उत्तराखंड में 500 कोच करेंगे 2500 मेडलिस्ट तैयार- खेल मंत्री रेखा आर्या..
उत्तराखंड: खेल एवं युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्या ने खेल निदेशालय में विभागीय अधिकारियों के साथ इस वर्ष प्रस्तावित राष्ट्रीय खेल और सीएम धामी की घोषणाओं के संबंध में बैठक ली। बैठक में विभागीय अधिकारियों से राष्ट्रीय खेलों के खेल मैदानों के निर्माण व अवस्थापना के बारे में जानकारी ली। रेखा आर्य का कहना हैं कि राष्ट्रीय खेल की मेजबानी मिलना राज्य के लिए खुशी की बात है। हम राष्ट्रीय राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी के लिए पूरी तरह तैयार है। विभागीय मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जो भी निर्माण कार्य बचे हुए हैं उन्हें तय समय पर उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करा लिया जाए। कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि राज्य में कार्यरत करीब 500 कोच पांच-पांच मेडलिस्ट को राष्ट्रीय खेलों के लिए तैयार करेंगे। ऐसे में राज्य के खिलाड़ियो की प्रतिभा सामने निखर कर आएगी और हम अच्छा प्रदर्शन कर सकेंगे।
सीएम धामी ने पीएम मोदी को ताम्र शिल्प पर आधारित उत्पाद किए भेंट..
उत्तराखंड: सीएम पुष्कर सिंह धामी ने पीएम नरेंद्र मोदी से नई दिल्ली में भेंट कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया और उन्हें बागेश्वर के प्रसिद्ध ताम्र शिल्प पर आधारित उत्पाद भेंट किए। इस अवसर पर उत्तराखण्ड ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट–2023 के दौरान निवेश की ग्राउंडिंग के लिए किए जा रहे विभिन्न कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। सहकारिता से जुड़े सभी सदस्यों के परिवारों की आकस्मिक दुर्घटना की स्थिति में सुरक्षा के दृष्टिगत सहकारी किसान समृद्धि कार्ड योजना (नमो सहकारी कवच कार्ड) प्रारंभ करने के विषय में पीएम मोदी को अवगत कराया। देवभूमि उत्तराखण्ड के पर्यटन क्षेत्र को और अधिक सशक्त बनाने के लक्ष्य के साथ प्रारंभ किए गए मानसखण्ड मंदिर माला मिशन, हरिद्वार-ऋषिकेश गंगा कॉरिडोर के विकास एवं प्रदेश को वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने तथा हवाई सेवा के विस्तार हेतु किए जा रहे प्रयासों के बारे में सीएम धामी ने पीएम मोदी को जानकारी दी।
सीएम धामी ने PM Modi को दी योजनाओं की जानकारी..
पीएम मोदी लोकार्पित किए गए राज्य के स्थानीय उत्पादों की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, ब्रांडिंग हेतु अंब्रेला ब्रांड के रूप में “हाउस आफ हिमालयाज” को और अधिक प्रभावी बनाकर स्थानीय उत्पादों व कलाकृतियों को एक बेहतर मंच प्रदान करते हुए उत्पादकों-शिल्पकारों को सशक्त बनाया जा रहा है। सड़क एवं परिवहन, ऊर्जा तथा नई टाउनशिप के विकास, आयुष के क्षेत्र में हो रहे विशेष कार्यों, उत्तराखण्ड स्टेट मिलेट मिशन की कार्ययोजनाओं और मुख्यमंत्री घस्यारी कल्याण योजना के तहत प्रदेशवासियों को मिल रहे लाभ के विषय में जानकारी दी।
बता दे कि पीलीभीत-खटीमा राजमार्ग के 4 लेन के चौड़ीकरण हेतु परिसम्पत्तियों के हस्तांतरण के लिए कार्यदायी संस्था नामित करते हुए कार्य प्रारम्भ कराने, मसूरी में 2 लेन टनल परियोजना के कार्य हेतु लोक निर्माण विभाग को कार्यदायी संस्था बनाने और टनकपुर-बागेश्वर रेल लाइन परियोजना को राष्ट्रीय परियोजना घोषित करते हुए व्यय का पूर्ण भार भारत सरकार द्वारा वहन करने का अनुरोध किया। राज्य को केन्द्रीय पूल के कोयला आधारित संयंत्रों से 400 मेगावाट अतिरिक्त विद्युत आवंटित करने, टनकपुर-देहरादून के मध्य एक जनशताब्दी रेल सेवा, टनकपुर एवं नई दिल्ली के मध्य एक फ़ास्ट ट्रेन और देहरादून-हरिद्वार-रामनगर सीधी रेल सेवा संचालित करने के साथ ही वायुसेना द्वारा चिन्यालीसौड़ हवाई पट्टी के नियमित रख-रखाव और जौलीग्रान्ट हवाई अड्डे के उच्चीकरण व विभिन्न जल विद्युत परियोजनाओं के विकास-निर्माण की अनुमति देने का अनुरोध किया। उत्तराखण्ड के विकास के दृष्टिगत उक्त सभी योजनाओं पर सकारात्मक आश्वासन दिए जाने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीएम मोदी को सहर्ष धन्यवाद दिया।
उत्तराखंड में आज से मौसम बदलने की उम्मीद, हो सकती है बारिश..
उत्तराखंड: प्रदेश में पिछले दो माह से लोग बारिश और बर्फबारी जैसी स्थिति का इंतजार कर रहे थे। लोगों का कहना था कि ठंड के मौसम में अमूमन जनवरी मध्य तक दो से तीन बार बारिश और बर्फबारी जैसी स्थिति बनती थी। इससे पहाड़ी खेती को बढ़ने में मदद मिलती है। लेकिन मौसम विभाग ने बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है।
मौसम विभाग ने प्रदेश में बुधवार को कई इलाकों में बारिश जैसी स्थिति बनने का अनुमान जताया है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी भी हो सकती है। पांच जिलों में बारिश व बर्फ़बारी होने की संभावना जताई गई है जिसमें उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिला शामिल हैं। इन जनपदों के 3000 मीटर व उससे अधिक ऊँचाई वाले स्थानों में बहुत हल्की से हल्की बर्फबारी होने की संभावना है। वहीं राज्य के मैदानी क्षेत्रों के कुछ भागों में रात्रि/सुबह के समय उथले से मध्यम कोहरा छाए रहने की संभावना जताई है, खासकर उधमसिंह नगर और हरिद्वार में कोहरे का प्रकोप जारी रहेगा।
आपको बता दें कि देहरादून में कोहरे का प्रकोप कुछ कम हुआ है लेकिन सर्द हवाओं ने कंपकंपी छुड़ा रखी है। उत्तराखंड में पिछले दो महीने से मौसम शुष्क बना हुआ है, लेकिन ठिठुरन भरी ठंड ने लोगों की दुश्वारियां बढ़ाई हुई है। सूखी ठंड के कारण लोग बुखार, जुखाम से पीड़ित हो रहे हैं। 2 महीने में बारिश और बर्फबारी ना के बराबर हुई है। जिसके कारण जनवरी महीने में भी दिन के समय तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। जबकि सुबह और शाम के समय सर्दी का सितम बढ़ता ही जा रहा है।
साइबर सिक्योरिटी के लिए उत्तराखंड में स्थापित होगा सेंटर ऑफ एक्सिलेंस..
उत्तराखंड: साइबर सिक्योरिटी के लिए प्रदेश में सेंटर ऑफ एक्सिलेंस (सीसीओई) की स्थापना की जाएगी। यह निर्णय मंगलवार को अपर मुख्य सचिव गृह राधा रतूड़ी की अध्यक्षता में पुलिस लाइन में हुई बैठक में लिया गया। अपर मुख्य सचिव ने पुलिस के लंबित प्रस्तावों पर निर्णय लेने के लिए गृह विभाग से बेहतर समन्वय स्थापित करने की बात कही। उनका कहना हैं कि जो भी प्रकरण जिस भी स्तर पर लंबित हैं उनका परस्पर संवाद से निराकरण करने का प्रयास किया जाएगा।
बैठक में अपर मुख्य सचिव के सामने उत्तराखंड पुलिस से संबंधित वर्तमान और भविष्य की कार्ययोजनाओं की प्रस्तुति दी। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि हम सभी को एक टीम के रूप में काम करने का संकल्प लेना है। पुलिस मुख्यालय और गृह विभाग में आपसी समन्वय स्थापित हो इसी के लिए यह बैठक बुलाई गई है। इस दौरान डीजीपी अभिनव कुमार ने जयपुर में हुई डीजीपी आईजी बैठक में लिए गए निर्णयों और संकल्पों की चर्चा बैठक में की। उन्होंने कहा कि भारत सरकार के आकलन संबंधी सभी मापदंडों मसलन अपराध और कानून व्यवस्था, आधारभूत सुविधाएं, पब्लिक डिलीवरी में बेहतर प्रदर्शन कर उत्तराखंड पुलिस को टॉप पर लाना उनका संकल्प है।
इन बिंदुओं पर भी हुआ विचार विमर्श..
1- स्मार्ट एंड इंटेलिजेंस कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में उपकरण लगाने और स्क्रैप पॉलिसी के अंतर्गत नए वाहनों की खरीद को शासन स्तर से बजट स्वीकृत करने का प्रयास होगा।
2- अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर के गांवों को सशक्त बनाने और पलायन को रोकने के लिए सीमा रक्षक और हिम प्रहरी दल योजना के तहत गांव वालों को प्रशिक्षण दिया जाएगा।
3- उत्तराखंड पुलिस अधिनियम के विभिन्न प्रस्तरों में संशोधन, पुलिस रेगुलेशन का प्रख्यापन, सहित विभिन्न पदों की नियमावली संबंधी प्रस्ताव तैयार कर समय से शासन को प्रेषित करने का निर्णय लिया गया।
4- विभिन्न पुलिस इकाइयों, जिनमें अलग से जनशक्ति स्वीकृत नहीं है (एयरपोर्ट, हेलीपेड सुरक्षा, एएनटीएफ, एएचटीयू, गोवंश संरक्षण स्क्वायड) में स्वीकृत के लिए प्रयास किया जाएगा।
मकर संक्रांति पर खुले आदि बद्री मंदिर के कपाट, सात दिवसीय मेले का भी हुआ शुभारंभ..
उत्तराखंड: आदिबदरी मंदिर के कपाट पौष माह में एक महीने बंद रहने के बाद मकर संक्रांति पर खोल दिए गए हैं। ब्रह्ममुहूर्त में वैदिक मंत्रोच्चार व धार्मिक रीति रिवाज के साथ श्रद्धलुओं के दर्शनों के लिए मंदिर के कपाट खुले। मंदिर को भव्य ढंग से सजाया गया है। मंदिर के कपाट खुलने के साथ ही यहां महाभिषेक समारोह के साथ सात दिवसीय शीतकालीन पर्यटन एवं सांस्कृतिक विकास मेला शुरू हो गया है। कपाट खुलने के अवसर पर सैकड़ों भक्तों ने भगवान के पुण्य दर्शन कर आशीर्वाद लिया।
लैंसडौन एरिया में अनियंत्रित होकर खाई में गिरी कार..
उत्तराखंड: कोटद्वार से सड़क हादसे की खबर सामने आ रही है। पुलिस द्वारा दी जानकारी के अनुसार सतपुली से लगभग एक किमी आगे एक कार अनियंत्रित होकर 200 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। बताया जा रहा है हादसे के दौरान कार में तीन लोग सवार थे। तीनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बता दे कि हादसा मंगलवार सुबह का है। कार गुमखाल से आगे बैंड पर अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। राहगीरों ने हादसे की सूचना पुलिस को दी। सूचना पाकर पुलिस की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। SDRF के जवानों ने तीनों घायलों को खाई से बाहर निकालकर एम्बुलेंस की मदद से अस्पताल पहुंचाया। बताया जा रहा है तीनों लोग एक शादी समारोह में शामिल होने जा रहे थे। इससे पहले ही हादसा हो गया। घायलों की पहचान विनोद शर्मा पुत्र शांति लाल निवासी गाजियाबाद, दीवान सिंह रावत पुत्र पतम सिंह निवासी पौड़ी, अवतार सिंह रावत पुत्र कृपाल सिंह निवासी पौड़ी के रूप में हुई।
सीएम धामी ने लांच किया ऑनलाइन आरटीआई पोर्टल..
उत्तराखंड: राज्य सूचना आयोग में अब अपील और शिकायतों के पंजीकरण के लिए चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों के लोग भी घर बैठे शिकायतों का पंजीकरण कराने के साथ ही अपील में भी शामिल हो सकेंगे। सीएम धामी का कहना हैं कि ऑनलाइन आरटीआई पोर्टल से लोगों का काफी मदद मिलेगी। अपीलों की सुनवाई में आने-जाने में समय बचेगा। सूचना का अधिकार एक्ट से लोगों की ओर से शासन-प्रशासन से संबंधित अपनी व्यक्तिगत व सामुदायिक कठिनाइयों का निराकरण करने में और आसानी हो जाती है। कहा, आज शुरू की गई ऑनलाइन सुविधाओं का सबसे अधिक लाभ राज्य के दूरस्थ एवं पर्वतीय क्षेत्रों के निवासियों को प्राप्त होगा।
उनका कहना हैं कि उन्हें सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत आवेदन एवं प्रथम अपील ऑनलाइन रूप से करने की सुविधा प्राप्त होने के साथ-साथ द्वितीय अपील में भी अपने स्थान से ही शामिल होने की सुविधा मिलेगी। उन्होंने आशा जताई कि जनसामान्य की ओर से इन सुविधाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाया जाएगा। मुख्य सूचना आयुक्त अनिल चंद्र पुनेठा ने कहा कि द्वितीय अपीलों एवं शिकायतों के ऑनलाइन पंजीकरण तथा हाईब्रिड मोड से सुनवाई में भाग लेने की दोनों सुविधा तत्काल जनसामान्य के लिए उपलब्ध करा दी गई। पोर्टल में समस्त विभागों के लोक सूचना अधिकारियों और प्रथम अपीलीय अधिकारियों की आईडी तैयार की जाएगी।
अधिकारियों को पोर्टल पर कार्य का प्रशिक्षण दिया जाएगा। जल्द ही पोर्टल से जनसामान्य की ओर से सूचना आवेदनपत्र, आवेदन शुल्क व प्रथम अपील को ऑनलाइन रूप से भी प्रेषित किया जा सकेगा। कहा, दिसंबर 2023 में आयोग ने 521 सुनवाई करते हुए 299 वादों को निस्तारित किया। जनवरी 2022 से दिसंबर 2023 तक की अवधि में आयोग ने 11,037 सुनवाई से 6735 वादों का निस्तारण किया।
टीजीटी के 5 हजार से ज्यादा पदों पर निकली भर्ती..
देश-विदेश: शिक्षक भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए डीएसएसएसबी टीजीटी भर्ती 2024 की कवायद शुरू हो गई है। डीएसएसएसबी टीजीटी भर्ती 2024 का नोटिफिकेशन जारी किया गया है। इसके तहत पांच हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती होने है। जिसके लिए अगले माह से आवेदन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इच्छुक उम्मीदवार 8 फरवरी 2024 से अंतिम तिथि 8 मार्च 2024 तक आवेदन कर सकते है।
जानकारी के अनुसार टीजीटी के कुल 5118 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। इस भर्ती के लिए अभ्यर्थी मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से संबंधित विषय में ग्रेजुएट और बीएड किए होने चाहिए। इस भर्ती के लिए न्यूनतम आयु 18 वर्ष और अधिकतम आयु 30 वर्ष तक रखी गई है। इस भर्ती के लिए आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को भारत सरकार के नियमों के मुताबिक आयु सीमा में छूट भी दी जाएगी। वहीं चयन प्रक्रिया की बात करें तो उम्मीदवार का चयन लिखित एग्जाम, डॉक्यूमेंट्स वेरिफिकेशन और मेडिकल एग्जाम के बाद किया जाएगा। वहीं बताया जा रहा है कि इस भर्ती के लिए आवेदन करने के लिए सामान्य, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए आवेदन शुल्क 100 रुपए रखा गया है। जबकि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पीडब्ल्यूडी, महिलाओं के लिए आवेदन निशुल्क रखा गया है।
उत्तराखंड में UCC को लेकर मिली बड़ी खबर..
उत्तराखंड: यूसीसी (समान नागरिक संहिता) को लेकर सीएम पुष्कर सिंह धामी का बड़ा बयान सामने आया है। सीएम धामी का कहना है कि ड्राफ्ट कमेटी ने अपना कार्य पूरा कर लिया है। आपको बता दें समान नागरिक संहिता का ड्राफ्ट तैयार करने वाली समिति का कार्यकाल 22 जनवरी को पूरा हो रहा है। सीएम धामी का कहना है कि ड्राफ्ट कमेटी ने अपना कार्य पूरा कर लिया है। कार्यकाल खत्म होने से पहले समिति अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंप देगी। जिसके बाद यूसीसी को लागू कर दिया जाएगा। बता दे कि इससे पहले सितम्बर माह 2023 में कमेटी का कार्यकाल पूरा हो रहा था। लेकिन समिति ने उस समय रिपोर्ट तैयार नहीं की थी। जिस वजह से धामी सरकार ने समिति के कार्यकाल को चार महीने के लिए बढ़ा दिया था। उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता लागू करना प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता में शामिल है। इस वजह से सरकार के लिए इस समय सबसे अहम प्रदेश में यूसीसी लागू करना है। अब माना जा रहा है कि इस महीने के आखिर तक यूसीसी को लागू कर दिया जाएगा।
आज से शुरु हुआ राम मंदिर का अनुष्ठान, 11 यजमान 45 नियमों का करेंगे पालन..
उत्तराखंड: मकर सक्रांति पर्व से राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा से जुड़े अनुष्ठान, यम, नियम और संयम की भी शुरुआत हो जाएगी। आठ दिन तक सभी 11 यजमान 45 नियमों का पालन करते हुए कठिन तपस्या से गुजरेंगे। इसमें प्रायश्चित, गोदान, दशविध स्नान, प्रायश्चित क्षौर और पंचगव्यप्राशन भी किया जाएगा। इन नियमों का पालन करते हुए यजमान दंपती इस अनूठे धार्मिक अनुष्ठान को संपन्न करने योग्य बनेंगे। 22 जनवरी को प्राण प्रतिष्ठा के साथ ही यजमानों का संकल्प और अनुष्ठान भी पूरा होगा। प्राण प्रतिष्ठा समारोह में 11 दंपति बतौर यजमान शामिल होंगे। सोमवार को सूर्य की राशि परिवर्तन के साथ ही प्रथम स्नान कर सभी यजमान आठ दिवसीय अनुष्ठान का संकल्प लेंगे। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से सभी यजमानों को 45 विधि-विधान और नियमावली उपलब्ध कराई गई है।
आठ दिनों तक 45 नियमों का पालन..
जानकारी के अनुसार यजमानों को आठ दिनों तक 45 नियमों का सख्ती से पालन करने का संकल्प दिलाया जाएगा। नियमित पूजन, संध्या के साथ ही आहार-विहार सात्विक रखते हुए अनवरत राम-नाम का जप करना होगा। 22 जनवरी को 84 सेंकेड के अभिजीत मुहूर्त में होने वाले समारोह मे पूरी तरह से सनातनी व वैदिक परंपराओं का पालन होगा।
