्ट प्रेक्टिस की श्रेणी में नामित किया है। उन्होंने कहा कि वाईब्रेन्ट विलेज कार्यक्रम के तहत सीमावर्ती गांवों के बहुमुखी विकास हेतु केन्द्र सरकार द्वारा राज्य के जनपद उत्तरकाशी, चमोली तथा पिथौरागढ़ के कुल 51 गांवों का चयन किया गया है।
मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य में ‘अपुणि सरकार‘ परियोजना के अपुणि सरकार पोर्टल को भारत सरकार के प्रशासनिक एवं लोक शिकायत विभाग के छमेक्। फ्रेमवर्क द्वारा देशभर में बेस्ट प्रेक्टिस के रूप में पहचान मिली है। उन्होंने कहा कि राज्य में जल सरक्षण हेतु स्प्रिंग एवं रिवर रिजुविनेशन ऑथोरिटी का गठन किया गया है, जिसका उद्देश्य राज्य के प्राकृतिक जल स्रोतों एवं नदियों का चिन्हीकरण, जल उत्सर्जन में वृद्धि, मापन एवं अनुश्रवण आदि के माध्यम से सतत उपयोग सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य में हाउस ऑफ हिमालय जैसे ब्रांड को विकसित करने का लक्ष्य रखा है। आज मुझे खुशी है हाउस ऑफ हिमालय और वोकल फॉर लोकल जैसे प्रयासों से ग्रामीण विकास एवं आर्थिक विकास को हासिल करने में राज्य सफल होता हुआ दिख रहा है।
मुख्य सचिव ने कहा कि जैसा कि आप सभी जानते हैं, सचिवालय हमारी प्रशासनिक व्यवस्था का वह केंद्र है, जो न केवल नीतियों को आकार देता है, बल्कि देश और प्रदेश के विकास की दिशा भी निर्धारित करता है। हमारी जिम्मेदारी है कि हम अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी निष्ठा, पारदर्शिता, और समर्पण के साथ करें, ताकि हमारा प्रदेश और समाज प्रगति के पथ पर अग्रसर हो। हमारा कार्य केवल कागजों और फाइलों तक सीमित नहीं है। हमारी नीतियाँ और निर्णय इस प्रदेश के लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं। इसलिए, हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि हमारी हर कार्रवाई में जनता का कल्याण सर्वाेपरि हो। उन्होंने कहा कि हमें केंद्र और राज्य सरकार की जनहित एवं राज्यहित की महत्त्वकांक्षी योजनाओं को सफल बनाने के लिए मिलकर काम करना होगा। आज हम एक ऐसे भारत में खड़े हैं, जो न केवल आर्थिक और तकनीकी क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है, बल्कि सामाजिक समावेशन, शिक्षा, और पर्यावरण संरक्षण जैसे क्षेत्रों में भी नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है।
मुख्य सचिव ने सभी का आह्वान करते हुए कहा कि हमें अपने दायित्वों को और अधिक जिम्मेदारी के साथ निभाना होगा। आइए, हम ईमानदारी, दक्षता और नवाचार की भावना के साथ काम करें, ताकि हम अपने महान राष्ट्र के सपनों को साकार कर सकें। आइए, हम मिलकर प्रयास करें, यह सुनिश्चित करने के लिए कि हमारा हर निर्णय देश की प्रगति और लोगों के कल्याण में योगदान दे।
इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, एल. फैनई, आर. मीनाक्षी सुन्दरम, सचिवगण, अपर सचिवगण एवं सचिवालय प्रशासन के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
खेल मंत्री ने महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज में किया झंडारोहण
देहरादून। स्वतंत्रता दिवस पर खेल मंत्री रेखा आर्या ने महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज प्रांगण में झंडारोहण किया। इस अवसर पर उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दी।
झंडारोहण के पश्चात स्पोर्ट्स कॉलेज के छात्रों को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि आज के दौर में अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करना ही सच्ची देशभक्ति है। खेल मंत्री ने कहा कि हमारा जो भी कर्तव्य है उसे ईमानदारी और निष्ठा के साथ करके हम देश के विकास में अपना योगदान दे सकते हैं। उन्होंने युवाओं से कहा कि 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में सबसे बड़ी भूमिका युवा शक्ति की होने वाली है।
खेल मंत्री रेखा आर्या ने भावी खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि 2036 का ओलंपिक भारत में आयोजित होने की पूरी संभावना है और इसके लिए वे अभी से तैयारी में जुट जाएं।
इस अवसर पर खेल मंत्री ने हाल ही में नोएडा में आयोजित अंडर 15 सब जूनियर नेशनल बॉक्सिंग प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीतने वाले खिलाड़ी मनीष कोरंगा को सम्मानित भी किया।
कार्यक्रम में खेल निदेशक आशीष चौहान, अपर निदेशक अजय अग्रवाल, उपनिदेशक शक्ति सिंह, स्पोर्ट्स कॉलेज के प्राचार्य राजेश मंमगाई आदि उपस्थित रहे।
विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर सीएम धामी का भावुक संबोधन, पीड़ितों के त्याग को किया नमन
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर काशीपुर, ऊधमसिंहनगर में आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअल प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने विभाजन स्मृति स्मारक स्थल का शिलान्यास किया।
मुख्यमंत्री ने देश के विभाजन का दंश झेलने वालों को नमन करते हुए कहा कि 14 अगस्त 1947 का दिन हम कभी नहीं भूल सकते, जब मजहब की आड़ में भारत को दो हिस्सों में बाँट दिया गया। जहां एक ओर 15 अगस्त 1947 को पूरा देश आजादी का जश्न मनाने की तैयारी कर रहा था वहीं, उससे ठीक एक दिन पहले ही, देश को दो टुकड़ों में बाँट दिया गया। करोड़ों लोगों को विभाजन की विभिषिका से गुजरते हुए अपने घर, गाँव, खेत-खलिहान, दुकान-व्यापार और अपनों से बिछड़कर शरणार्थी के रूप में रहने को मजबूर होना पड़ा। आज भी उन लोगों की आँखों में वो पीड़ा है, जिनके माँ-बाप इतिहास के उस काले दौर में उन्हें छोड़ कर इस दुनिया से चले गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी के लिए यह समझ पाना भी कठिन है कि देश की स्वतंत्रता के समय विभाजन की विभीषिका से गुज़रने वाले लोगों ने उस दौर में किस अकल्पनीय पीड़ा, भय और संघर्ष को सहा था। देश की आजादी के बदले किये गये उनके त्याग और बलिदान की भरपाई कर पाना असंभव है। उनके इस त्याग, बलिदान और पीड़ा के महत्त्व को समझते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2021 में 14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मरण दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया ताकि आने वाली पीढ़ियां अपने पूर्वजों द्वारा किए गए त्याग और बलिदान को हमेशा याद रख सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह विभाजन केवल एक भूभाग का बँटवारा नहीं था, बल्कि लाखों लोगों की जिंदगियों और उनकी सांस्कृतिक पहचान का भी विभाजन था। मानव विस्थापन का इतना भयानक और विकराल रूप इतिहास ने पहले कभी नहीं देखा था। मुख्यमंत्री ने उस वैमनस्य और दुर्भावना का डटकर सामना करने वाले लोगों के प्रति संवेदना प्रकट की जिन्होंने विभाजन की त्रासदी झेलने के बाद भी अपने धर्म, संस्कृति और राष्ट्र के प्रति अटूट विश्वास को बनाए रखा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का समग्र विकास हो रहा है। हमारी सांस्कृतिक धरोहरों, परंपराओं और मूल्यों के संरक्षण और संवर्धन की दिशा में अनेक कार्य किए जा रहे हैं। अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर का निर्माण, बद्रीनाथ और केदारनाथ धामों का पुनर्निर्माण, बाबा विश्वनाथ के गलियारे का विस्तार, महाकाल लोक का निर्माण और करतारपुर साहिब कॉरिडोर के निर्माण कार्यों के माध्यम से हमारी धार्मिक विरासत को दिव्यता और भव्यता के साथ पुनर्स्थापित कर देश में सांस्कृतिक पुनर्जागरण की नई धारा प्रवाहित की जा रही है। कश्मीर से धारा 370 की समाप्ति, ट्रिपल तलाक जैसी कुप्रथा का अंत, सीएए एवं वक्फ संशोधन कानून लागू करने तथा 1984 के दंगा पीड़ितों को न्याय दिलाने जैसे निर्णयों के माध्यम से एक भारत, श्रेष्ठ भारत की परिकल्पना को भी साकार रूप प्रदान किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तराखण्ड विकास और समृद्धि के नए आयाम स्थापित कर रहा है। राज्य में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल सहित सभी महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जा रहा है। राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और संवर्धन की दिशा में भी निरंतर कार्य किया जा रहा है। केदारखंड की भांति ही मानसखंड के पौराणिक मंदिरों के भी पुनरुत्थान एवं सौंदर्यीकरण का कार्य किया जा रहा है। काशीपुर के चैती मंदिर को मानसखंड कॉरिडोर का हिस्सा बनाया है। हेमकुंड साहिब आने वाले सिख श्रद्धालुओं की यात्रा को और अधिक सुरक्षित और सहज बनाने के लिए गोविंद घाट से हेमकुंड साहिब तक 12.5 किलोमीटर लंबे रोपवे का निर्माण किया जा रहा है। उत्तराखण्ड देश में सबसे पहले समान नागरिक संहिता को लागू करने वाला राज्य है। देश का सबसे प्रभावी नकल विरोधी कानून लागू होने के बाद लगभग 24 हजार से अधिक युवा सरकारी नौकरियां पाने में सफलता प्राप्त की है। राज्य सरकार उत्तराखंड के सांस्कृतिक मूल्यों और डेमोग्राफी को संरक्षित रखने के लिये पूर्ण रूप से संकल्पबद्ध होकर काम कर रही है। प्रदेश में सख्त धर्मांतरण विरोधी और दंगा विरोधी कानूनों को लागू किया है। प्रदेश में सात हजार एकड़ से अधिक की सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, सांसद अजय भट्ट, मेयर काशीपुर दीपक बाली, मेयर रूद्रपुर विसा शर्मा, विधायक त्रिलोक सिंह चीमा, पूर्व विधायक हरभजन सिंह चीमा,स्वामी हरि चैतन्या महाराज, अजय मौर्य एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
अल्मोड़ा। भारतीय जनता पार्टी की अधिकृत उम्मीदवार हेमा गैडा ने अल्मोड़ा जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव में जीत दर्ज की है ।उन्होंने अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस प्रत्याशी को 4 वोट के अंतर से हराया। भाजपा की चुनाव प्रभारी कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने इस जीत का श्रेय पार्टी संगठन एवं कार्यकर्ताओं को दिया।
प्रदेश भर में अल्मोड़ा जनपद में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर चुनाव सबसे रोचक मुकाबलों में से एक था और सभी राजनीतिक विश्लेषकों की नजर इस पर थी। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए कुल 45 वोट पड़े। इनमें से भाजपा की हेमा गैड़ा ने 24 वोट प्राप्त कर अपनी निकटतम प्रतिद्वंदी कांग्रेस की सुनीता कुंजवाल को 4 मतों से हराया। सुनीता कुंजवाल को 20 वोट मिले जबकि उक्रांद की सरस्वती किरौला को 1 वोट मिला।

चुनाव परिणाम आने के बाद चुनाव प्रभारी कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि अल्मोड़ा में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज कर भाजपा ने एक बार फिर जनता का विश्वास जीता है। उन्होंने कहा कि इस जीत का श्रेय पूरी तरह संगठन और पार्टी कार्यकर्ताओं को जाता है। कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि अल्मोड़ा के ग्रामीण अंचल में अब ट्रिपल इंजन की सरकार बन गई है और इससे विकास की गति और तेज होगी।
अजय देवगन और मृणाल ठाकुर की एक्शन-कॉमेडी फिल्म ‘सन ऑफ सरदार 2’ धीरे-धीरे बॉक्स ऑफिस पर सुस्त हो रही है। शुरुआती दिनों में मजबूत शुरुआत करने के बाद फिल्म की कमाई अब धीमी रफ्तार से आगे बढ़ रही है।
आंकड़ों के मुताबिक, फिल्म ने पहले दिन (शुक्रवार) 7.25 करोड़ रुपये की कमाई के साथ खाता खोला था। पहले हफ्ते में इसका कुल कलेक्शन 33 करोड़ रुपये तक पहुंचा। दूसरे हफ्ते में फिल्म की रफ्तार कम हुई—9वें दिन शनिवार को 4 करोड़ रुपये, 10वें दिन रविवार को 3.75 करोड़ रुपये, 11वें दिन सोमवार को 1.1 करोड़ रुपये और 12वें दिन मंगलवार को 1.28 करोड़ रुपये की कमाई हुई।
13वें दिन (दूसरे बुधवार) को फिल्म ने सिर्फ 46 लाख रुपये जुटाए। इस तरह ‘सन ऑफ सरदार 2’ का अब तक का कुल बॉक्स ऑफिस कलेक्शन 44.84 करोड़ रुपये हो चुका है।
विजय कुमार अरोड़ा के निर्देशन में बनी इस फिल्म को अजय देवगन, ज्योति देशपांडे, एन.आर. पचीसिया और प्रवीण तलरेजा ने मिलकर प्रोड्यूस किया है। 2012 की ‘सन ऑफ सरदार’ का यह आध्यात्मिक सीक्वल है, जिसमें अजय देवगन, मृणाल ठाकुर, रवि किशन और संजय मिश्रा अहम भूमिकाओं में नजर आ रहे हैं।
(साभार)
लियाकताबाद, कोरंगी, ल्यारी समेत कई जगहों पर हुए हादसे
कराची। पाकिस्तान में 14 अगस्त को आजादी का जश्न इस बार कराची में खून और आंसुओं में बदल गया। आधी रात को शुरू हुई बेकाबू हवाई फायरिंग ने तीन लोगों की जान ले ली, जिनमें एक बुजुर्ग और आठ साल की मासूम बच्ची भी शामिल हैं।
स्थानीय मीडिया के अनुसार, शहर के अलग-अलग इलाकों में हुई अंधाधुंध फायरिंग में 60 से अधिक लोग घायल हो गए। कई की हालत गंभीर बनी हुई है। लियाकताबाद, कोरंगी, ल्यारी, केमारी, ओरंगी टाउन और बलदिया जैसे इलाकों में लोग गोलियों का शिकार बने।
अजीजाबाद ब्लॉक-8 में खेल रही आठ साल की बच्ची को अचानक लगी गोली ने उसकी जिंदगी खत्म कर दी, जबकि कोरंगी में स्टीफन नाम के व्यक्ति की रास्ते में मौत हो गई। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि जश्न मनाने के तरीके ऐसे हों, जो किसी की जान न लें।
डीएम सविन बंसल का निर्देश – तीन दिन में पोल्ट्री फार्म से रैंडम सैंपल जांच को भेजें
देहरादून। उत्तर प्रदेश में बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद देहरादून जिला प्रशासन सतर्क मोड पर आ गया है। रोकथाम के लिए जिलाधिकारी सविन बंसल ने ऋषिपर्णा सभागार में संबंधित विभागों की बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बर्ड फ्लू (एवियन इन्फ्लूएंजा) पक्षियों में अत्यधिक संक्रामक रोग है, जो दुर्लभ मामलों में मनुष्यों को भी प्रभावित कर सकता है, इसलिए सतर्कता बेहद जरूरी है।
बैठक में जिलाधिकारी ने पशुपालन विभाग को आदेश दिया कि जनपद के सभी 170 पोल्ट्री फार्म से तीन दिनों के भीतर रैंडम सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे जाएं और नियमित निगरानी रखी जाए। रैपिड रिस्पांस टीम को सक्रिय किया गया है, जबकि वन विभाग को तालाब, झील और नदियों के आसपास पक्षियों पर नजर रखने और मृत या बीमार पक्षियों की सूचना तुरंत पशु चिकित्सा विभाग को देने के निर्देश दिए गए। फिलहाल जिले में बर्ड फ्लू का कोई मामला सामने नहीं आया है, इसलिए पोल्ट्री पर प्रतिबंध नहीं लगाया गया है।
डीएम ने पुलिस विभाग को यूपी सीमा पर चेक पोस्ट स्थापित करने और बाहर से आने वाले जिंदा मुर्गे, मुर्गा मांस और अंडों पर अग्रिम आदेश तक रोक लगाने का निर्देश दिया। साथ ही अनाधिकृत मीट की दुकानों को सीज करने और एसडीएम, पशु चिकित्साधिकारी तथा नगर निकायों को पोल्ट्री फार्म एसोसिएशन व मुर्गा मांस व्यापारियों के साथ बैठक कर जागरूकता फैलाने को कहा।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह, एसडीएम कुमकुम जोशी, उप नगर आयुक्त संतोष कुमार पांडेय, सीएमओ डॉ. मुकेश कुमार शर्मा, सीवीओ डॉ. एस.सी. जोशी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
आयोग बोला—‘वोट चोर’ जैसे शब्दों का प्रयोग करना करोड़ों मतदाताओं का अपमान है
नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने विपक्षी नेताओं के हालिया आरोपों पर कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि बिना ठोस सबूत के लगाए गए आरोप स्वीकार्य नहीं हैं। राहुल गांधी, तेजस्वी यादव समेत कई नेताओं का नाम लिए बिना आयोग ने कहा कि अगर किसी के पास दोहरी वोटिंग या चुनावी गड़बड़ी का कोई प्रमाण है, तो उसे लिखित शिकायत और हलफनामे के साथ पेश करें, ताकि कार्रवाई हो सके।
आयोग ने याद दिलाया कि “एक व्यक्ति, एक वोट” का सिद्धांत 1951-52 में हुए पहले आम चुनाव से लागू है। बिना साक्ष्य के मतदाताओं को ‘चोर’ बताने या ‘वोट चोर’ जैसे शब्दों का प्रयोग करना न सिर्फ करोड़ों मतदाताओं का अपमान है, बल्कि चुनाव प्रक्रिया में जुटे लाखों कर्मियों की निष्ठा और ईमानदारी पर भी सीधा हमला है।
अखंड भारत संकल्प दिवस कार्यक्रम में बोले केंद्रीय मंत्री – हर क्षेत्र में मजबूती से ही दुनिया सुनेगी भारत की बात
नागपुर। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भारत को विश्वगुरु और महाशक्ति बनाने के संकल्प पर जोर देते हुए कहा कि जब देश हर क्षेत्र में मजबूत होगा, तब पूरी दुनिया भारत की आवाज़ सुनेगी। राष्ट्र निर्माण समिति द्वारा आयोजित अखंड भारत संकल्प दिवस कार्यक्रम में उन्होंने 1947 के देश विभाजन को अप्राकृतिक बताते हुए अखंड भारत के लक्ष्य को मिशन के रूप में अपनाने का आह्वान किया।
गडकरी ने विविधता में एकता, सशस्त्र बलों के साहस और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पांच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के संकल्प का उल्लेख करते हुए कहा कि आत्मनिर्भर और सशक्त भारत के निर्माण में हर नागरिक की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने कहा, “जो राष्ट्र अर्थव्यवस्था, रक्षा, विज्ञान, कृषि और संस्कृति में प्रगति करता है, वही विश्वगुरु बन सकता है।”
उन्होंने राष्ट्र निर्माण समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए युवाओं में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने की जरूरत पर भी बल दिया।
