पीएम मोदी ने वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना..
उत्तराखंड: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से देहरादून से दिल्ली के लिए पहली वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली और देहरादून के बीच ये चलने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन देश की राजधानी को और तेज गति से जोड़ेगी।
इस ट्रेन से दिल्ली और देहरादून के बीच रेल सफर में अब समय काफी कम हो जाएगा। ट्रेन में जो सुविधाएं हैं वो इस सफर को आनंद दायक बनाने वाली हैं। अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कहा कि पर्वतमाला योजना उत्तराखंड का भविष्य बदलने जा रही है। ट्रेन शुरू होने से राज्य में आने वाले यात्रियों के लिए फायदेमंद होगा। वंदे भारत भारत के सामान्य परिवारों की पहली पसंद बनती जा रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कहना हैं कि अभी कुछ घंटे पहले ही मैं तीन देशों की यात्रा करके आया हूं आज पूरा विश्व भारत को उम्मीदों से देख रहा है। हमने जिस तरह अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूती दी है, जिस तरह हम गरीबी से लड़ रहे हैं उसने पूरी दुनिया का विश्वास जगा दिया है।
उत्तराखंड आज जिस तरह से कानून-व्यवस्था को सर्वोपरि रखते हुए विकास के अभियान को आगे बढ़ा रहा है वो बहुत सराहनीय है। मेरा विश्वास है कि ये देवभूमि आने वाले समय में पूरे विश्व की आध्यात्मिक चेतना के आकर्षण का केंद्र बनेगी।
हमें इस सामर्थ्य के अनुरूप भी उत्तराखंड का विकास करना होगा। इससे पहले, इस दौरान सीएम धामी ने कहा कि यह रेलवे का स्वर्णिम युग है। स्वदेश में निर्मित सेमी हाईस्पीड ट्रेन यहां से चलने जा रही है। जल्द ही दुर्गम इलाकों में भी ऐसी ट्रेनें चलाई जाएंगी। पहाड़ के लिए यह सब सपना था। जल्द ऋषिकेश से कर्णप्रयाग तक ट्रेन चलेगी।
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि आज बहुत सौभाग्य का दिन है पीएम आज देवभूमि को वंदे भारत की बहुत बड़ी सौगात दे रहे हैं। आज से 10 साल जब रेलवे की विकास की बात आती थी तो केंद्र सरकार की तरफ से 187 करोड़ रुपए मिलते थे और 2014 में मोदी जी जब आए तो उन्होंने तुरंत उत्तराखंड के लिए फंड की व्यवस्था की। उत्तराखंड में रेलवे के लिए 2000-4000 करोड़ रुपए तक की व्यवस्था की और इस बार उन्होंने 5000 करोड़ रुपए की व्यवस्था की।
वहीं, उद्घाटन के बाद रेल मंत्री ट्रेन से हरिद्वार तक जाएंगे। वहीं, उद्घाटन समारोह से पहले केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन में सवार छात्रों से बातचीत की। उधर, ट्रेन को देखने और सेल्फी लेने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग रेलवे स्टेशन पहुंचे।
इन रेलवे स्टेशनों पर रुकेगी ट्रेन..
यह ट्रेन बुधवार को छोड़कर सप्ताह में छह दिन सुबह सात बजे चलेगी। देहरादून और दिल्ली के बीच ट्रेन के केवल पांच स्टॉपेज होंगे। इनमें हरिद्वार, रुड़की, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और मेरठ शामिल हैं। ट्रेन की अधिकतम रफ्तार 110 किलोमीटर प्रतिघंटा होगी। वहीं, औसत रफ्तार 63.41 तय की गई है। वंदे भारत देहरादून से चलने वाली सबसे तेज ट्रेन शताब्दी एक्सप्रेस से एक घंटे कम समय में दिल्ली पहुंचाएगी। हालांकि, शताब्दी एक्सप्रेस को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन तक चलाया जाता है। जबकि, यह ट्रेन आनंद विहार तक ही जाएगी।
देहरादून से गोवा के लिए सीधे हवाई सेवा शुरू..
उत्तराखंड: हवाई सफर करने वाले यात्रियों के लिए अच्छी खबर सामने आ रही है। जिलाधिकारी सोनिका ने देहरादून से गोवा एवं गोवा से सीधे देहरादून नई उड़ान सेवा का देहरादून हवाई अड्डे पर केक काटकर उद्घाटन किया है। ये नई उड़ान सेवा इंडिगो एयरलाइंस की ओर से शुरू की गई है। ये फ्लाइट सप्ताह में 3 दिन मंगलवार, गुरुवार और शनिवार को उपलब्ध रहेगी ।
आपको बता दे कि जौलीग्रांट एयरपोर्ट से कई बड़े शहरों के लिए हवाई सेवाएं संचालित हो रही हैं। वहीं अब गोवा का नाम भी इसमें जुड़ गया है। अब हवाई सफर करने वाले यात्री जौलीग्रांट एयरपोर्ट से सीधे गोवा के लिए उड़ान भर सकेंगे।
इंडिगो एयरलाइंस ने गोवा के लिए 23 मई से अपनी सीधी हवाई सेवा शुरू कर दी है। बता दें कि इंडिगो एयरलाइंस की यह हवाई सेवा सप्ताह में तीन दिन मंगलवार, गुरुवार व शनिवार को संचालित होगी। ये फ्लाइट गोवा से शाम 5.55 बजे फ्लाइट देहरादून एयरपोर्ट पहुंचेगी। वहीं देहरादून एयरपोर्ट से शाम 6:30 बजे यह हवाई सेवा गोवा के लिए उड़ान भरेगी।
देहरादून पहुंची सुपरफास्ट वंदे भारत ट्रेन, 25 को उद्घाटन..
उत्तराखंड: वंदे भारत ट्रेन का संचालन दो दिन बाद देहरादून रेलवे स्टेशन से दिल्ली के बीच किया जाना है। इसके ट्रायल के लिए आज मंगलवार को वंदे भारत देहरादून रेलवे स्टेशन पहुंच गई है। ट्रायल के बाद 25 मई से दून से वंदे भारत एक्सप्रेस का संचालन शुरू हो जाएगा।
आपको बता दे कि देहरादून से वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने की तैयारी शुरू हो गई है। ट्रेन देहरादून पहुंच चुकी है। वहीं, ट्रेन के उद्घाटन के लिए देहरादून रेलवे स्टेशन को भव्य रूप से सजाने का काम शुरू कर दिया गया है। सोमवार से स्टेशन के दो प्लेटफॉर्म (एक व दो) में टेंट लगाने और रंग-रोगन का काम शुरू किया गया। दून से चलने वाली यह ट्रेन देश की 18वीं वंदे भारत ट्रेन होगी।
बताया जा रहा है कि इसके उद्घाटन के लिए दून रेलवे स्टेशन के दो प्लेटफॉर्म पर करीब 300 मीटर से अधिक का लंबा टेंट लगना है। जबकि स्टेशन पर रखे गमलों पर भी रंग-रोगन का काम तेजी से किया जा रहा है। 24 मई को दोनों प्लेटफॉर्म पर ट्रेनों की आवाजाही रोक दी जाएगी। 25 मई को सुबह 11 बजे ट्रेन का उद्घाटन होगा। उद्घाटन समारोह में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी शामिल होंगे।
प्लेटफॉर्म नंबर एक से होगी रवाना..
प्लेटफॉर्म नंबर एक से वंदे भारत ट्रेन को दिल्ली के लिए रवाना किया जाएगा। दून से चलने वाली यह ट्रेन देश की 18वीं वंदे भारत ट्रेन होगी। 25 मई को सुबह 11 बजे रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ट्रेन का उद्घाटन करेंगे।
ये हो सकता है रूट प्लान..
जानकारी के अनुसार ट्रेन दिल्ली से उत्तर प्रदेश को क्रॉस करते हुए उत्तराखंड पहुंचेगी। ट्रेन कहां-कहां रुकेगी इसके बारे में कोई आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है। हालांकि, कयास लग रहे हैं कि कुछ बड़े स्टेशनों पर इसका स्टॉप होगा। यह ट्रेन दिल्ली से चलकर उत्तर प्रदेश से होते हुए उत्तराखंड पहुंचेगी। इस बीच मेरठ, मुजफ्फरनगर, रुड़की और हरिद्वार में इसका स्टॉप हो सकता है। इस तरह से दिल्ली-देहरादून वंदे भारत बीच में 4 स्टेशनों पर रुकेगी। इससे हरिद्वार व उत्तराखंड के अन्य पर्यटक स्थलों पर पहुंचने में लोगों को आसानी होगी।
जानें किराया..
बताया जा रहा है कि दिल्ली से देहरादून के बीच चल रही वंदे भारत ट्रेन शाम के समय करीबन 5 बजे दिल्ली से चलेगी और रात के करीवन 10 बजे देहरादून पहुंचेगी। वहीं देहरादून ये ये ट्रेन सुबह 8 बजे चलेगी और दोपहर को 1 बजे नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचेगी। अगर ट्रेन के किराए के बारे में बात करें तो एसी चेयरकार में इस ट्रेन का किराया 915 रुपए रहेगा। वहीं एसी एग्जीक्यूटिव चेयर कार में ट्रेन का किराया 1425 रुपए रहेगा।
देहरादून में नौकरी की तालाश कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खबर..
जल्द करें यहां आवेदन, 20 मई है लास्ट डेट..
उत्तराखंड: देहरादून यातायात पुलिस विभाग 18 से 30 वर्ष की आयु के लोगों को फैलोशिप देकर यातायात प्रबंधन और जागरूकता में युवाओं को शामिल करने के लिए एक अनूठा तरीका अपना रहा है। “यह युवाओं के लिए, विशेष रूप से अपनी तरह का पहला शैक्षणिक अवसर है। इस प्रोग्राम के तहत यातायात पुलिस के गुर सिखाए जाएंगे, जिससे उन्हें नौकरी में मदद मिलेगी। फैलोशिप प्रोग्राम के लिए 20 मई तक आवेदन किए जाएंगे।
बताया जा रहा है कि इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि या तकनीकी रुचि वाले लोग इसमें हिस्सा ले सकते है। यह 30 दिन की फैलोशिप है। जिसके अंत में छात्र रिपोर्ट जमा करेंगे और प्रमाणन प्राप्त करेंगे । जिसका उपयोग इंटर्नशिप या नौकरियों के लिए आवेदन करते समय भी किया जा सकता है। इच्छुक व्यक्ति 20 मई तक अपने संबंधित संस्थानों के माध्यम से अपना आवेदन जमा कर सकते हैं। इसके बाद आवेदनों की एक स्क्रीनिंग प्रक्रिया से गुजरना होगा और प्रारंभिक चरण में 10-15 युवाओं का चयन किया जाएगा। वे 28 मई से 26 जून तक प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे, जिसके बाद उन्हें प्रमाणन से सम्मानित किया जाएगा।
फैलोशिप के दौरान प्रतिभागियों को उनके काम की समझ हासिल करने, शहर की सड़कों पर कर्मियों के साथ ऑन-फील्ड प्रशिक्षण प्राप्त करने, यातायात प्रबंधन के लिए उपयोग की जाने वाली तकनीक और आधुनिक वैज्ञानिक उपकरणों से परिचित होने और दुर्घटना में अंतर्दृष्टि प्राप्त करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के साथ जोड़ा जाएगा।
देहरादून से दिल्ली का सफर होगा शानदार, दौड़ेगी ये सुपर फास्ट ट्रेन..
उत्तराखंड: जल्द ही दिल्ली से देहरादून जाने के लिए वंदे भारत ट्रेन शुरू होने वाली है। बताया जा रहा है कि 29 मई से दून से चलेगी वंदे भारत एक्सप्रेस का संचालन शुरू हो सकता है। जिसके लिए कवायद शुरू हो गई है। इस ट्रेन के चल जाने के बाद उत्तराखंड के धार्मिक और टूरिस्ट प्लेस तक जाने में भी आसानी होगी।
आपको बता दे कि देहरादून से वंदे भारत एक्सप्रेस चलाने की तैयारी को लेकर महाप्रबंधक समेत अन्य अधिकारियों ने 18 मई को देहरादून रेलवे स्टेशन का निरीक्षण किया। बताया जा रहा है कि मुरादाबाद रेल मंडल के देहरादून से नई दिल्ली के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस का संचालन 29 मई से शुरू किया जाना है। जिसके लिए रेलवे के अधिकारी देहरादून रेलवे स्टेशन आए थे।
रेलवे मुख्यालय की सूचना के अनुसार 29 मई को प्रधानमंत्री देहरादून से वंदे भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाकर रवाना कर सकते हैं। उद्घाटन समारोह में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी शामिल होंगे। हालांकि वंदे भारत एक्सप्रेस का संचालन का समय अभी निर्धारित नहीं हुआ है ।
ये हो सकता है रूट प्लान..
जानकारी के अनुसार ट्रेन दिल्ली से उत्तर प्रदेश को क्रॉस करते हुए उत्तराखंड पहुंचेगी। ट्रेन कहां-कहां रुकेगी इसके बारे में कोई आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है। हालांकि, कयास लग रहे हैं कि कुछ बड़े स्टेशनों पर इसका स्टॉप होगा। यह ट्रेन दिल्ली से चलकर उत्तर प्रदेश से होते हुए उत्तराखंड पहुंचेगी। इस बीच मेरठ, मुजफ्फरनगर, रुड़की और हरिद्वार में इसका स्टॉप हो सकता है। इस तरह से दिल्ली-देहरादून वंदे भारत बीच में 4 स्टेशनों पर रुकेगी। इससे हरिद्वार व उत्तराखंड के अन्य पर्यटक स्थलों पर पहुंचने में लोगों को आसानी होगी।
जानें किराया..
बताया जा रहा है कि दिल्ली से देहरादून के बीच चल रही वंदे भारत ट्रेन शाम के समय करीबन 5 बजे दिल्ली से चलेगी और रात के करीबन 10 बजे देहरादून पहुंचेगी। वहीं देहरादून से ये ट्रेन सुबह 8 बजे चलेगी और दोपहर को 1 बजे नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचेगी। अगर ट्रेन के किराए के बारे में बात करें तो एसी चेयरकार में इस ट्रेन का किराया 915 रुपए रहेगा। वहीं एसी एग्जीक्यूटिव चेयर कार में ट्रेन का किराया 1425 रुपए रहेगा।
उत्तराखंड में धामी कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक आज..
उत्तराखंड: सीएम पुष्कर सिंह धामी गुरुवार को राज्य कैबिनेट की बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इसमें कई विभागों के प्रस्तावों के साथ मुख्यमंत्री मेधावी छात्रवृत्ति योजना के प्रस्ताव को मंजूरी मिल सकती है। सुबह 11.30 बजे से यह बैठक राज्य सचिवालय में होगी।
यहीं पर माध्यमिक शिक्षा विभाग में बीआरसी व सीआरसी के 955 पदों को आउटसोर्स भरने के प्रस्ताव पर भी चर्चा हो सकती है। इसके साथ ही गौशाला संचालन के दिशा-निर्देश भी कैबिनेट को प्राप्त होंगे। साथ ही मंत्रियों को सचिवों की एसीआर लिखने का अधिकार दिए जाने का मामला फिर आ सकता है। सीएम ने कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के अनुरोध के जवाब में मुख्य सचिव को कैबिनेट बैठक में विचार लाने के निर्देश दिए थे।
बैठक में विधानसभा भर्ती सेवा नियमावली में प्रस्तावित समायोजन पर चर्चा की जा सकती है। नर्सिंग सेवा नियमावली में संशोधन भी कैबिनेट में चर्चा का विषय हो सकता है। साथ ही इलेक्ट्रानिक वेस्ट पॉलिसी में संशोधन, उत्तराखंड ड्रोन पॉलिसी, स्वरोजगार के लिए महिलाओं को सस्ती दरों पर लोन, अंत्योदय राशनकार्ड धारकों को 50 प्रतिशत सब्सिडी पर चीनी व नमक के प्रस्ताव पर भी विचार होने की संभावना है।
उत्तराखंड में इनके घर पर NIA ने मारा छापा, मचा हड़कंप
उत्तराखंड: बाजपुर से इस वक़्त की बड़ी खबर आ रही है। बताया जा रहा है कि बुधवार सुबह यहां एक घर पर नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने छापा मारा है। ये छापेमारी सुल्तानपुर पट्टी के गांव रतनपुरा निवासी गुरविंदर सिंह के घर पर की गई है। मौके पर पूछताछ जारी है। आपको बता दे कि उधमसिंहनगर जनपद में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की छापेमारी से हड़कंप मचा हुआ है। बताया जा रहा है कि उधम सिंह नगर के बाजपुर के ग्राम रतनपुरा में आज सुबह 6:00 बजे से छापेमारी कार्यवाही की जा रही है। गुरविंदर सिंह के खालिस्तान समर्थक से संपर्क होने की आशंका है। जिसे लेकर एनआईए पूछताछ के लिए बाजपुर पहुंची।
वही बताया जा रहा है कि छापे के दौरान टीम को गुरविंदर घर पर नहीं मिला है। गुरविंदर सिंह और उसके पिता विदेश में है। एनआईए के टेरर, ड्रग तस्करों, गैंगस्टर्स के नेटवर्क से जुड़े मामले को लेकर भी पूछताछ की बातें सामने आई हैं। एनआईए की टीम पंजाब हरियाणा, राजस्थान, यूपी, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश में छापेमारी कर रही है।
महिलाओं को इस योजना के तहत सस्ती दरों पर मिलेगा 75 % सब्सिडी पर लोन..
उत्तराखंड: सरकार ने एकल महिलाओं के सशक्तीकरण की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। ऐसी महिलाओं के लिए मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना शुरू करने जा रही है। इसके तहत लाभार्थी महिलाओं को सस्ती दरों पर 75 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। जिसके लिए आगामी कैबिनेट बैठक में प्रस्ताव लाया जाएगा।
आपको बता दे कि महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग मंत्री रेखा आर्या ने देहरादून स्थित शासकीय आवास पर विभागीय अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण विषयों के संबंध में बैठक की। बैठक में कैबिनेट मंत्री ने कहा कि एकल महिला स्वरोजगार योजना की घोषणा में यह निर्णय लिया गया कि अब महिलाओं को स्वरोजगार हेतु बेहद सस्ती दरों पर ऋण उपलब्ध कराया जाएगा।
बताया जा रहा है कि इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर एकल महिलाओं के लिए यह योजना घोषित की गई थी, जिसे अब धरातल पर उतारा जाना है। इस योजना के तहत महिलाएं अपना कोई भी स्वरोजगार शुरू करने के साथ ही अपनी आर्थिकी को मजबूत कर सकेंगी। इसके लिए कैबिनेट मंत्री ने प्रस्ताव बना कर अगली कैबिनेट बैठक में लाने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।
ये हैं पात्रता की शर्तें..
1- महिला उत्तराखंड की मूल निवासी हो
2- न्यूनतम आयु 25 वर्ष और अधिकतम 45 वर्ष
3- मासिक आय छह हजार रुपये से अधिक न हो
4- किसी भी संगठित सेवा, सरकारी, गैर सरकारी उपक्रम में कार्यरत न हो
5- राजकीय व पारिवारिक पेंशन प्राप्त न करती हो
6- विधवा, विकलांग जैसी कल्याणकारी योजनाओंं से पेंशन प्राप्त करने वाली महिलाएं भी पात्र होंगी।
केदारनाथ दर्शन के लिए एक तीर्थयात्री को मिल रहा तीन से पांच सेकंड का समय..
उत्तराखंड: चारधाम यात्रा में बाबा केदार के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है। जिसके चलते धाम में रोजाना भीड़ बढ़ रही है। केदारनाथ में बाबा के दर्शन के लिए एक श्रद्धालु को 3 से 5 सेकंड का समय मिल रहा है लेकिन अब दिनोदिन बढ़ती यात्रा में यह समय कम हो सकता है। सोमवार को दिनभर केदारनाथ में भक्तों की भीड़ जुटी रही। इस सीजन में 21 दिनों में ही दर्शनार्थियों का आंकड़ा तीन लाख के पार हो गया है। सुबह 4 से 10 बजे तक कम भीड़ रहने पर भक्तों को गर्भगृह से दर्शन कराए जा रहे हैं।
इस दौरान बाबा के दर्शन के लिए एक भक्त को पांच सेकंड तक का समय मिल रहा है लेकिन पूर्वाह्न से यहां भीड़ बढ़ने पर श्रद्धालुओं को सभामंडप से ही दर्शन कराए जा रहे हैं। बीकेटीसी के कार्याधिकारी रमेश चंद्र तिवारी का कहना हैं कि पिछले तीन दिनों केदारनाथ में प्रतिदिन श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ रही है। सोमवार को बाबा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लाइन संगम तक लगी रही।
15 मई तक चारधाम यात्रा में अब तक 30 लाख से अधिक यात्री पंजीकरण कर चुके हैं। केदारनाथ धाम के लिए 15 से 25 मई तक 2.79 लाख यात्रियों ने पंजीकरण कराया है। सोनप्रयाग से सोमवार को कुल 17345 श्रद्धालुओं को केदारनाथ भेजा गया। सेक्टर मजिस्ट्रेट का कहना हैं कि पूरे दिनभर मौसम सामान्य रहा। इस दौरान अपराह्न बाद चार बजे तक श्रद्धालुओं को भेजा गया।
स्वास्थ्य विभाग ने सोनप्रयाग से केदारनाथ तक 1900 श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य की जांच कर इलाज किया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. एचसीएस मार्तोलिया ने बताया कि अब तक कुल 15 यात्रियों को एयर लिफ्ट किया जा चुका है जिसमें छह को एम्स ऋषिकेश में भर्ती किया गया है।
केदारनाथ यात्रा में सेवा, समर्पण और सहभागिता का संदेश दे रहे जवान..
उत्तराखंड: नेशनल डिजास्टर रिलीफ फोर्स (एनडीआरएफ) के जवान केदारनाथ यात्रा में पूरे समर्पण के साथ बाबा केदार के भक्तों की सेवाएं कर रहे हैं। गौरीकुंड से केदारनाथ तक कुल 47 जवान बीते एक पखवाड़े से सेवाएं दे रहे हैं। केदारनाथ सहित पैदल मार्ग पर आए दिन हो रही बर्फबारी से पैदल मार्ग भैरव व कुबेर गदेरा हिमखंड जोन में अति संवेदनशील बना है। यहां पर तैनात इंस्पेक्टर अमीर चंद्र कोठियाल के नेतृत्व में एनडीआरएफ के सुरक्षा जवान श्रद्धालुओं को हाथ पकड़कर रास्ता पार करा रहे हैं।
बता दे कि कुछ दिन पूर्व एक महिला अपने बच्चे को गोद में लेकर केदारनाथ दर्शन को पहुंची थी। भैरव गदेरा हिमखंड जोन में फिसलन के चलते बच्चे के साथ रास्ता पार करना आसान नहीं था। ऐसे में एनडीआरएफ के एक जवान ने नवजात को अपनी गोद में लेकर रास्ता पार करवाया। यह फोटो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुई। इधर, एनडीआरएफ के कमांडेंट सुदेश द्राल का कहना हैं कि टीम की प्राथमिकता बाबा केदार के भक्तों को सुरक्षित यात्रा कराना है। क्षेत्र में खराब मौसम व मानइस तापमान में हमारे जवान निरंतर मुस्तैद हैं।
वही डीएम मयूर दीक्षित का कहना है कि यात्रा में एनडीआरएफ के साथ एसडीआरएफ, पुलिस और डीडीआरएफ के जवान बेहतरीन कार्य कर रहे हैं। यात्रा में ड्यूटी देने वाले सभी सुरक्षा कर्मियों को प्रशासन द्वारा सम्मानित किया जाएगा।वहीं, पुलिस अधीक्षक डा. विशाखा अशोक भदाणे केदारनाथ में तैनात पुलिस जवानों का मनोबल बढ़ाने के लिए उनसे निरंतर संवाद कर रही है। साथ ही बीते 20 दिनों में वह स्वयं भी चार बार पैदल मार्ग से केदारनाथ पहुंच चुकी है। उन्होंने पैदल मार्ग से धाम में तैनात पुलिस जवानों को बारिश व बर्फ से बचाने के लिए पर्याप्त मात्रा में रेनकोट भेजे हैं। उन्होंने सोनप्रयाग, गौरीकुंड, जंगलचट्टी, भीमबली, छोटी लिनचोली, बड़ी लिनचोली, छानी कैंप, रुद्रा प्वाइंट, बेस कैंप, हेलिपैड और केदारनाथ मंदिर में तैनात जवानों से स्वयं की सुरक्षा के साथ यात्रियों की सुरक्षा की अपील की है।
