शशि थरूर ने ऑपरेशन सिंदूर पर उठी बहस को बताया संवेदनशील मुद्दा, राजनीति से ऊपर रखी राष्ट्रीय सुरक्षा
तिरुवनंतपुरम- कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को लेकर छिड़ी राजनीतिक बहस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि देश में आतंकवाद पिछले तीन दशकों से चुनौती बना हुआ है और इसे अत्यधिक गंभीरता से समझने की जरूरत है। थरूर के अनुसार, आतंकवाद की जड़ें 1989-90 के आसपास जम्मू-कश्मीर से पनपीं और धीरे-धीरे यह खतरा देश के कई हिस्सों—मुंबई, पुणे और दिल्ली तक—फैलता गया।
उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर से जुड़े तथ्यों की जांच अभी जारी है, इसलिए किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने में जल्दबाज़ी नहीं करनी चाहिए। थरूर के मुताबिक, “जिम्मेदारी से काम लेते हुए यह समझना जरूरी है कि घटना क्यों हुई और आगे ऐसी स्थितियों से बचने के लिए क्या कदम उठाए जा सकते हैं।”
फारूक अब्दुल्ला के बयान के बाद शुरू हुई चर्चा
दरअसल, पूरा मामला तब सामने आया जब जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने इस ऑपरेशन पर सवाल उठाते हुए कहा था कि वे उम्मीद करते हैं कि भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न हो। उन्होंने दावा किया कि कार्रवाई के दौरान उनके 18 लोग मारे गए और सीमा सुरक्षा को नुकसान हुआ। साथ ही उन्होंने भारत-पाकिस्तान संबंधों में सुधार की आवश्यकता पर बात करते हुए पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के उस संदेश को भी याद किया कि “पड़ोसी बदले नहीं जा सकते।”
थरूर बोले—पहली प्राथमिकता देशवासियों की सुरक्षा
फारूक अब्दुल्ला की टिप्पणी के जवाब में थरूर ने कहा कि किसी भी परिस्थिति में भारत के नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि है। उन्होंने यह भी कहा कि आतंकवाद पर कठोर कार्रवाई जरूरी है, लेकिन इसके साथ ही देश के व्यापक विकास लक्ष्यों को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।
रोहिणी आचार्य के राजनीति छोड़ने पर भी दिया बयान
इस दौरान थरूर से लालू यादव की बेटी और तेजस्वी यादव की बहन रोहिणी आचार्य के राजनीति से दूर होने को लेकर भी सवाल पूछा गया। उन्होंने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह उनका निजी फैसला है और इस पर टिप्पणी करना उचित नहीं होगा। थरूर ने साफ किया कि उन्होंने बिहार में चुनाव प्रचार नहीं किया, इसलिए स्थानीय परिस्थितियों को लेकर टिप्पणी करना उनके लिए सही नहीं होगा।
केरल में आरएसएस कार्यकर्ता की मौत—थरूर ने निष्पक्ष जांच की मांग की
केरल में आरएसएस कार्यकर्ता की कथित आत्महत्या के मामले पर भी थरूर ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि घटना की तुरंत और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने भाजपा नेतृत्व से अपने अंदरूनी मामलों की भी समीक्षा करने की सलाह दी। थरूर ने मृतक के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस संवेदनशील मामले को किसी भी हालत में राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए।
राजधानी का एक्यूआई 404, स्मॉग की चादर से बढ़ी सांस की दिक्कतें
नई दिल्ली। राजधानी में ठंड बढ़ते ही हवा की गुणवत्ता खतरनाक स्तर पर पहुंच गई है। बृहस्पतिवार को दिल्ली में प्रदूषण लगातार तीसरे दिन ‘गंभीर’ श्रेणी में दर्ज किया गया। सुबह दिल्ली धुंध, हल्के कोहरे और स्मॉग की मोटी परत से ढकी रही, जिससे लोगों को सांस लेने में दिक्कत हुई और कई जगह लोग मास्क पहनकर निकलते नजर आए।
विशेषज्ञों के अनुसार, पराली जलाने की घटनाओं, वाहन प्रदूषण और ठंडी हवा के कारण पीएम2.5 का स्तर तेजी से बढ़ा है। निर्णय सहायता प्रणाली के मुताबिक, दिल्ली के कुल प्रदूषण में वाहनों का योगदान 19.82% और पराली का 12% रहा। बृहस्पतिवार को दिल्ली का एक्यूआई 404 रिकॉर्ड किया गया, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है।
एनसीआर क्षेत्रों में भी हवा की गुणवत्ता चिंताजनक रही। दिल्ली के बाद नोएडा का एक्यूआई 389, गुरुग्राम 300, गाजियाबाद 370 और ग्रेटर नोएडा 377 रहा। फरीदाबाद अपेक्षाकृत बेहतर रहा, लेकिन यहां भी एक्यूआई 288 के साथ हवा ‘खराब’ श्रेणी में दर्ज की गई। सीपीसीबी का पूर्वानुमान है कि सप्ताहांत तक हवा और बिगड़ सकती है।
शाम चार बजे दिल्ली में पीएम10 का स्तर 362.8 और PM2.5 का स्तर 227.8 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रिकॉर्ड किया गया। कई मॉनिटरिंग स्टेशनों पर हवा गंभीर श्रेणी में रही।
मुख्य इलाकों में एक्यूआई:
आनंद विहार – 434
अलीपुर – 434
अशोक विहार – 435
जहांगीरपुरी – 443
आईटीओ – 438
मथुरा रोड – 438
जेएलएन स्टेडियम – 416
बुराड़ी क्रॉसिंग – 444, सबसे अधिक प्रदूषित
निर्यात प्रोत्साहन मिशन’ और ‘ऋण गारंटी योजना’ से MSME सेक्टर को मजबूती, भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता होगी और सशक्त
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि केंद्र सरकार के ताज़ा कैबिनेट फैसले भारत की वैश्विक प्रतिस्पर्धा क्षमता को मजबूत करेंगे और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को साकार करने में मील का पत्थर साबित होंगे। केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में दो महत्वपूर्ण योजनाओं — ‘निर्यात प्रोत्साहन मिशन’ और ‘निर्यातकों के लिए ऋण गारंटी योजना’ — को मंजूरी दी गई है, जिनका उद्देश्य भारतीय निर्यात को गति देना और एमएसएमई क्षेत्र को मजबूती प्रदान करना है।
‘मेड इन इंडिया’ की गूंज दुनिया में और तेज हो — प्रधानमंत्री मोदी
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए कहा,
“सुनिश्चित कर रहे हैं कि ‘मेड इन इंडिया’ की गूंज पूरी दुनिया में और तेज़ी से सुनाई दे। कैबिनेट ने ‘निर्यात प्रोत्साहन मिशन’ को मंजूरी दी है, जो भारत के निर्यात को और प्रतिस्पर्धी बनाएगा तथा एमएसएमई, नए और श्रम-प्रधान क्षेत्रों को सशक्त करेगा।”
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह मिशन सभी संबंधित पक्षों को एक मंच पर लाकर परिणाम-आधारित तंत्र तैयार करेगा। वहीं, ‘निर्यातकों के लिए ऋण गारंटी योजना’ (Credit Guarantee Scheme for Exporters) से व्यापार सुचारू रूप से चलेगा, वैश्विक प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और आत्मनिर्भर भारत का सपना साकार होगा।
खनिज क्षेत्र में भी बड़ा फैसला, हरित ऊर्जा को मिलेगी मजबूती
कैबिनेट ने इसके साथ ही ग्रेफाइट, सीजियम, रुबिडियम और जिरकोनियम जैसे प्रमुख खनिजों की रॉयल्टी दरों को तर्कसंगत करने का निर्णय लिया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह कदम हरित ऊर्जा और आपूर्ति श्रृंखला (सप्लाई चेन) को मजबूत करेगा, रोजगार सृजन को बढ़ावा देगा और भारत की सतत विकास यात्रा को नई दिशा देगा।
₹45,000 करोड़ की योजनाओं को मिली मंजूरी — अमित शाह ने बताया ऐतिहासिक कदम
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने निर्यातकों के लिए ₹45,000 करोड़ की दो नई योजनाओं को मंजूरी देने के निर्णय को “ऐतिहासिक कदम” बताया।
उन्होंने कहा कि कैबिनेट ने ₹25,060 करोड़ के ‘एक्सपोर्ट प्रमोशन मिशन’ को स्वीकृति दी है, जो भारतीय उत्पादों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाएगा और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाएगा।
इसके साथ ही, ₹20,000 करोड़ की ‘क्रेडिट गारंटी स्कीम फॉर एक्सपोर्टर्स (CGSE)’ के तहत निर्यातकों को बिना गारंटी के ऋण सुविधा मिलेगी।
अमित शाह ने कहा, “यह कदम एमएसएमई क्षेत्र को नई मजबूती देगा और भारत को 1 ट्रिलियन डॉलर निर्यात लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ाएगा।”
वैश्विक मंच पर भारत की पहचान को और सशक्त बनाने की तैयारी
सरकार का उद्देश्य है कि इन नीतिगत निर्णयों के माध्यम से भारत न केवल अपने निर्यात प्रदर्शन को दोगुना करे, बल्कि ‘मेड इन इंडिया’ को विश्व स्तर पर गुणवत्ता और विश्वसनीयता का प्रतीक बनाया जाए।
तेजस्वी यादव ने कहा- बिहार की जनता ने इस बार बदलाव के पक्ष में मजबूती से मतदान किया
पटना। बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजों से पहले जारी एग्जिट पोल भले ही अलग-अलग तस्वीर दिखा रहे हों, लेकिन महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव ने सरकार बनने का दावा किया है। उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने इस बार बदलाव के पक्ष में मजबूती से मतदान किया है और महागठबंधन को स्पष्ट बहुमत मिलने जा रहा है।
मीडिया से बातचीत में तेजस्वी यादव ने आत्मविश्वास भरे लहजे में कहा, “बिहार की जनता का आशीर्वाद हमें मिल चुका है। 14 नवंबर को मैं मुख्यमंत्री बनने जा रहा हूं।” उन्होंने कहा कि इस बार जनता का उत्साह और समर्थन पहले के मुकाबले कई गुना ज्यादा है। लोगों ने बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार के खिलाफ वोट देकर मौजूदा सरकार के खिलाफ स्पष्ट जनादेश दिया है।
महागठबंधन नेता ने सभी सहयोगी दलों, कार्यकर्ताओं और मतदाताओं का धन्यवाद करते हुए कहा कि लोकतंत्र के इस महापर्व में जनता ने नई दिशा तय की है। तेजस्वी ने कहा, “2020 की तुलना में इस बार 72 लाख ज्यादा लोगों ने मतदान किया है, जो इस बात का संकेत है कि जनता बदलाव चाहती है और अब सरकार बदलना तय है।”
एग्जिट पोल को लेकर तेजस्वी ने कहा कि वे इन सर्वे नतीजों से न खुशफहमी में हैं, न ही भ्रम में। उनका कहना था कि “एग्जिट पोल का मकसद केवल माहौल को प्रभावित करना है। भाजपा और एनडीए की बेचैनी बताती है कि इस बार उन्हें जनता ने नकार दिया है।”
उन्होंने दोहराया कि 14 नवंबर को नतीजों के बाद 18 नवंबर को शपथ ग्रहण समारोह होगा और बिहार में महागठबंधन की सरकार बनना अब तय है।
पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां मिलकर सभी एंगल से कर रहीं जांच
नई दिल्ली। दिल्ली में सोमवार शाम हुए भीषण विस्फोट के बाद पूरे देश में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। दिल्ली समेत देश के कई शहरों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। इन राज्यों में दिल्ली- NCR समेत राज्य के बॉर्डर से लगने वाले हरियाणा और यूपी के अलावा पंजाब, बिहार, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात, उत्तराखंड और राजस्थान शामिल है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देर रात दिल्ली में उच्च स्तरीय आपात बैठक बुलाई, जिसमें गृह सचिव, आईबी प्रमुख, दिल्ली पुलिस आयुक्त, विशेष सचिव (आंतरिक सुरक्षा) और गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। जम्मू-कश्मीर के डीजीपी भी वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए। बैठक में घटना की जांच, सुरक्षा व्यवस्था और देशभर में सतर्कता बढ़ाने को लेकर विस्तृत चर्चा हुई।
शवों की पहचान जारी, लाल किला और आसपास का क्षेत्र सील
घटना के तुरंत बाद गृह मंत्री अमित शाह ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों के अनुसार, सभी पहलुओं से जांच जारी है। अब तक दस में से छह मृतकों की पहचान हो चुकी है, जबकि तीन शवों की डीएनए जांच से पुष्टि की जाएगी। सुरक्षा कारणों से लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर 1 और 4 को बंद कर दिया गया है, वहीं किले के आसपास के सभी मार्ग और क्षेत्र आम जनता के लिए प्रतिबंधित कर दिए गए हैं। फोरेंसिक और एनएसजी टीमें घटनास्थल पर जांच में जुटी हैं।
UAPA के तहत मामला दर्ज, संदिग्धों से पूछताछ जारी
पहले पुलिस ने मामला विस्फोटक अधिनियम की धाराओं में दर्ज किया था, लेकिन प्रारंभिक जांच के बाद अब इसे गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम यानी UAPA के तहत दर्ज किया गया है। दिल्ली पुलिस, एनएसजी और फोरेंसिक विशेषज्ञ साक्ष्य जुटाने में लगे हैं। वहीं, राजधानी के भीड़भाड़ वाले इलाकों—बस अड्डों और रेलवे स्टेशनों—पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पुलिस ने चार संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
तेजस्वी यादव ने कहा- वह केवल विकास के मुद्दे पर बात कर रहे हैं, जबकि प्रधानमंत्री कई विवादित चेहरों के लिए कर रहे प्रचार
बिहार। पटना के पोलो रोड स्थित आरजेडी कार्यालय में सोमवार को नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दूसरे चरण के मतदान से पहले कई सवाल उठाए। उनके साथ सांसद मीसा भारती भी मौजूद रहीं। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने सुरक्षा बल मुख्यतः भाजपा शासित राज्यों से बुलाए हैं। उन्होंने दावा किया कि कुल 208 कंपनियां भाजपा शासित राज्यों से तैनात की गई हैं और करीब 68% पुलिस ऑब्जर्वर भी उन्हीं प्रदेशों से आए हैं। तेजस्वी ने पूछा कि “फिर बंगाल, तमिलनाडु, झारखंड से बल क्यों नहीं बुलाए गए?”
पीएम के कैंपेन को लेकर निशाना
तेजस्वी यादव ने कहा कि वह केवल विकास के मुद्दे पर बात कर रहे हैं, जबकि प्रधानमंत्री ने मंच साझा करते हुए कई विवादित चेहरों के लिए प्रचार किया। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि पीएम कुछ मामलों में संदिग्ध छवि वाले लोगों से मंच पर जुड़े दिखे।
“लोग बदलाव के मूड में हैं”
तेजस्वी ने दावा किया कि उन्होंने चुनाव प्रचार में 171 से अधिक सभाएं की हैं और हर ब्लॉक/जिला में जनसमर्थन मिला है। उनके मुताबिक बिहार की 20 साल पुरानी व्यवस्था से जनता बदलाव चाहती है और इस बार नतीजे “ऐतिहासिक” होंगे। उन्होंने कहा कि 14 तारीख को सरकार गठित होने के बाद बिहार को तेज रफ्तार विकास देने की दिशा में काम शुरू किया जाएगा।
तेजस्वी के चुनावी वादे
आरजेडी नेता ने अपने चुनावी घोषणापत्र में कई वादों का ज़िक्र किया। उन्होंने कहा कि सरकार बनते ही महिलाओं के खातों में 30 हजार रुपये देने, जीविका दीदियों का ब्याज माफ करने, ओल्ड पेंशन स्कीम लागू करने, किसानों को फ्री बिजली देने और नई सामाजिक योजनाएँ शुरू करने का रोडमैप तैयार है। साथ ही उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर “ज़ीरो टॉलरेंस” अपनाया जाएगा।
समस्तीपुर घटना का मुद्दा भी उठाया
तेजस्वी ने कहा कि समस्तीपुर में फेंकी गई पर्चियों से लोगों में भय का वातावरण बना है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ बड़े अधिकारियों को विशेष निर्देश दिए जा रहे हैं। तेजस्वी ने चुनाव आयोग से यह भी सवाल किया कि पहले चरण में पुरुष/महिला वोटर टर्नआउट का डेटा 4 दिन बाद भी क्यों जारी नहीं हुआ।
फरीदाबाद में 350 किलो अमोनियम नाइट्रेट बरामद, सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप
नई दिल्ली। देश की सुरक्षा एजेंसियों ने समय रहते दो बड़े आतंकवादी प्लान को नाकाम कर दिया है। गुजरात एटीएस ने जहां केमिकल अटैक की साजिश का पर्दाफाश करते हुए तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस ने यूपी से एक डॉक्टर को दबोचने के बाद फरीदाबाद में छापेमारी कर 350 किलो अमोनियम नाइट्रेट बरामद किया है। यह वही केमिकल है जिसका इस्तेमाल बड़े विस्फोटक तैयार करने में होता है। दोनों प्रकरणों में जो चीज सबसे ज्यादा चौंकाने वाली है वो यह कि पकड़े गए मुख्य आरोपियों में मेडिकल की पढ़ाई कर चुके डॉक्टर शामिल हैं।
गुजरात में केमिकल अटैक की साजिश बेनकाब
गुजरात एटीएस की टीम ने खुफिया इनपुट पर अहमदाबाद-मेहसाणा रोड पर अदलाज टोल प्लाजा के पास कार्रवाई करते हुए तीन लोगों को पकड़ा। आरोप है कि ये लोग ‘राइसिन’ जैसे बेहद घातक रसायन के जरिए बड़े पैमाने पर लोगों को नुकसान पहुंचाने की तैयारी में थे। राइसिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ‘रासायनिक हथियार’ की कैटेगरी में माना जाता है। पकड़े गए आरोपियों में एक ऐसा डॉक्टर भी शामिल है, जिसने चीन से मेडिकल की पढ़ाई की है। टीम ने आरोपियों से पिस्टल, कारतूस और अरंडी का तेल भी बरामद किया है।
अफगान हैंडलर से लिंक
पूछताछ में सामने आया कि डॉक्टर अहमद मोहियुद्दीन सैयद का संपर्क अफगानिस्तान में मौजूद अबु खदीजा नाम के आतंकी से था, जिसका ISKP से कनेक्शन बताया जा रहा है। इसके अलावा कुछ पाकिस्तानी नंबरों व मॉड्यूल से भी कड़ी मिली है। पूछताछ के बाद यूपी से दो और युवकों को भी उठाया गया। शुरुआती जांच में सामने आया कि आरोपियों ने दिल्ली, लखनऊ और अहमदाबाद में रेकी की थी।
फरीदाबाद से 350 किलो अमोनियम नाइट्रेट
इधर दूसरी बड़ी कार्रवाई में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने सहारनपुर से अरेस्ट किए गए डॉक्टर आदिल की निशानदेही पर फरीदाबाद के धौज इलाके में एक घर से 350 किलो अमोनियम नाइट्रेट और हथियार बरामद किए हैं। यहां से दो ऑटोमैटिक पिस्टल, 84 कारतूस, 5 लीटर केमिकल और AK-47 भी मिली है। यह बरामदगी संकेत देती है कि किसी बड़े धमाके की तैयारी चल रही थी।
हाफिज सईद का एंगल
इंटेलिजेंस एजेंसियों को इनपुट मिला है कि हाफिज सईद से जुड़े नेटवर्क भारत में आतंकी घटना का प्लान बना रहे हैं। बांग्लादेश से ऑपरेट करने की आशंका जताई गई है। हाल में एक ISI समर्थित आतंकी कमांडर ने खुले मंच पर दावा किया कि भारत के खिलाफ नई साजिशें चल रही हैं।
GRAP-2 लागू, फिर भी नहीं सुधर रही राजधानी की हवा
दिल्ली के बाद नोएडा की हवा सबसे ज्यादा खराब, गाजियाबाद और ग्रेटर नोएडा भी ‘बेहद खराब’ श्रेणी में
नई दिल्ली। राजधानी समेत पूरे एनसीआर में वायु प्रदूषण लगातार खतरनाक स्तर पर बना हुआ है। शनिवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स कई इलाकों में ‘गंभीर’ श्रेणी को पार कर गया। एम्स, अक्षरधाम और इंडिया गेट जैसे सेंसेटिव ज़ोन में AQI 380 से 420 के बीच दर्ज किया गया, जिसके बाद पर्यावरण एजेंसियों और स्वास्थ्य विभाग ने स्थिति पर चिंता जताई है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, दिल्ली की फिजा में पीएम 2.5 की मात्रा लगातार बढ़ रही है, जो सीधे तौर पर सांस और हृदय संबंधी बीमारियों को प्रभावित करती है। पराली के धुएं की हिस्सेदारी भी तेजी से बढ़ रही है। शनिवार को दिल्ली की हवा में पराली से होने वाला प्रदूषण 30% से अधिक दर्ज किया गया और रविवार को यह 31% के पार जा सकता है।
सुबह की शुरुआत घने स्मॉग और धुंध के साथ हुई। सफदरजंग एयरपोर्ट पर सुबह 6:30 बजे दृश्यता 900 मीटर तक ही सीमित रही, जो थोड़ी देर बाद बढ़कर 1200 मीटर हो पाई। मास्क पहनकर सफर करते लोगों की संख्या भी बढ़ गई है। डॉक्टर्स का कहना है कि अस्थमा और सांस की समस्या वाले मरीजों को बाहर निकलते समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
एनसीआर में दिल्ली के बाद सबसे खराब स्थिति नोएडा की रही, जहां AQI 354 दर्ज किया गया। गाजियाबाद में 339, ग्रेटर नोएडा में 336 और गुरुग्राम में 236 दर्ज हुआ। इस दौरान फरीदाबाद की हवा अपेक्षाकृत बेहतर रही, लेकिन वह भी ‘खराब’ श्रेणी में ही रही।
CPCB का अनुमान है कि मंगलवार तक हवा की गुणवत्ता ‘बहुत खराब’ से ‘गंभीर’ श्रेणी में बनी रह सकती है। दीपावली के बाद से कई इलाकों में AQI लगातार नीचे नहीं आ रहा है, जबकि GRAP-2 के नियम अभी भी लागू हैं। हालांकि, दिल्ली में इस वर्ष अभी तक ‘अत्यधिक गंभीर’ श्रेणी वाला दिन दर्ज नहीं हुआ है, लेकिन विशेषज्ञों की मानें तो इस सप्ताह ऐसे हालात बन सकते हैं।
केरन सेक्टर में सर्च ऑपरेशन जारी
जम्मू। जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा जिले के केरन सेक्टर में आज सुबह सेना और सुरक्षा एजेंसियों ने घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। विशेष इनपुट पर शुरू किए गए संयुक्त सर्च ऑपरेशन में सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई करते हुए दो आतंकियों को मार गिराया। इलाका अभी भी सील है और ऑपरेशन जारी है। सेना ने जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त बल भी तैनात कर दिए हैं।
सुरक्षा एजेंसियां पिछले कुछ हफ्तों से कुपवाड़ा-किश्तवाड़ बेल्ट में लगातार बढ़ी आतंकी हलचल पर नजर बनाए हुए हैं। 6 नवंबर को भी किश्तवाड़ के नाइदगाम के कालाबन जंगल में मुठभेड़ हुई थी, जिसमें एक जवान घायल हो गया था। सूत्रों के मुताबिक दो से तीन आतंकी अभी भी इस इलाके में सक्रिय बताए जा रहे हैं, जिनकी सपोर्ट चेन और नेटवर्क की जांच जारी है।
वंदे मातरम् के 150 वर्ष: पीएम मोदी ने वर्षभर चलने वाले स्मरणोत्सव का किया शुभारंभ
नई दिल्ली। राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्षभर चलने वाले स्मरणोत्सव का शुभारंभ किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा कि वंदे मातरम् केवल शब्द नहीं, बल्कि ऊर्जा, संकल्प और भारत की आत्मा का उद्घोष है। पीएम मोदी ने कहा कि यह गीत हमारे अतीत का गौरव, वर्तमान का आत्मविश्वास और भविष्य का संकल्प मजबूत करता है।
पीएम मोदी ने कहा कि गुलामी के दौर में वंदे मातरम् ने आजादी की भावना को स्वर दिया था और यह उद्घोष ही स्वतंत्र भारत का सपना लिए आगे बढ़ा था। उन्होंने कहा कि इस गीत ने अंग्रेजों की उस मानसिकता और दुष्प्रचार को तोड़ा जिसमें भारत को कमजोर और पिछड़ा बताया जाता था।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज भारत विज्ञान-तकनीक, अर्थव्यवस्था और सुरक्षा के मोर्चों पर विश्व में नई पहचान के साथ खड़ा है। जब-जब भारत पर आतंकी हमलों से प्रहार हुआ, दुनिया ने देखा कि यह देश सेवा और करुणा का स्वरूप भी है और दुर्गा की शक्ति बनकर आतंकवाद को जवाब देना भी जानता है।
पीएम ने कहा कि आजादी की लड़ाई में वंदे मातरम् की भावना ने देश को एक सूत्र में जोड़ दिया था, लेकिन 1937 में इसके कुछ हिस्सों को अलग किया गया, जिसने विभाजनकारी सोच को जन्म दिया। उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी को यह जानना जरूरी है कि इस गीत पर हुआ अन्याय क्यों हुआ, क्योंकि वही सोच आज भी देश की सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है।
