लोकसभा चुनाव को लेकर संवेदनशील बूथों पर तैनात रहेगी पैरामिलिट्री फोर्स..
उत्तराखंड: नैनीताल में भी आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर प्रशासन के साथ ही पुलिस ने भी अपनी कसरत करनी शुरू कर दी है। लोकसभा चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था और अति संवेदनशील बूथों पर पैरामिलिट्री फोर्स तैनात की जाएगी।नैनीताल पुलिस की डिमांड पर तीन कंपनी पैरामिलिट्री फोर्स जिला पुलिस को मिल चुकी है। एसएसपी प्रहलाद मीणा ने जानकारी देते हुए कहा कि प्रशासन के साथ कोऑर्डिनेशन कर जहां भी सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध करानी होगी पुलिस प्रशासन पूरी व्यवस्था करेगा। नैनीताल के एसएसपी प्रहलाद मीणा का कहना हैं कि जिले में आगामी लोकसभा चुनाव से पहले सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने अराजक तत्वों को चिन्हित करना भी शुरू कर दिया है।
संकल्प पत्र बनाने को सभी वर्गों से सुझाव लेगी भाजपा, जानिए क्या बोले- प्रदेश अध्यक्ष..
उत्तराखंड: भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा, 2024 का संकल्प पत्र बनाने के लिए पार्टी सभी वर्गों से संपर्क कर सुझाव लेगी। लोकसभा चुनाव अभियान को समाज के हर वर्ग तक ले जाना है। 100 दिन की मेहनत पार्टी ही नहीं, देश की तकदीर संवारने वाली साबित होगी। रविवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में भट्ट ने 18 प्रकोष्ठों के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने पदाधिकारियों से आह्वान किया कि आप समाज के सभी वर्गों में संगठन प्रतिनिधि की भूमिका में हैं। लेकिन चुनाव के रूप में परीक्षा की घड़ी आ गई, ऐसे में पार्टी हाईकमान ने चुनाव की जो रणनीति बनाई है, उसमें प्रकोष्ठ पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कथन यही समय है सही समय है। इसका हम सबको अनुपालन करना है।
बैठक में प्रदेश महामंत्री संगठन अजेय कुमार ने चुनाव में प्रकोष्ठों की भूमिका को लेकर पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने सभी संयोजकों को निर्देश दिए कि प्रदेश में संचालित सुझाव पत्र संकल्प एकत्रीकरण अभियान समाज के सभी वर्गों के सुझाव को अधिक से अधिक संकलित करें। इसके साथ ही उन्होंने शीघ्र ही प्रकोष्ठों की कार्यकारिणी को जिलों के बाद अब मंडल स्तर पर भी गठित करने के निर्देश दिए । बैठक में सभी प्रकोष्ठों के प्रदेश संयोजक पुष्कर सिंह काला की अगुआई में पंचायत प्रकोष्ठ, शिक्षा प्रकोष्ठ, पूर्व सैनिक प्रकोष्ठ, दिव्यांग प्रकोष्ठ, सहकारिता प्रकोष्ठ, संस्कृति प्रकोष्ठ, प्रबुद्ध प्रकोष्ठ, व्यापार प्रकोष्ठ के संयोजक व सह संयोजकों ने भाग लिया।
उत्तराखंड में हिमस्खलन की चेतावनी जारी, 24 घंटे सतर्क रहने की अपील..
उत्तराखंड: प्रदेश में बर्फबारी का दौरा जारी है। मौसम विभाग ने उत्तराखंड के प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों के लिए भारी हिमस्खलन की चेतावनी जारी की है। लोगों से अगले 24 घंटे सतर्क रहने की अपील की गई है। इसके लिए एडवाइजरी भी जारी कर दी गई है। उत्तराखंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों के लिए मौसम विभाग ने भारी हिमस्खलन की चेतावनी जारी की है। चमोली जिले के ऊंचाई वाले इलाकों में लोगों से अगले 24 घंटे सतर्क हरने की अपील की गई है। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र देहरादून की ओर जिलाधिकारी को पत्र भेजकर लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
तीन और चार मार्च को बर्फबारी के साथ हिमस्खलन की आशंका..
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र देहरादून की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि डिफेंस जीओइंर्फोमेशन रिसर्च स्टेब्लिशमेंट चंडीगढ़ की ओर से प्रदेश के 2500 मीटर की ऊंचाई वाले क्षेत्रों में तीन और चार मार्च को बर्फबारी के साथ हिमस्खलन होने की संभावना जताई गई है। इस पत्र के अनुसार चमोली, रुद्रप्रयाग और उत्तरकाशी को खतरे के लेवल चार में रखा गया है। परिचालन केंद्र की ओर से तीनों जिलों में बर्फबारी वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने को कहा गया है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा का उत्तराखंड दौरा फिर स्थगित..
उत्तराखंड: भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा का शनिवार को होने वाला उत्तराखंड का दौरा एक बार फिर टल गया है। उन्हें हल्द्वानी, हरिद्वार और देहरादून में तीन बड़े राजनीतिक कार्यक्रमों में शामिल होना था। पार्टी ने उनके दौरे की तैयारी भी कर ली थी।लेकिन, नई दिल्ली में लोकसभा चुनाव की तैयारियों के चलते नड्डा की व्यस्तता बढ़ गई है। इस कारण उन्होंने अपना दौरा टाल दिया है। बताया जा रहा कि लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लागू होने से पहले नड्डा उत्तराखंड का दौरा करेंगे। पार्टी सूत्रों के अनुसार प्रदेश नेतृत्व आचार संहिता लागू होने से पूर्व पीएम मोदी की एक जनसभा करा लेना चाहते है। इसके लिए भी संगठन के स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं।
लेकिन, पीएम से पहले नड्डा के उत्तराखंड आने की संभावना थी। पहले नड्डा को 28 फरवरी को उत्तराखंड आना था। इसके बाद उनका दो मार्च को उत्तराखंड प्रवास कार्यक्रम बना। उनके दौरे की शुरुआत हल्द्वानी में दोनों लोकसभा क्षेत्रों के बूथ अध्यक्षों तक के कार्यकर्ताओं की बैठक से होनी थी। इसके बाद उन्हें हरिद्वार में चुनाव प्रबंधन समिति की बैठक में शामिल होना था। शाम के समय उन्हें देहरादून में प्रबुद्धजन सम्मेलन को संबोधित करना था। पार्टी नेतृत्व के अनुसार राष्ट्रीय अध्यक्ष अब बाद में उत्तराखंड का दौरा करेंगे।
हल्द्वानी हिंसा में शामिल पांच उपद्रवी महिलाएं गिरफ्तार..
अभी तक हो चुकी है 89 गिरफ्तारियां..
उत्तराखंड: हल्द्वानी के बनभूलपुरा में आठ फरवरी को हुई हिंसा में शामिल पांच उपद्रवी महिलाओं को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। बता दें अभी तक नैनीताल पुलिस 89 उपद्रवियों को गिरफ्तार कर चुकी है। एसएसपी प्रहलाद मीणा ने जानकारी देते हुए कहा कि बनभूलपुरा हिंसा में शामिल पांच महिला उपद्रवियों को पुलिस ने वीडियो एविडेंस के आधार पर चिन्हित कर गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही दंगे में शामिल अन्य महिलाओं भी चिन्हित किया जा रहा है।
बता दें गिरफ्तार हुई महिलाओं ने भी हल्द्वानी हिंसा वाले दिन पुलिस पर पथराव किया था। इसके साथ ही उपद्रवियों की भी मदद की थी। एसएसपी प्रहलाद मीणा का कहना हैं कि सीसीटीवी और वीडियो फुटेज के आधार पर कई टीमें काम कर रही है। आगे भी अन्य महिलाओं की गिरफ्तारी की जाएगी।
नैनी सैनी एयरपोर्ट पर 42 सीटर विमान को उतारने की मिली मंजूरी..
उत्तराखंड: सीमांत जनपद पिथौरागढ़ के नैनी सैनी एयरपोर्ट के लिए केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय द्वारा 42 सीटर विमान के संचालन की मंजूरी देने के लिए सीएम पुष्कर सिंह धामी ने पीएम नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का आभार व्यक्त किया है। बताया जा रहा है कि केंद्र सरकार ने पिथौरागढ़ के नैनीसैनी में बने एयरोड्रोम में सार्वजनिक हवाई सेवा के लिए लाइसेंस उच्चीकृत कर दिया है। अब यह टू सी श्रेणी का एयरोड्रोम होगा। सीएम का कहना हैं कि 42 सीटर विमान के संचालन से सीमांत जनपद पिथौरागढ़ में एयर कनेक्टिविटी और सुदृढ़ होगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से निरंतर रूप से राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों में हवाई सेवाएं सुदृढ़ हो रही है। इससे पर्यटकों को काफी सुविधा मिलेगी।
गौरतलब है कि उत्तराखंड में सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण पिथौरागढ़ जिले में सरकार ने वर्ष 2018 में उड़ान योजना के तहत देहरादून-पिथौरागढ़ हवाई मार्ग पर हवाई सेवा शुरू की थी। पहले यहां केवल नौ सीटर हवाई जहाज को संचालित करने की अनुमति थी। इस आधार पर सरकार ने नौ सीटर हवाई जहाज का संचालन शुरू किया। यह सेवा देहरादून से पंतनगर और पिथौरागढ़ के बीच संचालित की गई। मार्च 2020 में इसे बंद कर दिया गया।
विधानसभा समेत सभी सरकारी भवनों में परोसा जाए मंडुआ और झंगोरा- CS रतूड़ी..
उत्तराखंड: मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने मंडुआ, झंगोरा व चौलाई का उत्पादन बढ़ाने तथा सप्लाई चैन को बेहतर करने के सम्बन्ध में आज विधानसभा भवन में House of Himalayas तथा Millet Mission की बैठक ली। बैठक में सीएस ने कृषि एवं उद्यान विभाग को प्रदेश में अनुपयोगी घाटियों एवं जमीनों को चिहिन्त कर उनमें मंडुआ, झंगोरा एवं चौलाई के बड़े स्तर पर उत्पादन को बढ़ावा देने तथा क्षेत्र विस्तार की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उनका कहना हैं कि यह कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जाना है। मुख्य सचिव ने झंगोरा तथा चौलाई की MSP (न्यूनतम समर्थन मूल्य) के सम्बन्ध में प्रस्ताव बनाने के लिए Input Cost (लागत मूल्य) का अध्ययन करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव ने विधानसभा, सचिवालय, सहित GMVN, KMVN जैसे सभी सरकारी भवनों एवं संस्थानों में परोसे जाने वाले खाद्य उत्पादों में मिलेट्स मंडुआ, झंगोरा का उपयोग बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। सीएस ने महिला विकास एवं बाल कल्याण विभाग तथा स्वास्थ्य विभाग को महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य विकास के लिए मंडुआ, झंगोरा, चौलाई जैसे स्थानीय मिलेट्स को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इस कार्य में एएनएम, आशा वर्कर्स तथा आंगनबाड़ी की भूमिका महत्वपूर्ण होगी।
इस दिन होगी धामी कैबिनेट की बड़ी बैठक..
उत्तराखंड: धामी कैबिनेट की बैठक चार मार्च को होगी। कैबिनेट की बैठक राज्य सचिवालय के विश्वकर्मा भवन में स्थित वीर चन्द्रसिंह गढ़वाली ’सभागार’ (पंचम तल) देहरादून में होगी।धामी कैबिनेट की बैठक चार मार्च यानी सोमवार को होनी है। बैठक सीएम धामी की अध्यक्षता में 10:30 बजे राज्य सचिवालय के विश्वकर्मा भवन में स्थित वीर चन्द्रसिंह गढ़वाली ’सभागार’ देहरादून में होगी। धामी कैबिनेट की बैठक में कई अहम मुद्दों पर चर्चा होनी है।
परिवहन निगम चलाएगा दून-हरिद्वार में बसें, एसपीवी ही संभालेगी संचालन की जिम्मेदारी..
उत्तराखंड: देहरादून और हरिद्वार शहरों के भीतर अब परिवहन निगम ही बसों का संचालन करेगा। इसके लिए स्पेशल परपज व्हीकल (एसपीवी) कंपनी देहरादून सिटी ट्रांसपोर्ट लिमिटेड बनाई जाएगी। आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार यह कंपनी मुख्य रूप से पीएम ई-बस सेवा के अंतर्गत देहरादून शहर में 100 बसें और हरिद्वार में 50 बसें संचालित करेगी, जिसका ड्राफ्ट तैयार हो चुका है। देहरादून शहर में 50 सीएनजी बसें चलाने का भी प्रस्ताव है। परिवहन निगम के अधीन एसपीवी बनाकर बसें संचालित करने का प्रारूप तैयार किया गया है।
परिवहन निगम लगातार दो साल से लाभ में चल रहा है। निगम का मुनाफा 2022-23 में 1655.92 करोड़ था। दिसंबर 2023 तक 2934.41 करोड़ का मुनाफा रिकॉर्ड किया गया। निगम की 1309 बसों में से 553 बसें पर्वतीय और 756 मैदानी क्षेत्रों में संचालित हो रही हैं। इनमें से 153 सीएनजी बसों सहित 1242 साधारण बसें, 17 एसी बसें और 50 वॉल्वों शामिल हैं। निगम ने अपनी व्यवस्थाओं में भी सुधार किया है। इसके लिए एचआरएमएस सिस्टम लागू किया गया। दुर्घटना रोकने को हमसफर एप, कार्यशाला की इन्वेंटरी प्रबंधन के लिए एप, बसों में जीपीएस, 1500 एंड्रायड युक्त ई-टिकट मशीनें, ऑनलाइन बुकिंग, ई-ऑफिस आदि शामिल हैं। दूसरी ओर परिवहन विभाग राजस्व प्राप्ति के लक्ष्य हासिल करने में सुस्त नजर आया है। इस वित्तीय वर्ष में दिसंबर 2023 तक 1475 करोड़ के लक्ष्य के सापेक्ष 952.65 करोड़ की ही प्राप्ति हो पाई है। हालांकि 2022 में विभाग ने 1155 करोड़ के सापेक्ष 1158.37 करोड़ राजस्व प्राप्ति की थी।
उत्तराखंड में साइबर हमलों से निपटने के लिए जारी की जाएगी SOP, बनेगी सीईआरटी-यूटीके वेबसाइट..
उत्तराखंड: प्रदेश में साइबर हमलों से निपटने के लिए एसओपी जारी की जाएगी। पांच करोड़ तक के साइबर मामलों का राज्य में ही निस्तारण होगा। वहीं, गांवों तक भी साइबर जागरुकता के लिए कॉमन सर्विस सेंटरों की मदद ली जाएगी। आर्थिक सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार राज्य के आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर की साइबर सुरक्षा के लिए साइबर क्राइसिस मैनेजमेंट प्लान और क्रिटिकल इंफॉर्मेशन इंफ्रास्ट्रक्चर गाइडलाइंस को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। राज्य में साइबर हमलों से निपटने के लिए सेक्टोरल सेर्ट और सेर्ट यूटीके का गठन किया गया है।
साइबर हमलों से निपटने के लिए केंद्रीय आईटी मंत्रालय के निर्देशों के तहत निर्णायक प्राधिकरण कार्यालय का गठन किया गया है। इसमें पांच करोड़ तक के साइबर मामलों का निपटान होगा। साइबर हमलों से निपटने के लिए इंसीडेंट रिस्पांस मैकेनिज्म और एप्लीकेशन सिक्योरिटी एंड ऑडिट से संबंधित एसओपी जारी की जाएगी।राज्य की साइबर सुरक्षा संबंधी मामलों के लिए सीईआरटी-यूटीके की वेबसाइट बनाई जाएगी। वहीं, साइबर सुरक्षा को लेकर साइबर सिक्योरिटी सेंटर फॉर एक्सीलेंस बनाने का काम गतिमान है। गांव-गांव तक साइबर सुरक्षा को पहुंचाने के लिए सीएससी से एमओयू किए जा रहे हैं।
