उत्तरकाशी में करंट फैलने से सेना के जवान की मौत..
उत्तराखंड: उत्तरकाशी के शहीद पार्क ज्ञानसू पुलिस लाइन मार्ग में सेना के एक जवान की करंट लगने से मौत हो गई, जबकि तीन अन्य घायल हो गए। आंधी चलने से टेंट उड़ने की आशंका पर कुछ जवानों में टेंट पकड़ा हुआ था और हाईटेंशन लाइन उसके ऊपर जा रही थी। आशंका जताई जा रही है कि यह हादसा टेंट में लगे लोहे के हुक के कारण करंट फैल गया और यह हादसा हो गया। झुलसे लोगों को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है।
बुधवार को शहीद पार्क में पूर्व सैनिकों के लिए एक कार्यक्रम होना था, जिसमें पूर्व सैनिकों की समस्याओं सहित कई अन्य मुद्दों पर चर्चा की जानी थी। कार्यक्रम के आयोजन के लिए शहीद पार्क में सेना की ओर से मंगलवार सुबह से टेंट लगाने का कार्य शुरू किया गया था। कार्यक्रम की तैयारियों में मदद के लिए जवान हर्षिल से यहां पहुंचे थे। टेंट के ठीक ऊपर हाई टेंशन लाइन थी। शाम साढ़े चार बजे आंधी चलने से टेंट उड़ने की आशंका पर टेंट की बल्लियों को कुछ जवानों ने पकड़ा हुआ था। इसी दौरान अचानक टेंट में करंट फैल गया। जिन जवानों ने टैंट की बल्लियों को पकड़ा था। वह करंट लगने से जोर के झटके के साथ इधर-उधर गिर गए।
घटना में राइफलमैन करण सिंह (22) ग्राम चुनेरा (मड़ापट्टी) तहसील महलपुर जम्मू कश्मीर की मौके पर मौत हो गई जबकि राइफलमैन विशाल शर्मा निवासी ग्राम चाका जनपद सांबा, हवलदार पवन कुमार निवासी ग्राम रामपुर जिला सांबा व दिनेश राज तहसील मारवान जम्मू कश्मीर झुलस गए। उन्हें
जिला अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने झुलसे लोगों की स्थिति को खतरे से बाहर बताया। एसडीएम सीएस चौहान का कहना हैं कि घटना की जानकारी सेना के उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। आशंका है कि टैंट में लगे लोहे के हुक के कारण करंट टैंट में फैल गया होगा।
विधायक ने जताया शोक..
घटना पर गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान ने दुख जताया। विधायक ने जिला अस्पताल पहुंचकर झुलसे जवानों की मुलाकात की। वहीं श्री विश्वनाथ पूर्व सैनिक कल्याण समिति के अध्यक्ष बीरेंद्र सिंह नेगी ने कहा कि यह दुखद घटना है।
टिहरी झील के ऊपर बने हेलीपैड में आई दरारें, डीएम ने दिए ये निर्देश..
उत्तराखंड: प्रदेश के कई इलाकों में जोशीमठ जैसे हालात बनते जा रहे हैं। टिहरी से जहां पहले घरों में दरारों की खबर आई थी वहीं अब झील के ऊपर डोबरा चांठी पुल के पास बने हेलीपैड में भी दरारों की खबर आई हैं। आपको बता दे कि टिहरी में आपदा आदि को देखते हुए पर्यटक को बढ़ावा देने के लिए 13 साल पहले हैलिपेड का निर्माण कराया गया था।
लेकिन अब यहां दरारे आ रही है। बताया जा रहा है कि हेलीपैड पर पड़ी दरारें लगातार चौड़ी होती जा रही है। जो हादसों को न्यौता दें रही है। वहीं लोगों की मांग है कि तत्काल इस हेलीपैड को ठीक कराया जाए। जिस पर जिला अधिकारी डॉ सौरभ गहरवार ने मामले का संज्ञान लिया है। डीएम ने लोक निर्माण विभाग चंबा और पर्यटन के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वह तत्काल इस हेलीपैड को ठीक करें।
सुर्खियों में रहने को वरुण धवन का नया पैंतरा..
एजेंसी का दावा मिला दादासाहेब फाल्के पुरस्कार..
देश-विदेश: हिंदी सिनेमा में अपनी जगह बनाए रखने के लिए लगातार संघर्ष कर रहे अभिनेता वरुण धवन को यहां मुंबई में हुए एक पुरस्कार समारोह में ‘क्रिटिक्स च्वाइस बेस्ट एक्टर’ अवार्ड मिला और इसे हाथ में लहराकर वह काफी खुश भी नजर आए।पुरस्कार समारोह का पूरा नाम है, दादा साहेब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड्स 2023 और इस पुरस्कार समारोह में रणबीर कपूर से लेकर रेखा तक तमाम सितारों के नाम स्टेज से पुकारे गए।
पुरस्कार समारोह के अगले दिन मंगलवार को वरुण धवन की टीम की तरफ से उनकी फोटो के साथ जो रिलीज जारी की गई है, उसमें इस पुरस्कार समारोह का पूरा नाम जानबूझकर नहीं लिखा गया और ये जताने की कोशिश की गई है कि वरुण धवन ने दादा साहेब फाल्के पुरस्कार जीत लिया है।
दादा साहेब फाल्के पुरस्कार देश में सिनेमा का सबसे बड़ा राष्ट्रीय सम्मान है जो हर साल किसी ऐसे शख्स को दिया जाता है जिसने सिनेमा की सेवा में अपना जीवन समर्पित कर दिया हो।वरुण धवन को ‘क्रिटिक्स च्वाइस बेस्ट एक्टर’ देने वाली संस्था ने ये पुरस्कार दादासाहेब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड्स के नाम से दिए हैं।
यहां गौरतलब है कि दादा साहेब फाल्के के नाम से एक पुरस्कार भारत सरकार हर साल सिनेमा की किसी ऐसी शख्सीयत को देती है जो किवदंती बन चुका हो। सबसे बड़े राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार यानी दादा साहेब फाल्के पुरस्कार से मिलते जुलते पुरस्कार मुंबई में कई संस्थाएं दादा साहेब फाल्के के नाम से देती रही हैं। इन्हीं में से एक संस्था दादासाहेब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड्स के नाम से कई साल से पुरस्कार देती रही है। हालांकि पुरस्कार पाने वाले अधिकतर कलाकार या तकनीशियन इस समारोह में पहुंचते नहीं हैं।
दादा साहब फाल्के के नाती चंद्रशेखर पुसालकर बताते हैं, ‘मुझे मुंबई में बंटने वाले दादा साहेब फाल्के अवार्ड्स में खास मेहमान के तौर पर लोगों ने खूब आमंत्रित किया। मैने देखा कि लोग पैसे लेकर ऐसे लोगो को अवार्ड दे रहे है जो उस काबिल नहीं। उसी के बाद से मैने ऐसे किसी भी अवार्ड समारोह में जाना बंद कर दिया।
आपको जानकर हैरानी होगी कि एक बार मराठी की एक मशहूर अभिनेत्री का मेरे पास फोन आया कि अमेरिका में उनसे कोई दादा साहेब फाल्के अवार्ड का आयोजक मिला है और अवार्ड के लिए दस लाख की मांग कर रहा है। मैं तो यह सुनकर भौचक्का रह गया और बहुत दुखी हुआ।’
दादा साहेब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड्स 2023 का आयोजन मुंबई के एक पंचसितारा होटल में हुआ। तमाम कंपनियां इसमें प्रायोजक के तौर पर हर साल जुड़ती भी हैं। इस साल के पुरस्कार समारोह में हिंदी सिनेमा के सितारों में जिन प्रमुख सितारों ने हिस्सा लिया उनमें वरुण धवन के अलावा आलिया भट्ट और आर बाल्की शामिल हैं। इन सितारों का प्रचार कार्य भी वही एजेंसी देखती है जिसने मंगलवार की सुबह वरुण धवन के ‘दादा साहेब फाल्के पुरस्कार’ जीत लेने को लेकर सूचना जारी की।
किसी भी पुरस्कार की गुणवत्ता, प्रतिष्ठा और उसका महत्व पुरस्कार समारोह में रेड कारपेट पर दिखे सितारों से तय होता है। दादा साहेब फाल्के इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल अवार्ड्स 2023 में रोनित रॉय और श्रेयस तलपडे ही दिखे। रेखा और हरिहरन को इस समारोह में सिनेमा में उनके अद्वितीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। मोहित चौहान ने कार्यक्रम में पहुंचे लोगों के मनोरंजन के लिए अपनी प्रस्तुति भी दी।
हरिद्वार और देहरादून में छात्रवृत्ति की 50 फीसदी रकम डकार गए घोटालेबाज..
उत्तराखंड: शिक्षण संस्थानों के साथ मिलकर अधिकारी हरिद्वार और देहरादून जिलों से जारी छात्रवृत्ति की रकम में से 50 फीसदी का गबन कर गए। इन दोनों जिलों से करीब 200 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति शिक्षण संस्थानों को भेजी गई थी। इसमें से 100 करोड़ रुपये अधिकारियों और शिक्षण संस्थानों ने तमाम तिकड़म लगाते हुए खुद के प्रयोग में ले लिए।
आपको बता दे कि शुरुआत में यह घोटाला 400 करोड़ रुपये का बताया जा रहा था। इसके लिए कुमाऊं और गढ़वाल में जांच टीम लगाई थी। हरिद्वार और देहरादून के कॉलेजों की जांच के लिए एसआईटी हरिद्वार में बनाई गई थी। एसआईटी ने पाया कि दोनों जिलों से देहरादून, हरिद्वार, सहारनपुर, मेरठ आदि शहरों के करीब 150 शिक्षण संस्थानों को उत्तराखंड के छात्रों के लिए 200 करोड़ रुपये छात्रवृत्ति जारी की थी। एसआईटी के अनुसार, जब इसका सत्यापन किया गया तो कई चौंकाने वाली बातें सामने आई थीं। अधिकारियों और शिक्षण संस्थानों ने कई तरीके अपनाते हुए इसमें से 100 करोड़ रुपये का गबन कर डाला।
इस मामले में समाज कल्याण विभाग के बड़े अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें से कई को जमानत मिल चुकी है। वर्तमान में कई अधिकारी बहाल होकर शासन में उच्च पदों पर तैनात हैं। बताया जा रहा है कि एसआईटी के रडार पर अब भी कई अधिकारी हैं। इनके खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन से अनुमति का एसआईटी इंतजार कर रही है।
इंडियन आर्मी में अग्निवीरों की बंपर भर्ती, 8वीं-10वीं पास भी करें अप्लाई..
उत्तराखंड: भारतीय सेना में उत्तराखंड समेत देशभर में अग्निवीरों की बंपर भर्ती निकली है। जो युवा 8वीं और 10वीं पास हैं। वो फौज में भर्ती होने का अपना सपना साकार कर सकते हैं। सेना में शामिल होने के लिए उम्मीदवारों को तीन चरणों से होकर गुजरना पड़ेगा। भर्ती का प्रोसेस क्या है, ये जानने के लिए राज्य समीक्षा के साथ बने रहें। भारतीय सेना द्वारा भर्ती रैली का आयोजन आगरा, आइजोल, अल्मोड़ा, अमेठी, बरेली, बैरकपुर, बेहरमपुर, कटक, गोपालपुर, हमीरपुर और अन्य स्थानों सहित कई स्थानों पर किया जाएगा।
16 फरवरी से आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है, लास्ट डेट 15 मार्च है। ऑनलाइन परीक्षा 17 अप्रैल 2023 को आयोजित होगी। जो भी युवा 8वीं और 10वीं पास हैं, वो भर्ती रैली में हिस्सा ले सकते हैं। अग्निवीर जनरल ड्यूटी और ऑल आर्म्स के लिए अभ्यर्थी का किसी भी मान्यता प्राप्त बोर्ड या संस्थान से 45% अंकों के साथ 10 वीं पास होना जरूरी है। हर विषय में 33 प्रतिशत मार्क्स होने चाहिए। अग्निवीर टेक्निकल-ऑल आर्म्स के लिए फिजिक्स, केमेस्ट्री, मैथ्स और इंग्लिश के साथ इंटर पास होना जरूरी है। न्यूनतम 50 प्रतिशत अंक होने चाहिए, साथ ही हर विषय में 40 प्रतिशत अंक होने जरूरी हैं। अग्निवीर क्लर्क-स्टोर कीपर टेक्निकल के पद के लिए कुल 60 प्रतिशत अंकों के साथ किसी भी स्ट्रीम से इंटर पास होना जरूरी है।
उत्तराखंड के गांव सड़क मार्ग से जुड़े, बढ़ रहे रोजगार के अवसर..
उत्तराखंड: रोजगार मेले के अवसर पर पीएम मोदी ने कहा कि आज जैसे-जैसे उत्तराखंड के दूरस्थ क्षेत्र सड़क, रेल और इंटरनेट से जुड़े हैं, वैसे वैसे पर्यटन भी बढ़ रहा है। पर्यटन मानचित्र को नए स्थलों के साथ अद्यतन किया जा रहा है। इससे उत्तराखंड के युवाओं को अब उसी क्षेत्र में रोजगार मिल पा रहा है, जिसके लिए उन्हें पहले बड़े शहरों का का रुख करते थे।
प्रधानमंत्री मोदी का कहना हैं कि उत्तराखंड को इस समय अपने इंफ्रास्ट्रक्चर में इतना बड़ा निवेश मिल रहा है कि दूर-दूर तक आना-जाना आसान होने के साथ-साथ रोजगार की नई संभावनाएं भी पैदा हो रही हैं। केंद्र सरकार ने हाल ही में देश भर के हजारों युवाओं को नियुक्ति पत्र भेजे हैं। केंद्र सरकार पहाड़ों में रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर मुहैया कराने के लिए लगातार काम कर रही है केंद्र सरकार का निरंतर यह प्रयास रहा है कि पहाड़ में रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर बनाए जाएं।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उत्तराखंड के रोजगार मेले में पीएम मोदी ने कहा कि उत्तराखंड में इस संकल्प को जमीन पर उतारने का दायित्व आप जैसे मेरे युवा साथियों के कंधों पर है। केंद्र सरकार हो या उत्तराखंड की भाजपा सरकार हो हमारा यह निरंतर प्रयास है कि हर युवा को उसकी रुचि, योग्यता के अनुसार नए अवसर मिलें। सभी को आगे बढ़ने का उचित माध्यम मिले। अपने सेवा भाव से आपको राज्य और राष्ट्र में विकास और विश्वास के प्रयासों में अपना भरपूर योगदान देना है। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से भारत के युवाओं को नई सदी के लिए तैयार करने का संकल्प आज देश ने लिया है।
यात्रा में तैनात अधिकारी एवं कर्मचारियों को उचित प्रशिक्षण देने के दिए निर्देश..
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ यात्रा को सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने को लेकर बद्री-केदार मंदिर समिति अध्यक्ष अजेन्द्र अजय ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि समय पर केदारनाथ यात्रा की तैयारियां पूरी कर ली जांए। जो गलतियां पिछले यात्रा सीजन में रह गई हैं, उन गलतियों को सुधारा जाए। जिससे देश-विदेश से यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को असुविधा का सामना न करना पड़े।
जिला कार्यालय के एनआईसी कक्ष में अधिकारियों की बैठक लेते हुए बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष ने कहा कि केदारनाथ धाम के कपाट 25 अप्रैल को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे। यात्रा को सुव्यवस्थित एवं सफल संचालन के लिए जिस स्तर से व्यवस्थाएं एवं तैयारियां की जानी है, वह सभी व्यवस्थाएं 15 अप्रैल से पूर्व ही पूरी कर ली जांए।
उन्होंने कहा कि केदारनाथ पैदल मार्ग पर बर्फ हटाने का कार्य त्वरित गति से शुरू किया जाए और जहां पर भी मार्ग क्षतिग्रस्त है, उसका मरम्मत कार्य शीघ्रता से किया जाए। उन्होंने कहा कि केदारनाथ यात्रा व्यवस्थाओं को संपादित करने के लिए तैनात किए जाने वाले सभी अधिकारी एवं कर्मचारियों को उचित प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जाए, ताकि यात्रा व्यवस्थाओं को संचालित करने में किसी प्रकार की काई परेशानी न हो। उन्होंने पुलिस अधीक्षक को भी निर्देश दिए कि यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था को संचालित करने में काफी परेशानी होती है, इसके लिए उचित पार्किंग एवं यातायात प्लान तैयार किया जाए।
उन्होंने केदारनाथ धाम सहित यात्रा मार्ग में उचित स्वास्थ्य सुविधाएं, साफ-सफाई व्यवस्था, पर्याप्त शौचालयों की व्यवस्था तथा संचालित होने वाले घोड़े-खच्चरों के लिए उचित पानी की व्यवस्था और यात्रा मार्ग में विद्युत सहित अन्य सभी व्यवस्थाओं को दुरस्त रखने के भी निर्देश दिए।
बैठक में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अध्यक्ष को बताया कि केदारनाथ यात्रा के सफल संचालन के लिए तैनात किए गए अधिकारियों एवं कार्मिकों को उचित प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जा रहा है और उन्हें सौंपे गए दायित्वों एवं कार्यों के बारे में पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है, ताकि यात्रा व्यवस्था में किसी प्रकार की कोई समस्या न आने पाए।
उन्होंने कहा कि केदारनाथ यात्रा मार्ग को सुचारू करने के लिए बर्फ हटवाने का कार्य सोमवार से ही शुरू किया जायेगा तथा यात्रा मार्ग में जिन स्थानों में वर्तमान में बर्फ नहीं है उस क्षेत्र के क्षतिग्रस्त मार्ग को ठीक कराने के निर्देश डीडीएमए को दिए गए हैं। उन्होेंने यह भी बताया कि यात्रा मार्ग में घोड़े-खच्चरों के साथ किसी प्रकार की कोई क्रूरता न हो तथा बीमार व कमजोर घोड़े-खच्चरों का किसी भी दशा में संचालन न किया जाए। इसकी निगरानी के लिए 20 पीआरडी जवानों की तैनाती की गई है। जिन्हें उचित प्रशिक्षण उपलब्ध कराते हुए यात्रा मार्ग में घोड़े-खच्चरों की निगरानी के लिए विभिन्न यात्रा पड़ावों में तैनात किए जाएंगे।
बैठक में पुलिस अधीक्षक डाॅ. विशाखा अशोक भदाणे, मुख्य विकास अधिकारी नरेश कुमार, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी केदारनाथ योगेंद्र सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. एचसीएस मार्तोलिया, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डाॅ. आशीष रावत, अधिशासी अभियंता प्रवीण कर्णवाल, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, मंदिर समिति से आरसी तिवारी, नगर पालिका अध्यक्ष गीता झिंक्वाण, अध्यक्ष नगर पंचायत अगस्त्यमुनि अरुणा बेंजवाल, तिलवाड़ा संजू जगवाण सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
18 मार्च तक गैरसैंण में होगा बजट सत्र,कैबिनेट की बैठक में हुआ फैसला..
उत्तराखंड: ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण में स्थित विधानसभा में 13 मार्च से 18 मार्च तक बजट सत्र की मेजबानी की जाएगी। कैबिनेट में यह फैसला किया गया। मार्च 2021 को कोविड काल के बाद सरकार ने गैरसैंण में बजट सत्र आयोजित किया था। 2022 के विधानसभा के कारण वहां बजट सत्र नहीं हो पाया था।
नई सरकार के गठन के बाद जून 2022 में बजट सत्र देहरादून विधानसभा में आयोजित किया गया। सरकार ने बजट सत्र को गैरसैंण में न कराने की पीछे चारधाम यात्रा को भी कारण बताया था। गैरसैंण में बजट सत्र नहीं कराने पर विपक्ष ने सरकार की आलोचना की थी।
उसके बाद दिसम्बर 2022 में शीतकालीन सत्र भी देहरादून में आयोजित किया गया। सरकार के निर्णय के अनुसार बजट सत्र अब गैरसैंण में होगा। पहले दिन राज्यपाल का अभिभाषण होगा। सरकार ने बजट सत्र छह दिन चलाने का निर्णय लिया है।
अजीत डोभाल के पहुंचते ही छात्र हुए उत्साहित, 48 पदकों पर बेटियों का कब्जा..
उत्तराखंड: एनएसए अजीत डोभाल पंतनगर विश्वविद्यालय के 34 में दीक्षांत समारोह में शामिल होने पहुंचे। उनके पहुंचते ही यहां छात्रों में भारी उत्साह नजर आया। समारोह में राज्यपाल गुरमीत सिंह सहित कृषि मंत्री गणेश जोशी, डीजी आईसीएआर डाॅ हिमांशु पाठक व डेयर सचिव भी पहुंचे हैं। पंतनगर विश्वविद्यालय के 34वें दीक्षांत समारोह में गुरुवार को विद्वत शोभा यात्रा दीक्षांत पंडाल में शामिल हुई। शोभा यात्रा में विश्वविद्यालय के लगभग 400 शिक्षकों ने भाग लिया।
शैक्षणिक वर्ष 2020-2021 और 2021-2022 के लिए दीक्षांत समारोह के दौरान कुल 2503 छात्रों को डिग्रियां प्रदान की गईं, जिनमें 1269 स्नातक छात्र, 963 स्नातक छात्र और 271 पीएचडी उम्मीदवार शामिल हैं। साथ ही 26 स्वर्ण पदक, 22 रजत पदक और 22 कांस्य पदक सहित विभिन्न अवार्ड भी प्रदान किए गए। इस बार फिर छात्राओं ने बाजी मारी है। 70 में से 48 पदकों पर छात्राओं ने कब्जा किया। वेटरिनरी स्नातक रोशनी व कृषि स्नातक सुरवि को कुलाधिपति स्वर्ण पदक मिला।
जारी हुआ धर्मेंद्र का पहला लुक, सूफी संत शेख सलीम चिश्ती के किरदार में खूब जचे अभिनेता..
देश-विदेश: बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र वेब सीरीज ‘ताज डिवाइडेड बाय ब्लड’ के साथ अपने डिजिटल डेब्यू के लिए तैयार हैं। जी5 पर प्रीमियर होने वाली इस सीरीज की घोषणा 14 फरवरी को जायंट स्ट्रीमर द्वारा की गई थी। यह सीरीज एक पीरियड ड्रामा है, जिसमें मुगल साम्राज्य से जुड़ी चीजों को दर्शाया जाएगा। इस सीरीज से दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र ने आज अपना लुक साझा कर दिया है, जिसे फैंस काफी पसंद कर रहे हैं।
‘ताज डिवाइडेड बाय ब्लड’ में धर्मेंद्र के अलावा नसीरुद्दीन शाह, अदिति राव हैदरी, शुभम कुमार मेहरा, आशिम गुलाटी सहित कई सितारे मुख्य भूमिका निभा रहे हैं। सीरीज में अनारकली की भूमिका में अदिति राव हैदरी, सलीम की भूमिका में आशिम गुलाटी और जोधा बाई की भूमिका में संध्या मृदुल नजर आएंगी। वहीं, आज अभिनेता ने सूफी संत शेख सलीम चिश्ती के किरदार में अपने पहले लुक को फैंस के साथ साझा कर उन्हें चौंका दिया।
‘ताज डिवाइडेड बाय ब्लड’ से अभिनेता के दो लुक शेयर हुए हैं। पहली तस्वीर में उन्हें लाल रंग की सूफी संत कॉस्टयूम पहनी हुई है और साथ में उनकी सफेद बढ़ी हुई दाढ़ी है। धर्मेंद्र ने इस तस्वीर को शेयर करते हुए लिखा, ‘दोस्तों मैं ताज में शेख सलीम चिश्ती का किरदार निभा रहा हूं,जो एक सूफी संत थे। मेरा छोटा और बहुत ही महत्वपूर्ण किरदार है। आप सबकी शुभकामनाएं चाहिए।’ इसके अलावा उन्होंने एक और लुक शेयर किया, जिसमें वह कुर्सी पर बैठे हुए नजर आ रहे हैं।
रोनाल्ड स्कैल्पेलो के निर्देशन में बनी ‘ताज डिवाइडेड बाय ब्लड’ की कहानी साइमन फैंटाजो ने लिखी है। बता दें कि यह सीरीज अकबर के शासन काल के बारे में है जो अपनी भव्य विरासत के लिए एक उत्तराधिकारी की तलाश में है। यह जल्द ही जी5 पर आने वाली है।
