गुप्तकाशी, सिरसी और फाटा हेलिपैड पर सात हेलिकॉप्टर तैनात, ट्रायल उड़ान सफल
देहरादून। तीन माह के लंबे इंतजार के बाद श्रद्धालुओं के लिए केदारनाथ धाम की हेली सेवा आज से फिर शुरू हो रही है। उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाडा) ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। हालांकि, मौसम बिगड़ने पर हेलिकॉप्टर उड़ानों को अनुमति नहीं दी जाएगी।
हेली सेवा संचालन से पहले डीजीसीए (नागरिक उड्डयन महानिदेशालय) की टीम ने गुप्तकाशी, सिरसी और फाटा हेलिपैड का सुरक्षा निरीक्षण किया। इस दौरान पायलटों की तैनाती, तकनीकी व्यवस्था और सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच की गई। फिलहाल छह कंपनियों के सात हेलिकॉप्टर इन हेलीपैड्स पर पहुंच चुके हैं और ट्रायल उड़ानें सफल रही हैं।
यूकाडा के सीईओ आशीष चौहान ने बताया कि हेली सेवाओं को लेकर सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त हैं। डीजीसीए टीम के साथ बैठक भी सकारात्मक रही। उन्होंने कहा कि मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए उड़ानों पर निगरानी रखी जाएगी और खराब मौसम में हेली सेवा को रोका जाएगा।
ग्रामोत्थान परियोजना: स्वरोजगार और उद्यमिता से स्वावलंबन की ओर
पौड़ी में ग्रामोत्थान परियोजना बन रही ग्रामीण आजीविका और आत्मनिर्भरता का आधार
पौड़ी। उत्तराखण्ड सरकार के ग्राम्य विकास विभाग के अन्तर्गत संचालित ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना जनपद पौड़ी के ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के लिए हो रहे पलायन को रोकने हेतु स्थानीय स्तर पर उद्यमिता विकास को बढ़ावा दे रही है। यह परियोजना आईफैड के वित्तीय सहयोग से जनपद पौड़ी के सभी 15 विकासखण्डों में कार्य कर रही है।
परियोजना द्वारा अब तक राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत गठित 60 क्लस्टर लेवल फेडरेशन और 3,982 स्वयं सहायता समूहों को अंगीकृत किया गया है। इससे जुड़े लगभग 22 हजार परिवारों को परियोजना के माध्यम से लाभान्वित किया जा रहा है।
ग्रामोत्थान परियोजना ग्रामीणों को विभिन्न प्रकार के रोजगारपरक प्रशिक्षण जैसे क्लाइमेट स्मार्ट कृषि, चारा विकास आदि में दक्ष बना रही है। जनपद के 800 अत्यंत गरीब परिवारों को आजीविका संवर्द्धन हेतु अल्ट्रा पुअर पैकेज के अंतर्गत ₹35,000 का ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराया गया है। इसके माध्यम से वे डेयरी, बकरी पालन, मुर्गी पालन, सिलाई सेंटर और जनरल स्टोर जैसी गतिविधियों से आय अर्जित कर रहे हैं।
जिला परियोजना प्रबंधक, ग्रामोत्थान कुलदीप बिष्ट बताते हैं कि ग्रामीणों की आय बढ़ाने के लिए व्यक्तिगत उद्यम गतिविधियों के अंतर्गत अब तक 407 लाभार्थियों को उद्यम स्थापना हेतु ₹1.96 करोड़ का वित्तीय सहयोग प्रदान किया गया है। इसके साथ ही इन उद्यमों को ₹3.12 करोड़ का बैंक लोन और ₹34.74 लाख की धनराशि विभिन्न विभागीय योजनाओं के कन्वर्जेंस से उपलब्ध करायी गयी है। इस पहल से स्थानीय युवा और किसान अपने ही क्षेत्र में डेयरी, मुर्गी पालन, मशरूम उत्पादन, टैंट हाउस, फूड वैन, रेस्टोरेंट, होमस्टे, सैलून, डीजे साउंड सिस्टम व फैब्रिकेशन जैसे उद्यम स्थापित कर स्वरोजगार प्राप्त कर रहे हैं।
समूह एवं फेडरेशन स्तर पर सामूहिक उद्यमों की स्थापना हेतु अब तक 08 उद्यम स्थापित हो चुके हैं तथा 32 उद्यमों की स्थापना कार्य प्रगति पर है। वर्ष 2025 में कुल 100 बड़े सामूहिक उद्यमों की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है। पौड़ी विकासखण्ड में बेडू प्रसंस्करण यूनिट, दुगड्डा में हिलांस हर्बल टी यूनिट, थलीसैंण में आलू बीज उत्पादन, नैनीडांडा में पिरूल-बायोमास यूनिट, कोट में लिलियम पुष्प उत्पादन, बीरोंखाल में मसाला व फल प्रसंस्करण तथा खिर्सू में पहाड़ी गाय के गोबर आधारित उत्पाद निर्माण इकाइयाँ स्थापित की गयी हैं। इन उद्यमों से स्थानीय संसाधनों को बाजार तो मिल ही रहा है, साथ ही ग्रामीणों को भी रोजगार उपलब्ध हो रहा है।
किसानों की सुविधा के लिए परियोजना द्वारा 06 किसान सेवा केन्द्र स्थापित किए गए हैं। यहां किसानों को पशु चारा, खल-चूरी, मिनरल मिक्सचर, लिक्विड कैल्शियम, साइलैज, सब्जियों के हाईब्रिड बीज और छोटे कृषि उपकरण आदि न्यूनतम दामों पर उपलब्ध कराए जाते हैं। फेडरेशन इन केन्द्रों के माध्यम से किसानों के उत्पादों की खरीद व मार्केटिंग भी कर रही है। परियोजना का लक्ष्य प्रत्येक फेडरेशन में ऐसे केन्द्र खोलना है।
इसके अतिरिक्त, परियोजना द्वारा स्थानीय यात्रा मार्गों पर यात्रियों की सुविधा हेतु हिमालयन भोजनालय (वे-साइड ईट्रीज) स्थापित किए जा रहे हैं। यहां यात्रियों को स्थानीय व्यंजन, उत्पाद, शौचालय और बेबी केयर जैसी सुविधाएँ मिलेंगी। इस वर्ष पौड़ी जनपद में 20 ईट्रीज स्थापित की जानी प्रस्तावित हैं, जिनमें से 06 प्रस्ताव स्वीकृत हो चुके हैं।
वर्तमान में परियोजना द्वारा प्रदान किए जा रहे प्रशिक्षण, वित्तीय सहयोग, बैंक लिंकेज, कन्वर्जेंस और मार्केटिंग सुविधाओं के कारण 4,994 महिलाएं “लखपति दीदी” बन चुकी हैं, जो सालाना 1 से 3 लाख रुपये तक की आय अर्जित कर रही हैं।
मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवन्त का कहना है कि ग्रामोत्थान परियोजना ने उद्यमों और फेडरेशनों के उत्पादों की मार्केटिंग हेतु हाउस ऑफ हिमालया, बैन्जोज कंपनी कोटद्वार, उत्तरांचल फ्लावर एंड हर्ब्स हल्द्वानी, उत्कर्ष फूड प्रोडक्ट ऊधमसिंह नगर, उत्तरा स्टेट एम्पोरियम देहरादून, एडीके मार्केट प्रा.लि. हरियाणा, शुभ संकल्प प्रा.लि. दिल्ली, फ्रंटियर स्वीट्स श्रीनगर और बीएसके लैन्सडाउन जैसी कई कंपनियों से टाई-अप किया है।
इन प्रयासों से आज जनपद पौड़ी के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार, उद्यम स्थापना और उत्पादों की मार्केटिंग के लिए एक सशक्त मंच तैयार हुआ है। इससे ग्रामीण पलायन करने के बजाय स्थानीय संसाधनों पर आधारित उद्यमिता को अपनाकर न केवल स्वयं को, बल्कि दूसरों को भी रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं।
कांग्रेस नेता हरीश रावत बोले– पूरा देश पाकिस्तान की नीतियों से आक्रोशित
देहरादून। एशिया कप 2025 में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले हाई-वोल्टेज मुकाबले पर सियासी बयानबाजी भी तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता हरीश रावत ने इस मैच को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि पूरा देश पाकिस्तान की दोहरी नीतियों से आक्रोशित है।
रावत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रुख का समर्थन करते हुए कहा कि खून और खेल, खून और कूटनीति, खून और व्यापार एक साथ नहीं चल सकते। पाकिस्तान लगातार भारत की धरती पर खून-खराबा चाहता है और आतंकवाद को बढ़ावा देता है। जब तक पाकिस्तान अपनी नीतियां नहीं बदलता और आतंकवाद पर रोक नहीं लगाता, तब तक उससे किसी भी तरह का संबंध रखना उचित नहीं है।
उन्होंने आगे कहा कि अब समय आ गया है कि पाकिस्तान को एक कड़ा संदेश दिया जाए। यह संदेश केवल पाकिस्तान तक ही सीमित न रहे, बल्कि उन देशों तक भी पहुंचे जो एक ओर पाकिस्तानी सेना के साथ तालमेल रखते हैं और दूसरी ओर भारत के दोस्त होने का दावा करते हैं। रावत ने दो टूक कहा कि पाकिस्तान की हकीकत एक आतंकी राष्ट्र के रूप में दुनिया के सामने रखी जानी चाहिए, ताकि वहां की जनता भी समझ सके कि भारत उनका दुश्मन नहीं बल्कि पड़ोसी भाई है।
घोटाले की उच्च स्तरीय जांच होने तक जारी रहेगा आंदोलन
राज्यपाल से प्रदेश अध्यक्ष करण माहरा व नेता विपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में मिलेगा कांग्रेसी प्रतिनिधिमंडल
राज्य सरकार बोली के सभी दस्तावेज करे सार्वजनिक- सूर्यकांत धस्माना
देहरादून। उत्तराखंड पर्यटन विभाग द्वारा मसूरी में जॉर्ज एवरेस्ट पार्क की खरबों रुपए की संपत्ति मिलीभगत से बाबा राम देव के व्यावसायिक साझीदार आचार्य बालकृष्ण को मात्र एक करोड़ रुपए प्रति वर्ष की दर पर पंद्रह साल के लिए लीज पर देने और उसे आगे और पंद्रह वर्ष के लिए बढ़ाने का प्रावधान करने के खिलाफ प्रदेश कांग्रेस ने आज प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा के आह्वाहन पर पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत प्रदेश भर में जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन कर प्रदेश सरकार का पुतला दहन किया व ऐलान किया कि इस पूरे घोटाले की उच्च स्तरीय जांच की घोषणा तक कांग्रेस का आंदोलन जारी रहेगा।
राजधानी देहरादून में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष संगठन सूर्यकांत धस्माना व महानगर अध्यक्ष डॉक्टर जसविंदर सिंह गोगी की संयुक्त अगुवाई में कांग्रेस मुख्यालय में एकत्रित कांग्रेस जनों ने पहले जम कर केंद्र सरकार प्रदेश सरकार व पर्यटन मंत्री के खिलाफ नारेबाजी की व तत्पश्चात जुलूस की शक्ल में राजपुर रोड में क्वालिटी चौक पर राज्य सरकार का पुतला फूंका।
इस अवसर पर प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष धस्माना ने प्रदेश सरकार पर आकंठ भ्रष्टाचार में डूबे होने का आरोप लगाते हुए कहा कि पिछले साढ़े आठ वर्षों में एक के बाद एक घोटाले कर रही इस सरकार ने अब राज्य निर्माण से लेकर अब तक पच्चीस वर्षों का भ्रष्टाचार का सारा रिकॉर्ड जॉर्ज एवरेस्ट पार्क आवंटन घोटाले से तोड़ दिए। धस्माना ने कहा कि यह घोटाला तीस हजार करोड़ से पचास हजार करोड़ तक का है और यह किस के इशारे पर हुआ और कौन कौन लोग इसमें शामिल हैं यह जांच से ही पता चलेगा इसलिए इसकी उच्च स्तरीय जांच हाई कोर्ट के सेटिंग जज की निगरानी में होनी चाहिए।
धस्माना ने इस प्रकरण पर बोलते हुए कहा कि
रामदेव के सहयोगी बालकृष्ण को पर्यटन प्रोजेक्ट मिला
दरअसल, प्रकृति ऑर्गेनिक्स और भरुवाग्रो एग्री साइंस—ये दोनों कंपनियाँ, जिन्होंने राजस एयरोस्पोर्ट्स के साथ बोली लगाई थी—इन्होंने अक्टूबर 2023 में इसमें क्रमशः 17.43% और 33.25% हिस्सेदारी खरीदी। अलग से, चार कंपनियाँ—भरुवा एग्रो सॉल्यूशन, भरुवा सॉल्यूशंस, फिट इंडिया ऑर्गेनिक और पतंजलि रेवोल्यूशन—ये सभी बालकृष्ण से जुड़ी हुई हैं, जिन्होंने राजस एयरोस्पोर्ट्स और एडवेंचर्स में शेयर लिया।
बोली दस्तावेज़ में साफ लिखा था:
“हम यहां प्रमाणित और पुष्टि करते हैं कि हमने तैयारी और प्रस्तुत करने में किसी अन्य बोलीदाता या उससे जुड़े किसी व्यक्ति के साथ कोई सीधा या परोक्ष संपर्क नहीं किया है।”
फिर भी टेंडर निर्देशों में अयोग्यता और समाप्ति के प्रावधान थे, अगर अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन या धोखाधड़ी होती।
धस्माना ने कहा कि
जॉर्ज एवरेस्ट एस्टेट पार्क, जो 1832 में सर जॉर्ज एवरेस्ट द्वारा स्थापित किया गया था, को 2021 में उत्तराखंड पर्यटन विकास बोर्ड (UTDB) ने राजस एयरोस्पोर्ट्स को पायलट आधार पर एक वर्ष के लिए सौंपा था ताकि व्यवहार्यता जांची जा सके। लेकिन दिसंबर 2022 में विभाग ने 15 साल की लीज़ पर सेवाएँ बढ़ाने का प्रस्ताव रखा, जिसे और 15 साल तक बढ़ाने का विकल्प रखा गया।
धस्माना ने कहा कि इसके बाद
सचिव सचिन कुरवे और उनके पूर्वजनों ने इस प्रोजेक्ट की देखरेख की। फरवरी 2023 में RFP (Request for Proposal) निकाला गया और फरवरी 2023 में इसकी बोली लगी। इसमें वार्षिक शुल्क था—राजस एयरोस्पोर्ट्स ₹1 करोड़, भरुवा एग्रो साइंस ₹65.68 लाख और प्रकृति ऑर्गेनिक्स ₹1.05 करोड़ देने को तैयार थे।
आखिरकार, उच्चतम बोली लगाने वाली कंपनी को यह प्रोजेक्ट मिला, जिसे तीन साल में हर साल 10% बढ़ाया जाना था।
धस्माना ने कहा कि यह जांच का विषय है कि राजस एयरोस्पोर्ट्स की स्थापना 2013 में हुई थी। कंपनी का उद्देश्य एडवेंचर गतिविधियाँ चलाना था, जैसे हॉट एयर बलूनिंग, पैरामोटरिंग, स्काइडाइविंग आदि।
डायरेक्टर्स में सौरभ सैनी और हरिद्वार की कंपनी बालाजी एडवेंचर्स के मनीष सैनी शामिल थे।
उन्होंने कहा कि बालकृष्ण और उनसे जुड़ी कंपनियाँ बाद में इस कंपनी में शेयरधारक बनीं। दस्तावेज़ बताते हैं कि मार्च 2024 तक राजस एयरोस्पोर्ट्स के छह शेयरधारक थे। धस्माना ने कहा कि सितंबर 2023 में, पतंजलि रेवोल्यूशन, भरुवा एग्रो सॉल्यूशन, भरुवा एग्री साइंस और फिट इंडिया ऑर्गेनिक्स कंपनी के रजिस्टर में जुड़ीं।
धस्माना ने कहा कि इस पूरी बोली प्रकरण में जो सबसे बड़ा घोटाला है वह यही है कि ना तो इतने बड़े काम का ग्लोबल टेंडर हुआ ना ही इसे देश के प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में प्रकाशित किया गया और ना ही टेंडर की शर्तों का पालन किया गया। धस्माना ने कहा कि एक ही व्यक्ति की तीनों कम्पनियां ने आपस में सांठ गांठ कर सरकार के साथ मिलीभगत कर यह महाघोटाला कर दिया।
धस्माना ने कहा कि अब कांग्रेस इस घोटाले समेत राज्य में हो रहे भ्रष्टाचार के खिलाफ निर्णायक लड़ाई लड़ेगी।
इस अवसर पर महानगर कांग्रेस अध्यक्ष डॉक्टर जसविंदर सिंह गोगी ने कहा कि प्रदेश में पेपर लीक से लेकर भर्ती घोटाला, खनन और शराब में भ्रष्टाचार के बाद अब ये महाघोटाला सामने आने से यह साबित हो गया है कि प्रदेश सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी प्रदेश की जनता को इस भ्रष्टाचारी सरकार से मुक्ति दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है और अब कांग्रेस कार्यकर्ता इस भ्रष्टाचारी सरकार से आर पार की लड़ाई लड़ने के लिए सड़कों पर उतर गया है।
आज के प्रदर्शन व पुतला दहन कार्यक्रम में मुख्य रूप से प्रदेश श्रम प्रकोष्ठ अध्यक्ष दिनेश कौशल प्रदेश महामंत्री जगदीश धीमान,प्रदेश महामंत्री मनीष नागपाल ,आलोक मेहता, विपुल नौटियाल,अमर मेहता ,कर्नल राम रतन नेगी,कैप्टेन सुबन सिंह सजवान, गोपाल सिंह गादिया, वीरेंद्र पवार,मुकेश सोनकर,मनीष गर्ग,अमर मेहता,गौरव शर्मा,नीतेश राजोरिया,कमर सिद्दीकी,जगदीश धीमन ,अर्जुन शर्मा,पुनीत चौधरी,ललित बद्री,सईद जमाल,मदन मोहन ,विप्लवी कवि दयाल ,चंद्रपाल ,सावित्री थापा,मान सिंह,सुशील धीमन,रोहित मित्तल ,रोबिन त्यागी सूरज छेत्री, आदर्श सूद,राजकुमार जायसवाल,विपुल नौटियाल,अनिल बसन्नैय,विजय कुमार शाही,अमनदीप सिंह,अरुण बलूनी,अनूप सिंह,गुरुनैन सिंह,प्रवीण भारद्वाज,अमल अहमद,राजेश उनियाल,दिग्विजय चौहान समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल रहे।
देहरादून, पौड़ी, नैनीताल और बागेश्वर में भारी बारिश की चेतावनी
ऋषिकेश। उत्तराखंड में बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। रविवार सुबह ऋषिकेश और आसपास के क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। ढालवाला इलाके में पानी भरने से सड़कों पर नदी जैसी स्थिति बन गई। कई वाहन पानी में डूब गए और कुछ जगहों पर घंटों तक यातायात प्रभावित रहा।
येलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने देहरादून, पौड़ी, नैनीताल और बागेश्वर जिलों के कई हिस्सों में भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है। अन्य जिलों में भी कहीं-कहीं तेज बारिश की संभावना जताई गई है। विभाग का अनुमान है कि 18 सितंबर तक प्रदेशभर में रुक-रुककर हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रह सकता है।
टाइम्स ग्रुप ने सोशल मीडिया साइट “एक्स” और व्हाट्सएप कम्युनिटी में कराया सर्वे
आपदा प्रभावित राज्यों में सीएम धामी ने किया सबसे अच्छा काम
उत्तराखंड, जम्मू कश्मीर, पंजाब और हिमाचल प्रदेश के सीएम के बीच हुआ था सर्वे
देहरादून। देश के आपदा प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के कामकाज पर आयोजित टाइम्स ग्रुप के सर्वे में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शीर्ष स्थान हासिल किया है। देश के आपदा प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के प्रदर्शन को लेकर नवभारत टाइम्स ने हाल ही में एक ऑनलाइन सर्वे कराया। सवाल था “आपदा प्रभावित राज्यों में सबसे बेहतर काम करने वाले मुख्यमंत्री कौन हैं?” इस सर्वे में चार नाम शामिल थे उमर अब्दुल्ला, सुखविंदर सिंह सुक्खू, पुष्कर सिंह धामी और भगवंत मान।

सर्वे के नतीजे साफ़ तौर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के पक्ष में रहे। सीएम धामी को 79% मत मिले। जबकि, कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला को 20%, हिमाचल प्रदेश के सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू को 1% और पंजाब के सीएम भगवंत मान को 1% वोट प्राप्त हुए।
जनता का यह रुझान बताता है कि आपदा की घड़ी में मुख्यमंत्री धामी ने जिस तरह त्वरित राहत कार्यों को अंजाम दिया, बचाव एवं पुनर्वास योजनाओं को लागू किया और प्रभावित क्षेत्रों का लगातार दौरा कर पीड़ितों से सीधा संवाद किया उसने उन्हें बाकी नेताओं से अलग और आगे खड़ा कर दिया।

सिर्फ नवभारत टाइम्स का सर्वे ही नहीं, बल्कि टाइम्स ऑफ़ इंडिया की WhatsApp Community पर भी जनता ने पुष्कर सिंह धामी को “पहली पसंद” करार दिया। इस प्लेटफ़ॉर्म पर भी यूज़र्स ने उनकी नेतृत्व क्षमता, त्वरित निर्णय लेने की शैली और संवेदनशील दृष्टिकोण की खुलकर सराहना की।
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह परिणाम साबित करते हैं कि आपदा जैसी परिस्थितियों में मज़बूत और संवेदनशील नेतृत्व ही जनता का भरोसा जीत पाता है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की बढ़ती लोकप्रियता उनके प्रशासनिक सक्रियता, समय पर लिए गए फैसलों और जमीनी जुड़ाव का प्रमाण है।
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजकीय दून मेडिकल कॉलेज चिकित्सालय पहुंचकर वहां भर्ती वरिष्ठ पत्रकार मोहन भुलानी से भेंट की और उनका कुशलक्षेम जाना।
मुख्यमंत्री ने पत्रकार भुलानी के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हुए डॉक्टरों से उनके स्वास्थ्य की स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने परिजनों से भी मुलाकात कर उनका हालचाल पूछा और उन्हें हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पत्रकारों के योगदान को सदैव सम्मान की दृष्टि से देखती है और संकट की घड़ी में उनके साथ खड़ी है। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिए कि भुलानी के उपचार में किसी प्रकार की कमी न रहे और समुचित देखभाल सुनिश्चित की जाए।
इस अवसर पर अपर सचिव बंशीधर तिवारी, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, अस्पताल प्रशासन एवं पत्रकारगण उपस्थित रहे।
देहरादून। मसूरी के जॉर्ज एवरेस्ट पार्क को लीज पर दिए जाने के मुद्दे पर कांग्रेस ने राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्टी ने आरोप लगाया है कि यह आवंटन गलत प्रक्रिया के तहत किया गया और इसे प्रदेश का अब तक का सबसे बड़ा घोटाला करार दिया।
कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष संगठन सूर्यकांत धस्माना ने शनिवार को कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि 142 एकड़ बेशकीमती जमीन को बाबा रामदेव के सहयोगी बालकृष्ण को मात्र एक करोड़ रुपये वार्षिक किराए पर 15 साल की लीज पर दिया गया है। धस्माना ने आरोप लगाया कि निविदा प्रक्रिया में भाग लेने वाली तीनों कंपनियां बालकृष्ण की ही हैं, जो नियमों का सीधा उल्लंघन है।
उन्होंने कहा कि इस घोटाले की जांच हाई कोर्ट के सिटिंग जज की निगरानी में सीबीआई से कराई जानी चाहिए। इसके विरोध में कांग्रेस रविवार को प्रदेशभर में जिला मुख्यालयों पर सरकार का पुतला दहन करेगी। वहीं, कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह से भी मुलाकात करेगा।
वोट चोरी के खिलाफ 15 सितंबर से हस्ताक्षर अभियान
धस्माना ने बताया कि कांग्रेस 15 सितंबर से वोट चोरी के खिलाफ देशव्यापी हस्ताक्षर अभियान शुरू करेगी। उत्तराखंड की सभी 70 विधानसभाओं में यह अभियान चलाया जाएगा। पार्टी का लक्ष्य है कि प्रदेश से पांच लाख लोगों के हस्ताक्षर जुटाए जाएं, जिन्हें राष्ट्रीय नेतृत्व को सौंपा जाएगा। इसके बाद यह हस्ताक्षर पूरे देश से एकत्रित कर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी निर्वाचन आयोग को सौंपेंगे।
संगठन सृजन कार्यक्रम
कांग्रेस के संगठन सृजन अभियान पर भी उन्होंने जानकारी दी। धस्माना ने कहा कि नौ प्रशासनिक जिलों के संगठनात्मक जिलों में रायशुमारी का कार्य पूरा हो चुका है, जबकि शेष चार जिलों में यह काम इसी माह पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद राष्ट्रीय नेतृत्व वरिष्ठ नेताओं से परामर्श कर नए अध्यक्षों की घोषणा करेगा।
पत्रकार वार्ता में मौजूद नेता
पत्रकार वार्ता में कांग्रेस सैनिक विभाग अध्यक्ष कर्नल राम रतन नेगी, प्रदेश महामंत्री जगदीश धीमान, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा के मीडिया सलाहकार सरदार अमरजीत सिंह और कमर सिद्दीकी भी मौजूद रहे।
देहरादून। कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने शनिवार को कैंप कार्यालय में सिंचाई विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर मसूरी विधानसभा क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की।
बैठक के दौरान काबीना मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विधानसभा क्षेत्र में चल रहे सभी निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि जो कार्य अभी लंबित हैं, उन्हें प्राथमिकता से पूर्ण किया जाए। मंत्री ने विशेष रूप से नीलकंठ विहार, डोभालवाला, सालावाला, खालागांव और दून विहार जैसे क्षेत्रों में जल निकासी व्यवस्था, सुरक्षा दीवारों और आरसीसी पाइप से जुड़े बाढ़ सुरक्षा कार्यों को तेजी से पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। साथ ही मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत स्वीकृत सेरकी, सिल्ला, मंसदावाला आदि क्षेत्रों की विकास कार्यों को भी प्राथमिकता पर पूर्ण करने पर बल दिया।
उन्होंने अधिकारियों को शासन स्तर पर लंबित प्रस्तावों की शीघ्र स्वीकृति के लिए लगातार फॉलोअप करने के निर्देश देते हुए कहा कि निर्माण कार्यों में किसी प्रकार की बाधा नहीं आनी चाहिए और सभी योजनाएं समयबद्ध ढंग से संपन्न हों।
बैठक में सिंचाई विभाग के प्रमुख अभियंता सुभाष चंद्र, अधीक्षण अभियंता संजय राय, अधिशासी अभियंता पुरुषोत्तम, दीक्षांत गुप्ता, भाजपा मंडल अध्यक्ष प्रदीप रावत, जिला पंचायत सदस्य वीर सिंह चौहान, पार्षद भूपेंद्र कठेत, नंदनी शर्मा, योगेश, संजय नौटियाल, मंजीत रावत सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
देहरादून- उत्तर प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री आदरणीय MYogiAdityanath से शिष्टाचार भेंट कर अपने संसदीय क्षेत्र से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की।
इस दौरान उनसे IIT रुड़की परिसर के अंतर्गत उत्तर प्रदेश की भूमि को संस्थान को उपलब्ध कराने का अनुरोध किया, जिससे शोध एवं नवाचार की दिशा में और अधिक प्रगति हो सके। इसके अलावा किसानों की उत्पादकता और सिंचाई सुविधा को सुदृढ़ करने हेतु इकबालपुर-नागल सिंचाई परियोजना पर त्वरित कार्रवाई का आग्रह किया और रुड़की–मंगलौर नहर के किनारे किसानों की सुविधा और क्षेत्रीय विकास के लिए ठोस एवं दीर्घकालिक योजना बनाने का भी अनुरोध किया।
आदरणीय योगी जी ने गंभीरता से विषयों पर विचार करते हुए सकारात्मक सहयोग का आश्वासन दिया।
मुझे विश्वास है कि इन पहलों से क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी और किसानों एवं युवाओं दोनों को व्यापक लाभ प्राप्त होगा।
